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Vegetable Price Hike: सब्जियों के साथ-साथ फल भी हुए महंगे, 200 रुपये परवल तो 320 रुपये किलो हुआ सेब
रांची में पिछले सप्ताह फल और सब्जियों की कीमतों में तेजी आई है. सेब, अंगूर और अनार महंगे हुए हैं, जबकि भिंडी, करेला, कटहल और परवल जैसी सब्जियों के दाम भी बढ़ गए हैं. ग्राहकों को सस्ती सब्जियों जैसे फूलगोभी और मटर पर ज्यादा निर्भर रहना पड़ रहा है.
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गेहूं किसानों को 2512 करोड़ रुपये का भुगतान, फसल खरीद में तेजी.. अब नए गेहूं पर बढ़कर मिलेगा भाव
Wheat Purchase: उत्तर प्रदेश के वित्तमंत्री सुरेश खन्ना ने कहा कि उत्तर प्रदेश गेहूं उत्पादन के साथ कृषि उत्पादन में देश में नंबर वन है. उन्होंने कहा कि रबी मार्केटिंग सीजन 2025-26 में 10.27 लाख मीट्रिक टन गेहूं की खरीद कर किसानों को 2,512 करोड़ रुपये का भुगतान किया गया. अब नए सीजन की तैयारियां शुरू की जा रही हैं.
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Mandi Bhav: आलू के रेट में भारी गिरावट, 200 रुपये क्विंटल भाव.. लागत भी नहीं निकाल पा रहे किसान
हरियाणा के यमुनानगर में आलू किसानों को मंडियों में केवल 200-400 रुपये प्रति क्विंटल दाम मिलने से भारी नुकसान हो रहा है, जबकि खुदरा बाजार में आलू 1,000-1,200 रुपये में बिक रहा है. किसान कोल्ड स्टोरेज और परिवहन सब्सिडी की मांग कर रहे हैं, अन्यथा खेती छोड़ने पर मजबूर हो सकते हैं.
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Mandi Bhav: कोलकाता में सब्जियां हुईं सस्ती, 15 रुपये किलो आलू.. जानें गाजर, पत्ता गोभी का रेट
कोलकाता में हरी सब्जियों के दाम 25-30 रुपये प्रति किलो तक गिर गए हैं. आलू 15 रुपये और प्याज 30 रुपये प्रति किलो बिक रहे हैं. स्थानीय सब्जियों की बढ़ी आपूर्ति और त्योहारी मौसम खत्म होने से कीमतों में राहत मिली है. हरी मटर, टमाटर और बैंगन भी रिकॉर्ड कम दाम में मिल रहे हैं.
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सब्जी किसानों को हो रहा नुकसान, घाटे में उपज बेचने का मजबूर हुए अन्नदाता.. ये है वजह
कांगड़ा के किसानों को पंजाब से आने वाली सब्जियों के कारण कम दाम पर अपनी फसल बेचनी पड़ रही है. बाहरी व्यापारी सीधे उपभोक्ताओं को बेचकर स्थानीय मंडियों और राज्य राजस्व को नुकसान पहुंचा रहे हैं. आढ़तियों और किसानों ने प्रशासन से तुरंत कार्रवाई की मांग की है.
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गेहूं का भाव 160 रुपये बढ़ा.. 3 हजार से ज्यादा केंद्रों पर खरीद, किसानों के लिए हेल्पलाइन जारी
Wheat Procurement: खाद्य एवं नागरिक आपूर्ति मंत्री गोविंद सिंह राजपूत ने कहा कि गेहूं खरीद के लिए किसानों की खातिर पंजीयन की व्यवस्था को सरल बनाया गया है. किसान अपने मोबाइल से घर बैठे पंजीयन कर सकेंगे. राज्य सरकार ने गेहूं खरीद के लिए पूरे प्रदेश में 3186 पंजीयन केन्द्र बनाये हैं.








