Sawan 2025: घर के बगीचे में लगा सकते हैं भोलेनाथ का प्रिय Rudraksha, जानें पूरा प्रोसेस

Rudraksha Tree: सावन का महीना भगवान शिव की भक्ति और आध्यात्मिक साधना का समय होता है. इस पावन महीने में हर शुभ कार्य का विशेष महत्व होता है. ऐसे में अगर आप रुद्राक्ष, जो शिवजी का अत्यंत प्रिय माना जाता है, को घर में उगाना चाहते हैं, तो यह आपके लिए एक शुभ शुरुआत हो सकती है. सदियों से रुद्राक्ष को ऊर्जा, शांति और आध्यात्मिक जागृति का प्रतीक माना जाता है. पर कम ही लोग जानते हैं कि इसे घर पर उगाना कितना आसान है. अगर सही मौसम, मिट्टी और देखभाल का ध्यान रखा जाए, तो रुद्राक्ष का पौधा आपके घर में ना सिर्फ हरियाली लाएगा, बल्कि सकारात्मक ऊर्जा और शुभता से भी भर देगा.

Isha Gupta
नोएडा | Published: 10 Jul, 2025 | 02:28 PM
1 / 6रुद्राक्ष सिर्फ मंदिरों और बाजारों में मिलने वाला धार्मिक बीज नहीं है, इसे आप अपने घर में भी उगा सकते हैं. यह एक फल देने वाला पौधा है और अगर सही तरीके से इसकी देखभाल की जाए, तो आपके आंगन में भी यह विशाल पेड़ बन सकता है.

रुद्राक्ष सिर्फ मंदिरों और बाजारों में मिलने वाला धार्मिक बीज नहीं है, इसे आप अपने घर में भी उगा सकते हैं. यह एक फल देने वाला पौधा है और अगर सही तरीके से इसकी देखभाल की जाए, तो आपके आंगन में भी यह विशाल पेड़ बन सकता है.

2 / 6रुद्राक्ष का पेड़ सामान्य पौधों की तरह छोटा नहीं रहता. अगर इसे खुली और उपयुक्त जगह दी जाए तो यह 60 से 80 फीट तक ऊंचा हो सकता है. इसलिए इसे लगाने के लिए ऐसे स्थान का चयन करें जहां इसे फैलने और बढ़ने की पूरी जगह मिल सके, जैसे आंगन या बगीचा.

रुद्राक्ष का पेड़ सामान्य पौधों की तरह छोटा नहीं रहता. अगर इसे खुली और उपयुक्त जगह दी जाए तो यह 60 से 80 फीट तक ऊंचा हो सकता है. इसलिए इसे लगाने के लिए ऐसे स्थान का चयन करें जहां इसे फैलने और बढ़ने की पूरी जगह मिल सके, जैसे आंगन या बगीचा.

3 / 6यदि आप रुद्राक्ष को गमले में लगाना चाहते हैं तो गमला कम से कम 18-20 इंच गहरा और 10 इंच चौड़ा होना चाहिए. प्लास्टिक गमलों की बजाय टेरीकोटा या मिट्टी के गमलों का इस्तेमाल करें, जिससे पानी का निकास ठीक तरह से हो और पौधे की जड़ें सड़ने से बचें.

यदि आप रुद्राक्ष को गमले में लगाना चाहते हैं तो गमला कम से कम 18-20 इंच गहरा और 10 इंच चौड़ा होना चाहिए. प्लास्टिक गमलों की बजाय टेरीकोटा या मिट्टी के गमलों का इस्तेमाल करें, जिससे पानी का निकास ठीक तरह से हो और पौधे की जड़ें सड़ने से बचें.

4 / 6रुद्राक्ष को ऐसी मिट्टी चाहिए जिसमें ड्रेनेज अच्छा हो. इसके लिए 60% गार्डन मिट्टी, 30% जैविक खाद (गोबर की खाद) और 10% कोकोपीट मिलाएं. साथ ही, मिट्टी में थोड़ी सी रेत और कंकड़ भी मिलाएं ताकि मिट्टी में हवा बनी रहे और जड़ों को ऑक्सीजन मिलती रहे.

