किसानों की कर्जमाफी का ऐलान, 56 लाख किसानों का 36 हजार करोड़ चुकाएगी महाराष्ट्र सरकार
Farmers Loan Waiver Announcement : महाराष्ट्र कैबिनेट ने किसानों का कर्द माफ करने का फैसला किया है. राज्य सरकार के अनुसार 56 लाख किसानों को कर्जमाफी का लाभ मिलेगा. इसके साथ ही जिन किसानों ने अपने फसली लोन समय पर चुकाए हैं उन्हें 50 हजार रुपये का प्रोत्साहन भी देने का निर्णय लिया गया है.
Maharashtra Farmers Loan Waiver Announcement: महाराष्ट्र कैबिनेट ने किसानों का कर्द माफ करने का फैसला किया है. राज्य सरकार के अनुसार 56 लाख किसानों को कर्जमाफी का लाभ मिलेगा. राज्य कैबिनेट की बैठक में किसानों के कर्ज को माफ कर को मंजूरी दे दी गई है. इसके साथ ही राज्य के लाखों किसानों को कर्ज से मुक्ति मिलेगी. बता दें कि लंबे समय से किसान कर्जमाफी की मांग कर रहे थे और कई किसानों ने महंगी ब्याज दरें लगाकर रकम बढ़ाने की शिकायतें भीं की थीं, जिसके बाद अब राज्य के फैसले से ऐसे किसानों के बड़ी राहत मिली है.
2 लाख रुपये तक कृषि लोन माफ करने को मंजूरी
महाराष्ट्र कैबिनेट ने मंगलवार को किसानों के कर्ज माफ करने की एक योजना को मंजूरी दे दी. इस योजना के तहत 2 लाख रुपये तक के कृषि कर्ज माफ किए जाएंगे. इस फैसले से लगभग 56 लाख किसानों को फायदा होने की उम्मीद है. सूत्रों ने बताया कि यह फैसला मॉनसून के मौसम से पहले मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस की अध्यक्षता में हुई कैबिनेट बैठक में लिया गया.
चुनावी वादे को पूरा करने के लिए कैबिनेट से मंजूरी मिली
गौरतलब है कि 2024 के विधानसभा चुनावों से पहले BJP के नेतृत्व वाले महायुति गठबंधन ने जो बड़े वादे किए थे, उनमें से एक वादा किसानों का कर्ज माफ करना भी था. इस वादे को राज्य सरकार ने पूरा करने का फैसला किया था, जिसे अब कैबिनेट ने भी मंजूरी दे दी है.
लोन चुकाने वाले किसानों को 50 हजार रुपये का प्रोत्साहन मिलेगा
राज्य सरकार के इस फैसले के दायरे में 56 लाख किसानों के 65 लाख से ज्यादा खाते आएंगे. राज्य सरकार इन किसानों का 36,585 करोड़ रुपये के फसली कर्ज माफ करेगी. आधिकारिक बयान में कहा गया है कि कैबिनेट ने उन किसानों को 50,000 रुपये तक का प्रोत्साहन देने का भी फैसला किया है, जिन्होंने अपने फसली कर्ज नियमित रूप से चुकाए हैं.
महाराष्ट्र के 50 फीसदी से ज्यादा किसान परिवार कर्ज में
राष्ट्रीय नमूना सर्वेक्षण (NSS) के अनुसार महाराष्ट्र में लगभग 57.3% कृषि परिवार कर्जदार थे. एक आकलन में राज्य में करीब 40.7 लाख कृषि परिवारों पर कर्ज बताया गया था. देश स्तर पर NSO के सर्वे में 50% से अधिक कृषि परिवारों के कर्ज में होने की बात सामने आई थी, जबकि महाराष्ट्र लंबे समय से किसान कर्ज और कृषि संकट से प्रभावित राज्यों में शामिल रहा है. ऐसे में महाराष्ट्र में कर्ज के चलते किसानों की आत्महत्या के मामले भी देखे गए हैं. सरकार कर्जमाफी के जरिए किसानों को आर्थिक सदमे से उबारने में जुट गई है.