ज्यादा दूध देने वाले पशु बाहर से स्वस्थ दिख सकते हैं, लेकिन खनिजों की कमी अंदर ही अंदर बीमारी पैदा कर सकती है.

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हाइपोमैग्नीसिमिया एक गंभीर समस्या है, जो अचानक पशु के व्यवहार और सेहत को बिगाड़ देती है.

यह बीमारी शरीर में मैग्निशियम की कमी से होती है. मैग्निशियम नसों और मांसपेशियों के लिए जरूरी है.

ज्यादा दूध देने वाली गाय-भैंस में यह खतरा अधिक रहता है, क्योंकि दूध के साथ खनिज तेजी से निकलते हैं. 

शुरुआत में सिर झटकना, घबराहट, चौंकना या बार-बार पेशाब जैसे हल्के लक्षण दिखते हैं. 

इलाज में देरी होने पर पशु दौड़ने लगता है, पैर पटकता है या गिर भी सकता है. यह जानलेवा स्थिति बन सकती है.

वसंत और बरसात की शुरुआत में यह समस्या ज्यादा होती है, क्योंकि हरे चारे में मैग्निशियम कम होता है.

जोखिम वाले पशुओं को रोज करीब 50 ग्राम मैग्निशियम ऑक्साइड देना फायदेमंद है.

सिर्फ हरे चारे पर निर्भर न रहें. सूखा चारा और खनिज मिश्रण जरूर दें, इससे शरीर मजबूत रहता है.

लक्षण दिखते ही पशु चिकित्सक से संपर्क करें. समय पर इलाज से पशु पूरी तरह ठीक हो सकता है.

Disclaimer: इस खबर में दी गई जानकारी केवल सामान्य ज्ञान पर आधारित है.

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