क्यों बढ़ने लगी वन्यजीव अंगों की तस्करी? तेंदुआ-बाघ, पैंगोलिन तस्करी पर चौंकाने वाले आंकड़े
अवैध वन्यजीव व्यापार के खिलाफ DRI की कार्रवाई में बड़ा खुलासा हुआ है. पिछले 10 दिनों में छह अभियानों के दौरान तेंदुए की खाल, 180 तारा कछुए, टोके गेको, पैंगोलिन के शल्क और बाघ की हड्डियां जब्त की गईं. कार्रवाई में 13 लोग गिरफ्तार हुए.
देश में अवैध वन्यजीव व्यापार के खिलाफ बड़ी कार्रवाई सामने आई है. राजस्व खुफिया निदेशालय (DRI) ने पिछले 10 दिनों में देश के अलग-अलग हिस्सों में छह अभियानों को अंजाम देकर दो तेंदुए की खाल, 180 जीवित भारतीय तारा कछुए, 12 जीवित टोके गेको, करीब 24 किलोग्राम पैंगोलिन के शल्क और 500 ग्राम बाघ की हड्डियां जब्त की हैं. इन कार्रवाइयों में कुल 13 लोगों को गिरफ्तार किया गया. वित्त मंत्रालय के अनुसार, ये अभियान खुफिया जानकारी के आधार पर वन विभाग और अन्य संबंधित एजेंसियों के साथ समन्वय में चलाए गए.
तेंदुए की खाल से लेकर बाघ की हड्डियों तक जब्ती
ओडिशा के कोरापुट जिले में 7 सितंबर को DRI अधिकारियों ने एक व्यक्ति को रोककर उसके पास से तेंदुए की खाल बरामद की. तेंदुआ वन्यजीव संरक्षण अधिनियम, 1972 की अनुसूची-I में संरक्षित है और उसकी खाल या अंगों का अवैध व्यापार, खरीद-बिक्री, कब्जा और परिवहन प्रतिबंधित है. इसी अवधि में मध्य प्रदेश के सीधी जिले में भी तेंदुए की खाल के अवैध कारोबार से जुड़े नेटवर्क पर कार्रवाई की गई. यहां चार लोगों को रोका गया और एक तेंदुए की खाल के साथ वाहन व अन्य आपत्तिजनक सामग्री जब्त की गई.
180 तारा कछुए और 12 टोके गेको बरामद
तारा कछुए. (Photo Credit-Ministry of Finance)
बेंगलुरु में DRI ने एक व्यक्ति के सामान की तलाशी के दौरान कपड़े के कवर में छिपाकर रखे गए 180 जीवित भारतीय तारा कछुए बरामद किए. यह प्रजाति भी वन्यजीव संरक्षण अधिनियम की अनुसूची-I में सूचीबद्ध है. इनके आकर्षक खोल के कारण विदेशी पालतू जानवरों के बाजार में मांग रहती है, जिससे इनकी तस्करी का खतरा बढ़ता है. वहीं, असम के केओखाली में दो लोगों के पास से 12 जीवित टोके गेको बरामद किए गए. यह प्रजाति अनुसूची-I और CITES के परिशिष्ट-II में सूचीबद्ध है.
24 किलो पैंगोलिन के शल्क, बाघ की हड्डियां भी जब्त
पैंगोलिन के शल्क बरामद. (Photo Credit-Ministry of Finance)
मेघालय के री-भोई जिले में एक बोलेरो ट्रक की जांच के दौरान 14.68 किलोग्राम सूखे पैंगोलिन के शल्क बरामद किए गए. इसके अलावा असम के कार्बी आंगलोंग में एक वाहन से करीब 9 किलोग्राम पैंगोलिन के शल्क और लगभग 500 ग्राम बाघ की खोपड़ी व दांतों सहित हड्डियां बरामद हुईं. पैंगोलिन वन्यजीव संरक्षण अधिनियम की अनुसूची-I के साथ CITES के परिशिष्ट-I में भी संरक्षित है.
तेंदुए की खाल से बाघ की हड्डियों तक बड़ी बरामदगी हुई. (Photo Credit-Ministry of Finance)
खुफिया जानकारी के आधार पर तस्करी नेटवर्क पर शिकंजा
वित्त मंत्रालय के अनुसार, इन छह अभियानों में सामने आई बरामदगी वन्यजीव तस्करी के अलग-अलग रूपों को दिखाती है. कार्रवाई के दौरान जीवित संरक्षित प्रजातियों से लेकर खाल, पैंगोलिन के शल्क और बाघ के अंगों तक बरामद किए गए. DRI ने वन विभाग, वन्यजीव अपराध नियंत्रण ब्यूरो (WCCB) और अन्य प्रवर्तन एजेंसियों के सहयोग से ये अभियान चलाए. अधिकारियों का कहना है कि खुफिया जानकारी आधारित और समन्वित कार्रवाई के जरिए अवैध वन्यजीव व्यापार नेटवर्क को बाधित करने के प्रयास जारी हैं.