ज्ञान का सम्मान क्विज

किस फसल को अनाजों का राजा कहा जाता है?

9319947093
जवाब इस नंबर पर करें Whatsapp

सवाल का दीजिए सही जवाब और जीतिए ₹1000 का इनाम! 🏆
Fish Production: 95 लाख टन से 197 लाख टन तक पहुंचा उत्पादन, मछुआरों की बदली किस्मत

Fish Production: 95 लाख टन से 197 लाख टन तक पहुंचा उत्पादन, मछुआरों की बदली किस्मत

मत्स्यपालन विभाग के अनुसार पिछले दस वर्षों में भारत का मछली उत्पादन 95.79 लाख टन से बढ़कर 197.75 लाख टन हो गया है. सरकारी योजनाओं, बेहतर बुनियादी ढांचे और मजबूत बाजार व्यवस्था से इस क्षेत्र में तेजी आई है. इससे लाखों लोगों को रोजगार मिला और ग्रामीण अर्थव्यवस्था मजबूत हुई है.

Today Top News List: गेहूं बिक्री के लिए 86 हजार किसानों ने कराया पंजीयन, किसान की मौत मामला ओडिशा विधानसभा में गूंजा, दिनभर की बड़ी खबरें पढ़ें

Agriculture News in Hindi: मौसम विभाग ने 10 और 11 मार्च को राजस्थान के कुछ हिस्सों में हीटवेव चलने की संभावना जताई है. खासतौर पर पश्चिमी राजस्थान के कुछ भागों में हीटवेव की आशंका है. अगले दो तीन दिनों में तापमान में 2-3 डिग्री सेल्स्यिस की बढ़ोतरी हो सकती है. मौसम केन्द्र जयपुर के निदेशक राधेश्याम शर्मा ने बताया कि कई जिलों में सूरज की तपिश बढ़ गई है और गर्म हवाएं भी चलने लगी हैं. साथ ही पारा 39 डिग्री के करीब पहुंच गया है. बाड़मेर, बीकानेर, श्रीगंगानगर और जोधपुर में झुलसाने वाली गर्मी का असर देखने को मिल रहा है. आज दिनभर की कृषि समाचार (Krashi Samachar) अपडेट्स आपको यहां मिलेंगे.

सूखे इलाकों के किसानों के लिए वरदान है स्प्रिंकलर सिस्टम, जानिए इसके जबरदस्त फायदे

सूखे इलाकों के किसानों के लिए वरदान है स्प्रिंकलर सिस्टम, जानिए इसके जबरदस्त फायदे

पहले यह तकनीक केवल घरों के लॉन और बगीचों में पौधों को पानी देने के लिए इस्तेमाल की जाती थी, लेकिन अब यह खेती में भी तेजी से लोकप्रिय हो रही है. आज देश के कई राज्यों में किसान इस आधुनिक सिंचाई प्रणाली को अपनाकर पानी की बचत के साथ अच्छी पैदावार हासिल कर रहे हैं.

ढुलाई और खेती दोनों में दमदार, 35–50 HP के ये ट्रैक्टर किसानों की पहली पसंद
ट्रैक्टर को लंबे समय तक बेहतर रखने के लिए जरूरी है रोजाना जांच, जानें आसान मेंटेनेंस टिप्स
पराली खत्म करने वाले यंत्र पर 40 फीसदी छूट दे रही सरकार, एक सीजन में होगी एक लाख रुपये कमाई  
Stone Picker Machine: खेत में पड़े पत्थर बन रहे नुकसान की वजह, स्टोन पिकर मशीन दिलाएगी कंक्रीट से छुटकारा
Natural Fertilizer: सिर्फ गोबर ही नहीं, भेड़-बकरी और मुर्गी के मल से भी बनेगी ताकतवर खाद

Natural Fertilizer: सिर्फ गोबर ही नहीं, भेड़-बकरी और मुर्गी के मल से भी बनेगी ताकतवर खाद

अब किसान सिर्फ गोबर ही नहीं बल्कि भेड़-बकरी और मुर्गी के मल से भी मजबूत जैविक खाद तैयार कर रहे हैं. यह खाद मिट्टी की उर्वरता बढ़ाने, उत्पादन सुधारने और खेती की लागत घटाने में मदद करती है. सही तरीके से तैयार करने पर इसका असर जल्दी दिखाई देता है.

Papaya Farming: सही किस्म और सही तरीका अपनाया तो पपीता खेती से हर सीजन में मोटा मुनाफा
महाराष्ट्र में हापुस आम पर मौसम की मार, 85 फीसदी तक उत्पादन घटने की आशंका… किसानों ने मांगा मुआवजा
कपास की BG किस्मों को अपनाने पर छिड़ी रार, किस्में फेल हुईं तब भी सरकार बिक्री मूल्य क्यों तय कर रही?  
20 फीसदी कम पानी में तैयार होंगी ये फसलें, सूखा प्रभावित क्षेत्रों के किसानों के लिए बड़ा मौका
दुधारू गाय-भैंस खरीदने से पहले देखें दांत.. थन और आंखों की पहचान, सही पशु चुनकर बढ़ाएं दूध उत्पादन और मुनाफा

दुधारू गाय-भैंस खरीदने से पहले देखें दांत.. थन और आंखों की पहचान, सही पशु चुनकर बढ़ाएं दूध उत्पादन और मुनाफा

दुधारू गाय-भैंस खरीदते समय सही पहचान बहुत जरूरी है. केवल दिखावे या कम कीमत देखकर पशु खरीदना नुकसान दे सकता है. दांत, थन, आंख और शरीर देखकर अच्छा पशु चुना जा सकता है. सही पशु ज्यादा दूध देता है और कम बीमार पड़ता है, जिससे डेयरी का काम मुनाफे वाला बन सकता है.