MSP पर मूंग और सरसों खरीद को मंजूरी, कृषि मंत्री शिवराज सिंह ने राज्य को स्वीकृति लेटर सौंपा
Moong Procurement: मध्य प्रदेश में इस सीजन ग्रीष्मकालीन मूंग का रकबा लगभग 12 लाख हेक्टेयर है. पिछले कुछ वर्षों में राज्य में मूंग की खेती में किसानों की रुचि बढ़ी है, जिसके चलते बुवाई क्षेत्रफल में इजाफा हुआ है.
केंद्रीय कृषि एवं किसान कल्याण मंत्री शिवराज सिंह चौहान ने मूंग और सरसों की खेती करने वाले किसानों के लिए बड़ी राहत दी है. उन्होंने ग्रीष्मकालीन मूंग उपज और सरसों की खरीद न्यूनतम समर्थन मूल्य पर करने को मंजूरी दी है. यह मंजूरी मध्य प्रदेश के लिए है. यहां के किसानों से राज्य सरकार उपज की खरीद शुरू करेगी. इस संबंध में स्वीकृति पत्र मुख्यमंत्री मोहन यादव को सौंपा गया है.
सड़क और आवास योजना की राशि को मंजूरी
केंद्रीय कृषि मंत्री शिवराज सिंह चौहान आज मध्य प्रदेश दौरे पर थे. इस दौरान उन्होंने पीएम ग्राम सड़क योजना और पीएम जनमन योजनाओं के स्वीकृति आदेश मुख्यमंत्री डॉ. यादव को सौंपे. उन्होंने मध्यप्रदेश को वर्तमान वित्त वर्ष 2026-27 के लिए प्रधानमंत्री ग्राम सड़क योजना से संबंधित निधि का 830 करोड़ रुपये सांकेतिक आवंटन भी दिया. इस दौरान देश के अन्य राज्यों को डिजिटल तरीके से साल 2026-27 के लिए 18 हजार 907 करोड़ रुपये का सांकेतिक वित्तीय आवंटन जारी किया. इसमें से 830 करोड़ रुपये मध्यप्रदेश के लिए हैं. प्रधानमंत्री आवास योजना – ग्रामीण के लिएण मध्यप्रदेश को 2 हजार 55 करोड़ रुपये की राशि का स्वीकृति पत्र भी सौंपा.
कृषि मंत्री ने मूंग खरीद स्वीकृति लेटर सीएम को सौंपा
केंद्रीय कृषि एवं ग्रामीण विकास मंत्री शिवराज सिंह चौहान ने भारत सरकार की ओर से मूंग और सरसों की फसल को समर्थन मूल्य में खरीदे जाने का स्वीकृति पत्र भी मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव को सौंपा. इसके साथ ही राज्य के मूंग और सरसों की खेती करने वाले किसानों को बाजार से ज्यादा भाव मिलने का रास्ता साफ हो गया है. इसके साथ ही मूंग की सरकारी खरीद की घोषणा अब राज्य सरकार करेगी और पंजीकरण तारीखों का भी ऐलान किया जाएगा.
अच्छे भाव के चलते मूंग की खेती का रकबा बढ़ा
मध्य प्रदेश में हरी मूंग की खेती मुख्य रूप से गर्मियों के मौसम में की जाती है और इसके लिए सबसे उपयुक्त समय फरवरी के आखिरी सप्ताह से मार्च के पहले सप्ताह के बीच का होता है. इसके अलावा कुछ किसान इसकी खेती खरीफ मौसम (जून-जुलाई) में भी करते हैं. इस सीजन ग्रीष्मकालीन मूंग का रकबा लगभग 12 लाख हेक्टेयर है. पिछले कुछ वर्षों में राज्य में ग्रीष्मकालीन मूंग की खेती में किसानों की रुचि बढ़ी है, जिसके चलते बुवाई क्षेत्रफल में इजाफा हुआ है.
मूंग किसानों को बढ़कर मिलेगा एमएसपी
केंद्र से खरीद की मंजूरी मिलते ही मध्य प्रदेश सरकार ग्रीष्मकालीन मूंग और सरसों की फसल को समर्थन मूल्य (MSP) पर खरीदने की तैयारी तेज कर दी है. 2025-26 के मार्केटिंग सीजन के लिए सरकार ने मूंग (हरी मूंग) का न्यूनतम समर्थन मूल्य (MSP) 8,768 रुपये प्रति क्विंटल तय किया है, जो पिछले साल के 8682 रुपये प्रति क्विंटल एमएसपी के मुकाबले ज्यादा है. यानी इस बार किसानों को मूंग उपज के लिए 86 रुपये प्रति क्विंटल बढ़कर भाव मिलेगा.
जून में खरीद प्रक्रिया शुरू करने की तैयारी
पिछले सीजन में ग्रीष्मकालीन मूंग की खरीदी 7 जुलाई से शुरू हुई थी और 6 अगस्त तक खरीद की गई थी. वहीं, इस बार जून में ही खरीद के लिए रजिस्ट्रेशन प्रक्रिया शुरू होने की संभावना है. वहीं, सरसों के लिए इन्हीं तारीखों में खरीद का ऐलान किया जा सकता है. वहीं, किसानों को सरकार भावांतर भुगतान योजना (Price Deficit Financing) का लाभ भी दे सकती है. उपज बिक्री के लिए पिछली बार की तरह किसानों को ऑनलाइन रजिस्ट्रेशन कराने होंगे.