Marigold Gardening: घर पर गेंदा उगाना हुआ आसान! सिर्फ 7-10 दिनों में पाएं रंग-बिरंगे फूल
Genda Ki Kheti: क्या आप अपने बगीचे को रंग-बिरंगे फूलों से सजाना चाहते हैं जो देखने में सुंदर भी हों और घर का माहौल खुशबूदार भी बनाएं? तो गेंदे का फूल आपके लिए परफेक्ट चॉइस है. इसकी चमकदार पीली और नारंगी पंखुड़ियां न सिर्फ बगीचे की सुंदरता बढ़ाती हैं, बल्कि पूजा-पाठ और धार्मिक आयोजनों में भी इसका खास महत्व है. आइए जानते हैं कैसे आप आसानी से अपने घर पर गेंदे के फूल उगा सकते हैं और उसे लंबे समय तक स्वस्थ रख सकते हैं.
गेंदे के फूल उगाने में सबसे अहम भूमिका बीज की होती है. हमेशा स्वस्थ और प्रमाणित बीज ही चुनें. टैगेट्स किस्म कम देखभाल में भी अच्छी तरह फूल देती है, कैलेंडुला अपने चमकीले पीले-नारंगी रंग के लिए जाना जाता है, जबकि लेमन मैरीगोल्ड हल्के पीले रंग और खुशबू के लिए पसंद किया जाता है. सही बीज चुनने से पौधा जल्दी बढ़ता है और फूल ज्यादा आते हैं.
गेंदे के पौधे को ऐसी मिट्टी चाहिए जिसमें नमी बनी रहे लेकिन पानी जमा न हो. गमले या बाल्टी में गार्डन मिट्टी के साथ थोड़ी रेत और गोबर की सड़ी खाद मिलाने से मिट्टी नरम बनती है. इससे जड़ों को हवा मिलती है और पौधा अंदर से मजबूत रहता है.
गेंदे का पौधा धूप पसंद करता है. इसे ऐसी जगह लगाएं जहां रोज कम से कम 4 से 5 घंटे सीधी धूप पहुंचे. पर्याप्त धूप मिलने से पौधे हरे-भरे रहते हैं और फूलों की संख्या भी बढ़ जाती है. छांव में रखने से पौधा कमजोर पड़ सकता है.
बीज को मिट्टी में बहुत गहराई में न दबाएं. 1–2 सेंटीमीटर गहराई काफी होती है. बीज डालने के बाद ऊपर से हल्की मिट्टी छिड़कें और धीरे-धीरे पानी दें. ध्यान रखें कि मिट्टी सिर्फ नम रहे, ज्यादा पानी बीज खराब कर सकता है.
लगभग 7 से 10 दिन में बीज अंकुरित होने लगते हैं. इस समय पौधों को रोज हल्का पानी दें और धूप में रखें. अगर पौधे बहुत पास-पास उग आए हों तो थोड़ी दूरी बना दें, ताकि हर पौधे को सही पोषण मिल सके.
गेंदे के पौधे को ज्यादा पानी की जरूरत नहीं होती. हफ्ते में 2-3 बार पानी पर्याप्त रहता है. हर 15-20 दिन में जैविक खाद या नाइट्रोजन युक्त खाद देने से पौधा मजबूत बनता है और लंबे समय तक भरपूर फूल देता है.