LPG के नए रेट से बढ़ी लोगों में नाराजगी, जानिए आपके शहर में कितना महंगा हुआ सिलेंडर

LPG price hike: यह पहली बार नहीं है जब गैस की कीमतों में बढ़ोतरी हुई है. पिछले महीने भी सरकार ने घरेलू सिलेंडर के दाम में 60 रुपये और कॉमर्शियल सिलेंडर के दाम में 144.50 रुपये की बढ़ोतरी की थी. लगातार हो रही बढ़ोतरी से आम लोगों और व्यापारियों दोनों पर दबाव बढ़ता जा रहा है.

नई दिल्ली | Updated On: 1 Apr, 2026 | 12:13 PM

LPG price hike: 1 अप्रैल 2026 से नया वित्तीय वर्ष शुरू होते ही आम लोगों और खासकर व्यापारियों को बड़ा झटका लगा है. सरकार ने कॉमर्शियल LPG गैस सिलेंडर के दाम में भारी बढ़ोतरी कर दी है. इस बढ़ोतरी का असर सीधे होटल, रेस्टोरेंट, ढाबों और छोटे कारोबारियों पर पड़ेगा, जिससे आने वाले दिनों में खाने-पीने की चीजें भी महंगी हो सकती हैं. हालांकि राहत की बात यह है कि घरेलू रसोई गैस सिलेंडर की कीमतों में फिलहाल कोई बदलाव नहीं किया गया है.

कितनी बढ़ी कीमतें, जानिए नए रेट

इस बार कॉमर्शियल LPG सिलेंडर की कीमत में अलग-अलग शहरों में 195 रुपये से लेकर 218 रुपये तक की बढ़ोतरी हुई है.

दिल्ली में 19 किलो वाला कॉमर्शियल सिलेंडर अब 2078.50 रुपये का हो गया है, जो पहले 1884.50 रुपये था. कोलकाता में इसकी कीमत बढ़कर 2208 रुपये हो गई है. मुंबई में अब यह 2031 रुपये में मिल रहा है, जबकि चेन्नई में इसकी कीमत 2246.50 रुपये तक पहुंच गई है.

अगर घरेलू सिलेंडर की बात करें तो दिल्ली में 14.2 किलो वाला सिलेंडर 913 रुपये, मुंबई में 912.50 रुपये, कोलकाता में 939 रुपये और चेन्नई में 928.50 रुपये पर स्थिर है.

एक दिन पहले क्या थे दाम

31 मार्च तक कॉमर्शियल सिलेंडर की कीमतें काफी कम थीं. दिल्ली में यह 1884.50 रुपये, कोलकाता में 1988.50 रुपये, मुंबई में 1836 रुपये और चेन्नई में 2043.50 रुपये थी.

इस तुलना से साफ है कि सिर्फ एक दिन में ही गैस की कीमतों में बड़ा उछाल आया है, जिससे कारोबारियों की लागत अचानक बढ़ गई है.

क्यों बढ़े LPG के दाम

LPG की कीमतों में इस तेजी के पीछे सबसे बड़ा कारण अंतरराष्ट्रीय बाजार में तेल की कीमतों में उछाल है. पश्चिम एशिया में ईरान और इजरायल के बीच चल रहे तनाव ने वैश्विक सप्लाई चेन को प्रभावित किया है.

हॉर्मुज जलडमरूमध्य बंद होने से कच्चे तेल और गैस की आपूर्ति बाधित हुई है, जिससे कीमतों में तेजी आई है. बताया जा रहा है कि फरवरी के अंत से शुरू हुए इस संघर्ष के बाद ग्लोबल ऑयल की कीमतों में करीब 50 प्रतिशत तक उछाल आ चुका है.

हालांकि, कुछ रिपोर्ट्स में यह भी कहा जा रहा है कि आने वाले हफ्तों में हालात सामान्य हो सकते हैं, जिससे कीमतों में राहत मिल सकती है.

पिछले महीने भी बढ़े थे दाम

यह पहली बार नहीं है जब गैस की कीमतों में बढ़ोतरी हुई है. पिछले महीने भी सरकार ने घरेलू सिलेंडर के दाम में 60 रुपये और कॉमर्शियल सिलेंडर के दाम में 144.50 रुपये की बढ़ोतरी की थी. लगातार हो रही बढ़ोतरी से आम लोगों और व्यापारियों दोनों पर दबाव बढ़ता जा रहा है. ऐसे में अब लोगों की नाराजगी भी साफतौर पर बढ़ती नजर आ रही है.

कॉमर्शियल एलपीजी के दाम बढ़ने पर अरविंद सावंत (शिवसेना) ने कहा कि ‘कॉमर्शियल’ गैस सिर्फ कारोबार तक सीमित नहीं होती, बल्कि समाज के कई लोग इस पर निर्भर हैं. मजदूर, उद्योग से जुड़े लोग और बाहर खाना खाने वाले सभी इससे प्रभावित होते हैं. उन्होंने कहा कि बढ़ती कीमतों से आम लोगों को परेशानी हो रही है, इसलिए सरकार को इस समय राहत देनी चाहिए, ताकि गरीब लोगों को खाने-पीने में दिक्कत न हो.

आम आदमी और कारोबार पर असर

कॉमर्शियल गैस सिलेंडर महंगा होने का सीधा असर होटल, रेस्टोरेंट और फूड बिजनेस पर पड़ेगा. इससे खाने-पीने की चीजों के दाम बढ़ सकते हैं, जिसका असर आम ग्राहकों की जेब पर भी पड़ेगा. छोटे व्यापारियों के लिए यह स्थिति और मुश्किल हो सकती है, क्योंकि उनकी लागत बढ़ेगी लेकिन मुनाफा कम हो सकता है.

Published: 1 Apr, 2026 | 12:06 PM

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