बाढ़ पीड़ितों के लिए राहत पैकेज की घोषणा, 7 हजार से 1 लाख रुपये तक की मदद देगी गुजरात सरकार
मुख्यमंत्री भूपेंद्र पटेल की अध्यक्षता में हुई मंत्रिमंडल की बैठक में यह निर्णय लिया गया कि बारिश और बाढ़ से प्रभावित लोगों की मदद की जाए और इसीलिए पुनर्वास वित्तीय सहायता पैकेज की घोषणा की गई है. छोटे कारोबारियों के नुकसान की भरपाई, मकानों की मरम्मत के लिए मदद राशि तय की गई है.
मॉनसूनी बारिश के चलते बाढ़ के हालातों में सूरत और गांधीनगर जिलों के कई हिस्सों में तबाही मचाई है. यहां के पीड़ितों की मदद के लिए गुजरात सरकार ने बाढ़ राहत पैकेज की घोषणा की है. उप मुख्यमंत्री हर्ष संघवी ने कहा कि हाथगाड़ी, रेहड़ी और ठेलागाड़ी से सामान बेचकर गुजारा करने वाले पीड़ितों और क्षतिग्रस्त मकानों, दुकानों के लिए अलग-अलग राहत राशि तय की गई है. पीड़ितों को यह राशि 7 हजार रुपये से 1 लाख रुपये तक मिलेगी. वहीं, सहकारी समितियों से लोन लेकर कारोबार करने वालों को 30 लाख रुपये तक लोन पर ब्याज सब्सिडी दी जाएगी.
कैबिनेट ने पुनर्वास वित्तीय सहायता पैकेज पर मुहर लगाई
मुख्यमंत्री भूपेंद्र पटेल की अध्यक्षता में हुई मंत्रिमंडल की बैठक में यह निर्णय लिया गया कि बारिश और बाढ़ से प्रभावित लोगों की मदद की जाए और इसीलिए पुनर्वास वित्तीय सहायता पैकेज की घोषणा की गई है. गुजरात सरकार ने 6 और 7 जुलाई को सूरत में भारी बारिश के कारण उत्पन्न बाढ़ जैसी स्थिति से प्रभावित व्यापारियों और कारोबारी प्रतिष्ठानों के लिए बुधवार को 550 करोड़ रुपये का पुनर्वास पैकेज घोषित किया है.
पीड़ितों को आर्थिक चोट से उबारने की कोशिश
गुजरात के डिप्टी सीएम हर्ष संघवी ने गांधीनगर में कहा कि सूरत में हाल ही में हुई भारी बारिश से प्रभावित लोगों और व्यवसायों के लिए गुजरात सरकार के व्यापक राहत पैकेज के बारे में जानकारी दी. इस पैकेज में आर्थिक मदद, बिजनेस लोन पर ब्याज सब्सिडी, बाढ़ से प्रभावित प्रॉपर्टीज के लिए म्युनिसिपल टैक्स में राहत और लंबे समय के लिए फिर से विकास के उपाय शामिल हैं. उन्होंने लोगों की आजीविका बहाल करने, प्रभावित परिवारों और व्यापारियों की मदद करने और शहर में बाढ़ से निपटने के इंफ्रास्ट्रक्चर को मजबूत करने के लिए स्थायी समाधान लागू करने के प्रति सरकार की प्रतिबद्धता दोहराई.
छोटे-बड़े कारोबारियों के नकद मदद राशि का ऐलान
उप मुख्यमंत्री हर्ष संघवी ने बताया कि हाथगाड़ी और ठेला मालिकों, छोटे और बड़े घर मालिकों को एकमुश्त नकद सहायता दी जाएगी. हाथगाड़ी मालिकों को 7500 रुपये, 40 वर्ग फुट तक के छोटे और बड़े घर मालिकों को 25 हजार और 50 हजार रुपये मिलेंगे. नवीनतम तिमाही जीएसटी रिटर्न दाखिल करने वाले दुकानदारों को 1 लाख रुपये की एकमुश्त सहायता दी जाएगी. सरकार ने सूरत शहर के प्रभावित आवासीय और वाणिज्यिक क्षेत्रों के लिए एक वर्ष के लिए कर माफ करने का भी निर्णय लिया है.
30 लाख के लोन लोन पर ब्याज सब्सिडी मिलेगी
कारोबारियों को अपना व्यवसाय फिर से शुरू करने के लिए सहकारी समिति, सहकारी बैंक, निजी बैंक से 30 लाख तक के लोन पर 3 साल के लिए 7 फीसदी की ब्याज सब्सिडी दी जाएगी. वहीं, बाढ़ प्रभावित रिहायशी और कमर्शियल इलाकों में एक साल का प्रॉपर्टी टैक्स (संपत्ति कर) माफ कर दिया गया है. इसके साथ ही घरेलू सामान के नुकसान की भरपाई के लिए प्रभावित परिवारों को 6,800 रुपये की नकद सहायता राशि दी जा रही है.