यूपी में खरीफ बुवाई 95 फीसदी पूरी हुई, किसानों को खाद देने में आनाकानी पर तुरंत कार्रवाई के निर्देश

यूपी के कृषि मंत्री ने कहा कि सरकार खरीफ सीजन के दौरान किसानों को समय पर बीज, उर्वरक और सिंचाई की समुचित सुविधाएं उपलब्ध करा रही है. उन्होंने बताया कि सरकार की प्रभावी तैयारियों और योजनाओं के चलते प्रदेश में खरीफ फसलों की बुवाई निर्धारित लक्ष्य के अनुरूप तेजी से आगे बढ़ रही है.

नोएडा | Updated On: 29 Jul, 2026 | 04:34 PM

उत्तर प्रदेश के कृषि मंत्री सूर्य प्रताप शाही ने कहा कि राज्य में खरीफ फसलों की बुवाई 95 फीसदी पूरी हो गई है. सूखा प्रभावित इलाकों में धान की खेती की बजाय किसानों ने मोटे अनाज और कम पानी लागत वाली फसलों को बोया है. कृषि मंत्री ने कहा कि किसानों के लिए जरूरत की खाद पर्याप्त मात्रा में उपलब्ध है. उन्होंने चेतावनी देते हुए कहा कि किसानों को खाद देने में आनाकानी करने, कालाबाजारी में लिप्त पाए जाने वाले और मूल्य से ज्यादा दाम लेने वालों पर त्वरित कार्रवाई होगी. उन्होंने अधिकारियों को छापेमारी अभियान तेज करने के निर्देश दिए हैं.

उत्तर प्रदेश के कृषि मंत्री सूर्य प्रताप शाही खरीफ बुवाई प्रगति की समीक्षा के बाद प्रेस कॉन्फ्रेंस में कहा कि खरीफ सीजन के दौरान किसानों को समय पर बीज, उर्वरक और सिंचाई सुविधाएं दी जा रही हैं. सरकार की प्रभावी तैयारियों और योजनाओं के चलते खरीफ फसलों की बुवाई लक्ष्य के हिसाब तेजी से आगे बढ़ रही है.

95 फीसदी खरीफ बुवाई पूरी हुई

कृषि मंत्री के अनुसार वर्ष 2026 में खरीफ फसलों के लिए लगभग 107 लाख हेक्टेयर क्षेत्रफल का लक्ष्य निर्धारित किया गया था, जिसके सापेक्ष अब तक लगभग 95 फीसदी क्षेत्र में बुवाई का कार्य पूरा हो चुका है. उन्होंने बताया कि किसानों को 50 फीसदी अनुदान पर 1,73,641 क्विंटल प्रमाणित बीज उपलब्ध कराया गया है. इसके अतिरिक्त दलहन, तिलहन, बाजरा और सावा जैसी फसलों के 16,449 क्विंटल मुफ्त मिनीकिट भी वितरित किए गए हैं.

तोरिया बीज और कृषि यंत्रों पर अफडेट दिया

कृषि मंत्री ने कहा कि योगी सरकार किसानों को प्राथमिकता दे रही है. तोरिया बीज मिनीकिट योजना के अंतर्गत 1,000 क्विंटल तोरिया बीज उपलब्ध कराया जाएगा. इसमें 600 क्विंटल मुफ्त मिनीकिट के रूप में तथा 400 क्विंटल अनुदान पर किसानों को वितरित किया जाएगा.

उन्होंने बताया कि कृषि यंत्रीकरण को बढ़ावा देने के उद्देश्य से कृषि यंत्रों की ऑनलाइन बुकिंग प्रक्रिया शुरू कर दी गई है. इसके साथ ही किसानों को फार्म मशीन बैंक, कस्टम हायरिंग सेंटर तथा विभिन्न कृषि यंत्रों पर 40 प्रतिशत से 80 प्रतिशत तक अनुदान प्रदान किया जा रहा है.

57 लाख टन खाद में आधा स्टॉक मौजूद

कृषि मंत्री ने बताया कि 1 अप्रैल से 28 जुलाई 2026 के बीच प्रदेश को 57.70 लाख मीट्रिक टन उर्वरक मिला है. इसमें से 28.88 लाख मीट्रिक टन किसानों को वितरित किया जा चुका है, जबकि 28.82 लाख मीट्रिक टन उर्वरक अभी भी उपलब्ध है. उन्होंने कहा कि पहले जहां लगभग 1,500 सहकारी समितियां उर्वरक बिक्री करती थीं, वहीं अब लगभग 7,000 साधन सहकारी समितियों से किसानों तक उर्वरक पहुंचाया जा रहा है.

किसानों को खाद देने में गड़बड़ी करने वालों पर कार्रवाई के निर्देश

पिछले एक सप्ताह के दौरान प्रतिदिन रिकॉर्ड स्तर पर उर्वरकों की बिक्री दर्ज की गई है. कई दिनों में प्रतिदिन 50 हजार से 65 हजार मीट्रिक टन तक यूरिया का वितरण किया गया, जो किसानों की बढ़ती मांग और सरकार की आपूर्ति व्यवस्था की सफलता को दर्शाता है. कृषि मंत्री ने कहा कि किसानों को खाद आपूर्ति में आनाकानी करने वाले विक्रेताओं पर तुरंत कार्रवाई की जाए और अधिकारी जांच अभियान तेज करें.

Published: 29 Jul, 2026 | 04:19 PM

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