1.80 लाख किसानों का कर्ज माफ होगा, सरकार इस योजना के तहत भरेगी 1632.12 करोड़ रुपये
महाराष्ट्र के छत्रपति संभाजीनगर जिले में 1.80 लाख से अधिक किसानों को 1,632 करोड़ रुपये की कर्जमाफी का लाभ मिलेगा. पुण्यश्लोक अहिल्यादेवी होलकर शेतकरी कर्जमुक्ति योजना 2026 के तहत पात्र किसानों के 2 लाख रुपये तक के फसल ऋण और ब्याज को माफ किया जाएगा. योजना में सहकारी और राष्ट्रीयकृत बैंकों के किसान शामिल हैं.
Loan waiver: महाराष्ट्र के मराठवाड़ा क्षेत्र के छत्रपति संभाजीनगर जिले के 1.80 लाख से अधिक किसानों को कर्ज माफी योजना का लाभ मिलेगा. अधिकारियों के अनुसार, इन किसानों को कुल 1,632.12 करोड़ रुपये की कर्ज राहत दी जाएगी. राज्य सरकार ने हाल ही में पुण्यश्लोक अहिल्यादेवी होलकर शेतकरी कर्जमुक्ति योजना 2026 शुरू की है. इस योजना के तहत उन किसानों को लाभ मिलेगा जिन्होंने जिले में राष्ट्रीयकृत बैंकों और सहकारी बैंकों से फसल ऋण लिया है और योजना की पात्रता शर्तों को पूरा करते हैं.
न्यूज एजेंसी पीटीआई की रिपोर्ट के मुताबिक, जिला लीड बैंक प्रबंधक प्रेषित मोघे ने कहा कि पात्र किसानों के खातों का विवरण सरकार के पोर्टल पर अपलोड कर दिया गया है. अब पात्र किसानों को योजना के तहत कर्ज माफी का लाभ दिया जाएगा. महाराष्ट्र सरकार की कर्जमाफी योजना के तहत छत्रपति संभाजीनगर जिले के 1.80 लाख से अधिक किसान पात्र पाए गए हैं. हालांकि, इनमें से 712 किसानों के ऋण खातों को अभी तक आधार से लिंक नहीं किया गया है. अधिकारियों ने ऐसे किसानों से जल्द से जल्द अपने संबंधित बैंक से संपर्क कर आधार लिंकिंग की प्रक्रिया पूरी करने की अपील की है.
बैंक ऑफ महाराष्ट्र में 26,702 पात्र खाते हैं
जिला लीड बैंक द्वारा जारी आंकड़ों के अनुसार, सबसे अधिक 56,013 पात्र खाते जिला केंद्रीय सहकारी बैंक (DCCB) में हैं. इसके बाद महाराष्ट्र ग्रामीण बैंक में 35,676, भारतीय स्टेट बैंक (SBI) में 31,515 और बैंक ऑफ महाराष्ट्र में 26,702 पात्र खाते हैं. कर्जमाफी राशि के लिहाज से एसबीआई के किसानों को सबसे अधिक 415.08 करोड़ रुपये की राहत मिलेगी. इसके बाद महाराष्ट्र ग्रामीण बैंक के खाताधारकों को 391 करोड़ रुपये, बैंक ऑफ महाराष्ट्र के किसानों को 256.02 करोड़ रुपये और जिला केंद्रीय सहकारी बैंक के किसानों को 212 करोड़ रुपये की कर्जमाफी का लाभ मिलेगा. इसके अलावा, आठ अन्य राष्ट्रीयकृत बैंकों के पात्र किसान भी इस योजना का लाभ उठा सकेंगे.
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31 मार्च 2025 के बीच अल्पकालिक फसल ऋण लिया
अधिकारियों के अनुसार, इस योजना का लाभ उन किसानों को मिलेगा जिन्होंने 1 अप्रैल 2019 से 31 मार्च 2025 के बीच अल्पकालिक फसल ऋण लिया था. साथ ही, जिन किसानों का कर्ज 30 सितंबर 2025 तक बकाया था और जिन्होंने 31 मार्च 2026 तक उसका भुगतान नहीं किया, वे कर्जमाफी के पात्र होंगे. योजना के तहत सरकार प्रत्येक पात्र किसान के 2 लाख रुपये तक के बकाया ऋण और उस पर लगने वाले ब्याज को माफ करेगी. इसके अलावा, जिन किसानों के अल्पकालिक फसल ऋण को पुनर्गठित (रीस्ट्रक्चर) कर मध्यम अवधि के ऋण में बदला गया था, वे भी योजना का लाभ ले सकेंगे, बशर्ते उनकी किस्तें 30 सितंबर 2025 तक बकाया रही हों.
कर्जमुक्ति योजना 2019 के तहत सहायता मिल चुकी है
अधिकारियों ने बताया कि जिन किसानों को पहले महात्मा ज्योतिराव फुले शेतकरी कर्जमुक्ति योजना 2019 के तहत सहायता मिल चुकी है, उन्हें नई योजना में अधिकतम 50,000 रुपये तक की अतिरिक्त कर्जमाफी का लाभ दिया जाएगा. अधिकारियों ने बताया कि जिन किसानों का बकाया ऋण 2 लाख रुपये से अधिक है, उन्हें भी योजना का लाभ मिलेगा. ऐसे मामलों में किसान को पहले 2 लाख रुपये से अधिक की शेष राशि संबंधित बैंक में जमा करनी होगी. इसके बाद राज्य सरकार वन-टाइम सेटलमेंट (OTS) के तहत अपनी ओर से अधिकतम 2 लाख रुपये तक की कर्जमाफी राशि जारी करेगी. इससे बड़े बकाया ऋण वाले किसानों को भी राहत मिलने की उम्मीद है.