Dairy Farming: मौसम बदलते ही दुधारू पशु पड़े बीमार? तुरंत अपनाएं एक्सपर्ट के बताए ये 6 जबरदस्त तरीके
Animal Husbandry: मौसम बदलते ही दुधारू पशुओं की सेहत बिगड़ना एक आम लेकिन गंभीर समस्या बन जाती है. सर्दी से गर्मी के बीच अचानक तापमान और नमी में बदलाव का सीधा असर पशुओं की इम्युनिटी और दूध उत्पादन पर पड़ता है. ऐसे में थोड़ी सी लापरवाही भी बड़े नुकसान का कारण बन सकती है. लेकिन अगर सही देखभाल और कुछ जरूरी उपाय अपनाए जाएं, तो पशुओं को बीमारियों से बचाकर उनकी सेहत और दूध उत्पादन दोनों को बेहतर रखा जा सकता है.
रीवा वेटरनरी कॉलेज की एक्सपर्ट डॉ. आयुषी पांडे के अनुसार, सर्दी से गर्मी में बदलाव होने पर पशुओं की रोग प्रतिरोधक क्षमता कमजोर हो जाती है. ऐसे में वे जल्दी बीमार पड़ते हैं, जिससे दूध उत्पादन और किसान की कमाई दोनों पर असर पड़ता है.
इस मौसम में पशुओं में खांसी-जुकाम, बुखार, मुंह-खुर रोग और पाचन संबंधी समस्याएं तेजी से फैलती हैं. अगर समय पर ध्यान न दिया जाए तो ये बीमारियां पूरे पशुधन को नुकसान पहुंचा सकती हैं.
डॉ. आयुषी पांडे के अनुसार, पशुओं का समय-समय पर टीकाकरण कराना बेहद जरूरी है. इससे उनकी इम्युनिटी मजबूत होती है और वे संक्रामक बीमारियों से लंबे समय तक सुरक्षित रहते हैं.
गंदगी और नमी बैक्टीरिया और वायरस को बढ़ावा देती है. इसलिए पशुशाला को हमेशा साफ, सूखा और अच्छी तरह हवादार रखना चाहिए ताकि संक्रमण का खतरा कम हो सके.
पशुओं को हरा चारा, सूखा चारा और मिनरल मिक्सचर संतुलित मात्रा में देना चाहिए. साथ ही साफ पानी और विटामिन सप्लीमेंट देने से उनकी सेहत और दूध उत्पादन दोनों बेहतर रहते हैं.
अगर पशु में सुस्ती, भूख कम लगना, बुखार या दूध में गिरावट जैसे लक्षण दिखें, तो तुरंत पशु चिकित्सक से संपर्क करना चाहिए. समय पर इलाज न मिलने पर नुकसान बढ़ सकता है.