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पेट्रोल-डीजल महंगा होने की टेंशन नहीं, बिजली से चलते हैं ये 5 इलेक्ट्रिक ट्रैक्टर.. घटा रहे खेती का खर्च
Electric Tractors: पेट्रोल और डीजल के दाम बढ़ने के बाद खेती की लागत में लगातार इजाफा हो रहा है. इससे किसानों पर आर्थिक दबाव बढ़ गया है. अब किसान कम खर्च और ज्यादा लाभ के लिए इलेक्ट्रिक ट्रैक्टर की ओर बढ़ रहे हैं. यह तकनीक खेती को सस्ता, आसान और पर्यावरण के अनुकूल बना रही है.
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ITC का ‘क्रॉप डॉक्टर’ बना किसानों का नया साथी, 70 फसलों की बीमारी का देगा तुरंत इलाज
“क्रॉप डॉक्टर” AI और मशीन लर्निंग तकनीक पर आधारित है. किसान अपनी फसल की फोटो मोबाइल से खींचकर इस प्लेटफॉर्म पर अपलोड करते हैं. इसके बाद सिस्टम तुरंत यह पहचान लेता है कि फसल में कौन-सी बीमारी है या किस तरह का कीट हमला हुआ है. बीमारी पहचानने के साथ ही किसानों को उसका इलाज भी बताया जाता है.
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अब किसान नहीं होंगे परेशान, GPS तकनीक से कम लागत में बढ़ेगी पैदावार, जानें कैसे
GPS तकनीक की मदद से किसान अपने ट्रैक्टर और खेती की मशीनों पर भी नजर रख सकते हैं. कौन-सी मशीन कहां काम कर रही है, कितने समय से चल रही है और कब सर्विस की जरूरत है, यह जानकारी आसानी से मिल जाती है. इससे मशीन खराब होने से पहले ही उसकी मरम्मत कराई जा सकती है.
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शिवराज सिंह चौहान ने लॉन्च किया SEHAT ऐप, अब खेती के साथ मिलेगा सेहत का जबरदस्त कनेक्शन
केंद्र सरकार ने कृषि और स्वास्थ्य को जोड़ते हुए नया SEHAT मिशन शुरू किया है. इस पहल के तहत वैज्ञानिक और डॉक्टर मिलकर बेहतर पोषण और स्वास्थ्य सुधार पर काम करेंगे. सरकार का मानना है कि इससे किसानों की आय बढ़ाने, पौष्टिक फसलों को बढ़ावा देने और लोगों की सेहत बेहतर बनाने में मदद मिलेगी.
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तारबंदी योजना के नियमों में बदलाव की घोषणा, छोटे किसानों के लिए पात्रता मानकों में ढील दी गई
Tarbandi Yojana: राजस्थान सरकार ने तारबंदी योजना में बड़ा बदलाव करते हुए छोटे और सीमांत किसानों को बड़ी राहत दी है. अब कम जमीन वाले किसान भी योजना का लाभ लेकर अपनी फसलों को आवारा पशुओं से सुरक्षित कर सकेंगे. सरकार की इस पहल से खेती की सुरक्षा बढ़ने और किसानों की आय में सुधार की उम्मीद जताई जा रही है.
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बनास डेयरी हाईटेक तकनीक से तैयार कराएगी आलू के उन्नत बीज, 4 हजार मीट्रिक टन का टारगेट
Potato Seed Project: बनास डेयरी ने आधुनिक वैज्ञानिक तकनीक के जरिए बेहतर गुणवत्ता वाले आलू बीज तैयार करने की नई पहल शुरू की है. इस योजना का उद्देश्य किसानों को रोगमुक्त और ज्यादा उत्पादन देने वाले बीज उपलब्ध कराना है. इससे खेती की लागत कम होगी, पैदावार बढ़ेगी और किसानों की आय में सुधार होने की उम्मीद जताई जा रही है.