रुद्राक्ष को ऐसी मिट्टी चाहिए जिसमें ड्रेनेज अच्छा हो. इसके लिए 60% गार्डन मिट्टी, 30% जैविक खाद (गोबर की खाद) और 10% कोकोपीट मिलाएं. साथ ही, मिट्टी में थोड़ी सी रेत और कंकड़ भी मिलाएं ताकि मिट्टी में हवा बनी रहे और जड़ों को ऑक्सीजन मिलती रहे.

5 / 6रुद्राक्ष को ठंडी और मध्यम जलवायु पसंद है. अगर आप गर्म इलाके में रहते हैं तो इसे शेड या आंशिक छांव में रखें, खासकर तब जब तापमान 35 डिग्री सेल्सियस से ऊपर चला जाए. सर्दियों में इसे सीधी धूप में रखें ताकि यह अच्छे से फल सके.

रुद्राक्ष को ठंडी और मध्यम जलवायु पसंद है. अगर आप गर्म इलाके में रहते हैं तो इसे शेड या आंशिक छांव में रखें, खासकर तब जब तापमान 35 डिग्री सेल्सियस से ऊपर चला जाए. सर्दियों में इसे सीधी धूप में रखें ताकि यह अच्छे से फल सके.

6 / 6रुद्राक्ष को नियमित पानी देना चाहिए, लेकिन ध्यान रहे कि पानी गमले में जमा न हो. गर्मियों में सिंचाई अधिक करनी होती है और सर्दियों में कम. बारिश में अतिरिक्त पानी देने की जरूरत नहीं होती. जब पौधा 8 फीट तक बढ़ जाए तो उसकी छंटाई (प्रूनिंग) जरूर करें. साथ ही समय-समय पर जैविक खाद देते रहें.

रुद्राक्ष को नियमित पानी देना चाहिए, लेकिन ध्यान रहे कि पानी गमले में जमा न हो. गर्मियों में सिंचाई अधिक करनी होती है और सर्दियों में कम. बारिश में अतिरिक्त पानी देने की जरूरत नहीं होती. जब पौधा 8 फीट तक बढ़ जाए तो उसकी छंटाई (प्रूनिंग) जरूर करें. साथ ही समय-समय पर जैविक खाद देते रहें.

Get Latest   Farming Tips ,  Crop Updates ,  Government Schemes ,  Agri News ,  Market Rates ,  Weather Alerts ,  Equipment Reviews and  Organic Farming News  only on KisanIndia.in

कीवी उत्पादन के मामले में देश का सबसे प्रमुख राज्य कौन सा है

Bihar Government Is Giving 60 Percent Subsidy On Modern Machines

कम मेहनत, कम लागत और ज्यादा पैदावार! इन आधुनिक कृषि मशीनों पर बिहार सरकार दे रही 60 फीसदी सब्सिडी

Agricultural Machinery On Discount Happy Seeders Power Tillers To Drones Purchase Begins For Farmers Check How To Apply

हैप्पी सीडर, पॉवर टिलर से ड्रोन खरीदने तक का मौका, 80 फीसदी छूट पर कृषि यंत्रों के लिए आवेदन आज से शुरू

Cattle Care Tips Livestock Owners Beware Small Mistake Winter Can Cause Serious Illnesses Animals

पशुपालक रहें सावधान! सर्दियों में एक छोटी गलती पशुओं को बना सकती है गंभीर बीमारियों का शिकार, ऐसे करें बचाव

Robusta Coffee Prices Pressure Vietnam Supply Indian Growers Rising Costs

वियतनाम की बंपर फसल का असर, भारत में रोबस्टा कॉफी के दाम लुढ़के, किसानों की मुश्किलें बढ़ीं

Imd Weather Breaking Severe Cold And Dense Fog North India Cold Wave Intensifies Heavy Rain Alert Issued Southern States

IMD Weather Breaking: उत्तर भारत में भीषण ठंड और घना कोहरा, दक्षिणी राज्यों में बारिश का अलर्ट

Over 20 Million Farmers Learned Modern Farming Techniques During 5 Years Under Kisan Pathshala In Uttar Pradesh

मॉडर्न फार्मिंग में पुरुषों से आगे महिलाएं.. खुद किसानों को दे रहीं ट्रेनिंग, 5 साल में 2 करोड़ ने सीखी आधुनिक खेती