आलू के बाद गेहूं किसानों को भारी नुकसान, किसान पर गुजारा करने का गहराया संकट
Wheat Farmers Suffer Huge Losses due to unseasonal rain: किसान नेता गुलाब सिंह राजपूत ने किसान इंडिया को बताया कि बारिश से फसलों को भयंकर नुकसान पहुंचा है. जालौन में ओलावृष्टि से गेहूं फसल 40 फीसदी बर्बाद हो गई है. मुआवजा पाने के लिए किसान परेशान है.
उत्तर प्रदेश में आलू किसानों को भाव नहीं मिलने और 1-2 रुपये प्रति किलो मंडी में कीमत मिलने से परेशान किसानों को अब तक राहत नहीं दी गई है. इसके बाद बेमौसम बारिश और ओलावृष्ट से गेहूं किसानों को भयंकर नुकसान पहुंचा है. औसतन 40 से 60 फीसदी तक फसल को नुकसान पहुंचा है. लेकिन, मुआवजा अब तक जारी नहीं किए जाने पर समाजवादी पार्टी के मुखिया अखिलेश यादव ने सरकार पर किसान विरोधी होने और अनदेखी करने का आरोप लगाया है. उन्होंने कहा कि सरकार खोखले वादे कर रही है और दिखावटी हवाई सर्वे किए जा रहे हैं, जबकि जमीन पर मदद नहीं पहुंचाई गई है. उन्होंने कहा कि नुकसान से किसानों के सामने गुजारा करने का भी संकट खड़ा हो गया है.
यूपी के कई जिलों में किसानों को भारी नुकसान
समाजवादी पार्टी के अध्यक्ष अखिलेश यादव ने जारी बयान में कहा कि BJP सरकार के राज में किसानों की अनदेखी हो रही है, जबकि बेमौसम बारिश, तेज हवाओं और ओलावृष्टि से उत्तर प्रदेश में फसलों को भारी नुकसान हुआ है. उन्होंने कहा कि पूरे राज्य में किसानों को भारी नुकसान हुआ है, जिसमें गेहूं, सरसों और दूसरी फसलों को नुकसान पहुंचा है. मैनपुरी, कन्नौज, बाराबंकी, सीतापुर, हाथरस, अयोध्या, मेरठ, पीलीभीत, मथुरा, हरदोई, सोनभद्र और श्रावस्ती जैसे कई जिलों में बड़े पैमाने पर नुकसान की खबरें हैं, जहां गेहूं की फसलें जमीन पर गिर गई हैं और भीग गई हैं. अलीगढ़ में 9 हजार किसानों की फसल बर्बाद हो गई. जबकि, जालौन में किसानों को भारी नुकसान पहुंचा है.
मुआवजा नहीं मिलने से किसानों पर गुजारा करने का संकट
अखिलेश यादव ने आरोप लगाया कि उन्होंने आरोप लगाया कि नुकसान की इतनी बड़ी मात्रा के बावजूद, राज्य सरकार ने अब तक किसानों को कोई मुआवजा या मदद नहीं दी है. यादव ने कहा कि मुख्यमंत्री और मंत्रियों ने सिर्फ खोखले ऐलान किए हैं और हवाई सर्वे किए हैं. किसानों तक कोई ठोस मदद नहीं पहुंची है. उन्होंने कहा कि किसान अपनी गुजारा करने के लिए संघर्ष कर रहे हैं, क्योंकि फसल के नुकसान ने उन्हें मुश्किल में डाल दिया है. खेती में लगने वाली चीजों की बढ़ती कीमतें और खराब मौसम ने इस संकट को और भी बदतर बना दिया है. समाजवादी पार्टी के प्रमुख ने BJP पर “किसान-विरोधी” होने और किसानों की भलाई के बारे में झूठे दावे करने का भी आरोप लगाया.
पहले आलू किसानों को भाव नहीं मिला अब गेहूं खरीद में लापरवाही
उन्होंने आरोप लगाया कि गेहूं की खरीद ठीक से नहीं हो रही है और किसानों को उनकी फसल के सही दाम नहीं मिल रहे हैं. आलू उगाने वालों को भी कम कीमतों की वजह से भारी नुकसान हुआ है. उन्होंने कहा कि मंडी का बुनियादी ढांचा समाजवादी पार्टी के राज में बनाया गया था, जबकि मौजूदा राज्य सरकार ने ऐसी पहलों को रोक दिया है.
हालांकि, उत्तर प्रदेश सरकार के कृषि विभाग की ओर से उनके आरोपों को खारिज किया गया है और कहा गया है कि किसानों के नुकसान की भरपाई के लिए सर्वे रिपोर्ट मांग गई है, जिसके बाद किसानों के खातों में राशि भेजी जाएगी. वहीं, मंडियों में गेहूं खरीद व्यवस्था मजबूत होने का दावा किया गया है.
किसान नेता बोले- नुकसान की भरपाई करे सरकार
बुंदेलखंड में सक्रिय जय जवान जय किसान संगठन के अध्यक्ष गुलाब सिंह राजपूत ने किसान इंडिया को बताया कि बारिश से फसलों को भयंकर नुकसान पहुंचा है. जालौन के अलावा महोबा, बांदा, झांसी और ललितपुर में फसलों को नुकसान पहुंचा है. उन्होंने बताया कि जालौन में ओलावृष्टि से गेहूं फसल को 40 फीसदी नुकसान पहुंचा है. वहीं, महोबा समेत कुछ जिलों में खेत में काटकर रखा गया चना भीग गया है, जिससे क्वालिटी घटने का खतरा है. गुलाब राजपूत ने कहा कि खेतों में पड़ी फसल खराब होने से किसानों के चेहरे पर चिंता साफ दिखाई दे रही है.