महाराष्ट्र में प्याज के दाम में जोरदार उछाल, मुंबई में 70 रुपये किलो पहुंचा भाव.. उपभोक्ता परेशान
महाराष्ट्र में प्याज की आवक घटने से कीमतों में तेजी आई है. मुंबई में खुदरा भाव 60-70 रुपये और पुणे में 60-65 रुपये किलो पहुंच गया है. लासलगांव मंडी में अच्छी क्वालिटी का प्याज 55 रुपये किलो तक बिक रहा है. कम आवक के कारण भाव दो साल के उच्च स्तर पर हैं. किसानों को आगे भी अच्छे दाम की उम्मीद है.
महाराष्ट्र में पिछले एक महीने में प्याज के दाम तेजी से बढ़े हैं. मुंबई में प्याज का खुदरा भाव 60-70 रुपये प्रति किलो और पुणे में 60-65 रुपये प्रति किलो पहुंच गया है. प्याज की कीमतों में बढ़ोतरी की मुख्य वजह मंडियों में आवक कम होना है. नासिक, अहिल्यानगर, पुणे और सोलापुर जैसे प्रमुख प्याज उत्पादक क्षेत्रों से सप्लाई घटने के कारण बाजार में प्याज की कमी बढ़ी है.
महाराष्ट्र की लासलगांव APMC में अच्छी क्वालिटी के प्याज का थोक भाव 55 रुपये प्रति किलो तक पहुंच गया है. वहीं, कम गुणवत्ता वाले प्याज करीब 45 रुपये प्रति किलो बिक रहे हैं. यह पिछले दो साल में प्याज का सबसे ऊंचा थोक भाव है. लासलगांव मंडी में प्याज की आवक घटकर करीब 9,000 क्विंटल रह गई है, जो सामान्य से लगभग 50 फीसदी कम है. आवक कम होने से थोक और खुदरा दोनों बाजारों में प्याज महंगा हुआ है.
दूसरे राज्यों से आवक बढ़ने पर भाव घटने की उम्मीद
मंडी के एक सदस्य के मुताबिक, अगले एक महीने तक प्याज के भाव और बढ़ सकते हैं. हालांकि, मध्य प्रदेश और कर्नाटक जैसे राज्यों से प्याज की आवक बढ़ने के बाद कीमतों में गिरावट आने की उम्मीद है. लासलगांव APMC के चेयरमैन डी.के. जगताप ने हिन्दुस्तान टाइम्स से कहा कि दूसरे राज्यों से प्याज की आवक शुरू होने के बाद अगले महीने भाव नीचे आ सकते हैं. उनके मुताबिक, मंडियों में प्याज की कीमतों में बहुत ज्यादा बढ़ोतरी की संभावना नहीं है.
प्याज के भाव बढ़ने की उम्मीद में किसान रोक रहे स्टॉक
महाराष्ट्र में प्याज के बढ़ते दाम के बीच नासिक के कुछ किसान अपना स्टॉक रोककर रख रहे हैं. किसानों को उम्मीद है कि आने वाले दिनों में भाव और बढ़ेंगे, जिससे उन्हें अपनी उपज का बेहतर दाम मिल सकेगा. मुंबई में पिछले एक महीने में प्याज के खुदरा भाव करीब 10 रुपये प्रति किलो बढ़े हैं. यहां अच्छी क्वालिटी का प्याज थोक में करीब 52 रुपये प्रति किलो और कम गुणवत्ता वाला प्याज करीब 40 रुपये प्रति किलो बिक रहा है. पुणे के खुदरा बाजार में प्याज का भाव 60-65 रुपये प्रति किलो है. वहीं, थोक भाव करीब 50 रुपये प्रति किलो चल रहा है.
प्याज किसानों को लंबे समय बाद मिल रहा अच्छा भाव
नासिक के प्याज कारोबारियों के मुताबिक, लंबे समय से बारिश नहीं होने के कारण लेट खरीफ प्याज की आवक भी कम और देर से हो सकती है. इस प्याज की आमतौर पर जनवरी और फरवरी में कटाई होती है. स्टेट प्याज ग्रोअर्स एसोसिएशन के संस्थापक-अध्यक्ष भारत दिघोले ने कहा कि लंबे समय बाद प्याज किसानों को अपनी फसल का अच्छा दाम मिल रहा है. उन्होंने बताया कि फिलहाल थोक बाजार में प्याज के भाव स्थिर हैं. उन्होंने कहा कि अक्टूबर में लेट खरीफ प्याज की पैदावार की स्थिति ज्यादा साफ होगी. उस समय तक प्याज की बुवाई पूरी हो जाएगी और उत्पादन का बेहतर अंदाजा लगाया जा सकेगा.