भारत के आम का निर्यात 45 देशों तक पहुंचा, US में इस सीजन 30 फीसदी से ज्यादा बढ़ोतरी की संभावना
Indian Mangoes: भारत के आम अब दुनिया के 45 से ज्यादा देशों में भेजे जा रहे हैं. इस सीजन अमेरिका को होने वाले आम के निर्यात में 30 फीसदी से ज्यादा बढ़ोतरी की उम्मीद है. APEDA के अनुसार, भारतीय आम की मांग विदेशों में तेजी से बढ़ रही है और इसका एक्सपोर्ट लगातार मजबूत हो रहा है.
Mango Export India: भारत के आम इस सीजन में दुनिया भर में अपनी मिठास का नया रिकॉर्ड बना रहे हैं. इस साल भारतीय आम का निर्यात 45 से ज्यादा देशों तक पहुंच चुका है. खास बात यह है कि, अमेरिका को भेजे गए आमों की मात्रा पिछले साल के पूरे सीजन के आंकड़े को भी पार कर गई है, जबकि सीजन अभी खत्म भी नहीं हुआ है. APEDA के चेयरमैन अभिषेक देव के अनुसार, इस तेजी से बढ़ते निर्यात से साफ है कि भारतीय आम की मांग अंतरराष्ट्रीय बाजार में लगातार मजबूत हो रही है.
अमेरिका में भारतीय आम की जबरदस्त डिमांड
दुनिया के सबसे बड़े आम आयातक देश अमेरिका में भारतीय आम की मांग इस साल तेजी से बढ़ी है. ANI को दिए गए इंटरव्यू में APEDA के चेयरमैन अभिषेक देव ने बताया कि, मौजूदा रुझानों को देखते हुए अनुमान लगाया जा रहा है कि, इस सीजन में अमेरिका को होने वाला निर्यात पिछले साल की तुलना में 30 फीसदी से भी ज्यादा बढ़ सकता है. अमेरिका के कई बड़े शहरों जैसे सिएटल, लॉस एंजिलिस, वॉशिंगटन, न्यूयॉर्क और अटलांटा में भारतीय आम के लिए खास प्रमोशन कैंपेन भी चलाए गए हैं, जिससे इसकी लोकप्रियता और बढ़ी है.
20 देशों में प्रमोशन, भारत की नई रणनीति
भारत ने सिर्फ अमेरिका ही नहीं, बल्कि लगभग 20 देशों में भारतीय आम को बढ़ावा देने के लिए खास कार्यक्रम आयोजित किए हैं. इनमें चेक गणराज्य, मलेशिया, स्पेन, यूएई और ओमान जैसे देश शामिल हैं. इस वैश्विक अभियान का मकसद भारतीय आम को प्रीमियम ब्रांड के रूप में स्थापित करना और नए बाजारों तक इसकी पहुंच बढ़ाना है.
दो साल में दोगुना हो सकता है निर्यात
APEDA के मुताबिक, अगर यही रफ्तार बनी रहती है तो अगले 1-2 साल में भारत का कुल आम निर्यात दोगुना हो सकता है. इसे भारतीय कृषि निर्यात के लिए एक बड़ा मौका माना जा रहा है. पिछले वित्तीय वर्ष में भारत का कृषि और प्रोसेस्ड फूड का निर्यात करीब 53 अरब डॉलर तक पहुंच गया, जिससे भारत दुनिया के टॉप 10 कृषि निर्यातक देशों में शामिल है.
आज भारत सिर्फ कुछ ही चीजों तक सीमित नहीं है. करीब 10 साल पहले जहां लगभग 280 उत्पादों का निर्यात होता था, वहीं अब यह बढ़कर करीब 500 उत्पादों तक पहुंच गया है. APEDA के अनुसार, भारत के पास कुल 790 उत्पाद ऐसे हैं जिनका निर्यात आगे और बढ़ सकता है.
नए बाजारों में बढ़ती पहुंच
हाल ही में भारत को कई देशों में नए बाजारों में एंट्री मिली है. रूस ने भारतीय आलू और अनार के लिए अपना बाजार खोला है, वियतनाम ने अंगूर को मंजूरी दी है और ऑस्ट्रेलिया ने भी भारतीय अनार के आयात को स्वीकार किया है. इसके साथ ही भारत ने गल्फूड और बायोफैच जैसे बड़े अंतरराष्ट्रीय फूड मेले में भी अपनी मजबूत मौजूदगी दिखाई है. आज भारतीय आम सिर्फ देश की पहचान नहीं रहा, बल्कि दुनिया के बाजार में एक मजबूत ब्रांड बन चुका है. बढ़ता निर्यात, नए देशों में पहुंच और बेहतर मार्केटिंग की वजह से आने वाले समय में भारत के कृषि निर्यात के और तेजी से बढ़ने की उम्मीद है.