खेती-किसानी की दशा-दिशा बदलेगा नया कृषि विश्वविद्यालय, सीएम बोले- यहां से पढ़े युवा बनेंगे कृषि वैज्ञानिक   

मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने कहा कि लगभग 450 करोड़ रुपये की लागत से बन रहा यह विश्वविद्यालय आधुनिक कृषि पद्धतियों और प्रौद्योगिकी के माध्यम से किसानों की कमाई बढ़ाने में अहम भूमिका निभाएगा. उन्होंने कहा कि सरकार का इरादा है कि विश्वविद्यालय समय पर पूरा हो जाए और चालू हो जाए.

नोएडा | Updated On: 3 Jun, 2026 | 01:00 PM

उत्तर प्रदेश के किसानों की कमाई बढ़ाने के साथ ही कृषि उत्पादन को मजबूती देने के इरादे से कुशीनगर में नए कृषि विश्वविद्यालय स्थापित किया जा रहा है. 450 करोड़ की लागत से बन रहे विश्वविद्यालय में दाखिला प्रक्रिया इसी सत्र से शुरू कर दी गई है. सीएम योगी आदित्यनाथ ने कहा कि सितंबर-अक्टूबर में विश्वविद्यालय का शुभारंभ कराया जाएगा, तब तक किराए की बिल्डिंग में कक्षाएं संचालित की जाएंगी.

कुशीनगर कृषि विश्वविद्यालय किसानों की कमाई बढ़ाएगा – सीएम

उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने मंगलवार को कहा कि कुशीनगर में बन रहा महात्मा बुद्ध कृषि एवं प्रौद्योगिकी विश्वविद्यालय पूर्वी उत्तर प्रदेश में किसानों के जीवन को बेहतर बनाने और उनकी आय बढ़ाने में एक मील का पत्थर साबित होगा. उन्होंने कहा कि यहां से पढ़े युवा कृषि वैज्ञानिक और कृषि अधिकारी समेत कई बड़े पदों पर पहुंचेंगे. योगी आदित्यनाथ ने जिले के दौरे के दौरान विश्वविद्यालय परियोजना का निरीक्षण करने के बाद ये बातें कहीं.

450 करोड़ की लागत से बन रहा कृषि विश्वविद्यालय

मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने कहा कि लगभग 450 करोड़ रुपये की लागत से बन रहा यह विश्वविद्यालय आधुनिक कृषि पद्धतियों और प्रौद्योगिकी के माध्यम से किसानों की कमाई बढ़ाने में अहम भूमिका निभाएगा. उन्होंने कहा कि सरकार का इरादा है कि विश्वविद्यालय समय पर पूरा हो जाए और चालू हो जाए. यह परियोजना समय-सीमा के भीतर पूरी की जाएगी.

मौजूदा सत्र की कक्षाएं किराए की बिल्डिंग में चलेंगी

यह विश्वास जताते हुए कि संस्थान का उद्घाटन सितंबर या अक्टूबर में हो जाएगा. आदित्यनाथ ने कहा कि शैक्षणिक सत्र शुरू करने के लिए ज़रूरी औपचारिकताएं उससे पहले ही पूरी कर ली जाएंगी. सीएम ने कहा कि उद्घाटन से पहले कृषि मंत्री दौरा करेंगे ताकि सत्र शुरू करने के लिए सभी जरूरी औपचारिकताएं पूरी की जा सकें, जिससे कुशीनगर में कृषि विश्वविद्यालय काम करना शुरू कर सके.

मुख्यमंत्री ने कहा कि मौजूदा शैक्षणिक सत्र से ही दाखिले शुरू करने की तैयारियां चल रही हैं. स्थायी परिसर के पूरा होने तक, कक्षाएं किराए की इमारत या जिला प्रशासन की मदद से पहचानी गई अन्य जगहों पर अस्थायी व्यवस्थाओं के जरिए चलाई जाएंगी.

किसानों की कमाई और उत्पादन बढ़ेगा

उन्होंने कहा कि विश्वविद्यालय न केवल किसानों को आधुनिक कृषि तकनीकों तक पहुंच प्रदान करेगा, बल्कि उत्पादन लागत कम करने, पैदावार बढ़ाने और किसानों की आय में काफी वृद्धि करने में भी मदद करेगा. परियोजना का निरीक्षण करने के बाद आदित्यनाथ ने क्षेत्र के बेहतर होते बुनियादी ढांचे और आर्थिक संभावनाओं पर भी प्रकाश डाला.

उन्होंने कहा कि गोरखपुर को शामली से जोड़ने वाला प्रस्तावित आर्थिक गलियारा साथ ही गोरखपुर-सिलीगुड़ी मार्ग के जरिए कनेक्टिविटी इस क्षेत्र में विकास को और तेज करेगी. इस क्षेत्र में सड़कों और बुनियादी ढांचे में काफी सुधार हुआ है, जिससे प्रति व्यक्ति आय बढ़ाने और नए आर्थिक अवसर पैदा करने में मदद मिलेगी.

Published: 3 Jun, 2026 | 12:35 PM

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