चीनी के बाद शक्कर-गुड़ भी महंगे,15 फीसदी तक बढ़े दाम.. मिठाई कारोबारियों की बढ़ी चिंता
पंजाब में चीनी, शक्कर, गुड़ और ब्राउन शुगर की कीमतों में पिछले एक महीने में 10 से 15 फीसदी तक बढ़ोतरी हुई है. अमृतसर में चीनी 54-56 रुपये किलो पहुंच गई है. कारोबारी कीमतों को लेकर चिंतित हैं. वहीं, एक्सपर्ट का कहना है कि देश में चीनी की कमी नहीं है और बढ़ी कीमतों से शुगर इंडस्ट्री को फायदा मिल सकता है.
चीनी की कीमतों में बढ़ोतरी के बाद अब शक्कर, गुड़ और ब्राउन शुगर के दाम भी तेजी से बढ़ गए हैं. खासकर पंजाब में महंगाई का असर कुछ ज्यादा ही देखने को मिल रहा है. पिछले एक महीने में शक्कर, गुड़ और ब्राउन शुगर की कीमतों में करीब 10 से 15 फीसदी तक की बढ़ोतरी हुई है. इससे आम लोगों की जेब पर अतिरिक्त बोझ बढ़ गया है. विशेषज्ञों का कहना है कि कीमतों में इस बढ़ोतरी का सबसे ज्यादा असर मिठाई कारोबारियों पर पड़ सकता है.
द ट्रिब्यून की रिपोर्ट के मुताबिक, अमतृसर में चीनी की कीमत अब 54 से 56 रुपये प्रति किलो हो गई है, जो पहले 46 से 48 रुपये थी. इसी तरह शक्कर 80 से बढ़कर 90 रुपये, गुड़ 80 से बढ़कर 90 रुपये और ब्राउन शुगर 75 से बढ़कर 90 रुपये प्रति किलो हो गई है. किराना कारोबारियों का कहना है कि चीनी और दूसरी जरूरी चीजों की कीमतों में अचानक बढ़ोतरी से यह चिंता बढ़ गई है कि आम लोगों के लिए जरूरी सामान आगे भी सस्ता रहेगा या नहीं. उन्होंने सरकार से मांग की कि चीनी को इथेनॉल बनाने में इस्तेमाल करने की मात्रा को नियंत्रित किया जाए, ताकि कीमतें स्थिर बनी रहें. साथ ही सरकार को यह सुनिश्चित करना चाहिए कि कुछ लोग चीनी का अनावश्यक रूप से स्टॉक जमा न करें और बाद में उसे ज्यादा कीमत पर न बेचें.
ड्राई फ्रूट्स महंगे होने के बावजूद मिठाइयों के दाम स्थिर
पंजाब अचार मुरब्बा एसोसिएशन के अध्यक्ष राकेश ठुकराल ने कहा कि हिमाचल प्रदेश और जम्मू-कश्मीर से सेब की आवक शुरू हो गई है. सेब के मुरब्बे की मांग हमेशा बनी रहती है, लेकिन चीनी महंगी होने से उपभोक्ताओं को चीनी से बने उत्पादों के लिए ज्यादा कीमत चुकानी पड़ सकती है. वहीं, एक प्रमुख पारंपरिक मिठाई कारोबारी संकेत कांबोज ने फिलहाल मिठाइयों के दाम बढ़ाने से इनकार किया है. उन्होंने कहा कि हाल ही में ड्राई फ्रूट्स की कीमतों में करीब 7 फीसदी बढ़ोतरी के बावजूद मिठाइयों के दाम नहीं बढ़ाए गए हैं.
गन्ने की कीमत और मजदूरी बढ़ने से बढ़ी चीनी की लागत
गुरु नानक देव यूनिवर्सिटी के फूड साइंस विभाग में शुगर टेक्नोलॉजी के प्रोफेसर आरएसएस कालेर ने कहा कि देश में चीनी का पर्याप्त स्टॉक है और किसी तरह की कमी नहीं है. उन्होंने कहा कि गन्ने की कीमत और मजदूरी बढ़ने से चीनी की लागत भी बढ़ी है. पंजाब सरकार देश में किसानों को गन्ने का सबसे ज्यादा खरीद मूल्य दे रही है. कालेर के मुताबिक, चीनी की कीमत में करीब 7 से 8 रुपये की बढ़ोतरी हुई है, जो शुगर इंडस्ट्री के लिए अच्छी बात है. इससे गन्ना उद्योग में पैसा आएगा और कारोबार को सहारा मिलेगा. उन्होंने कहा कि स्वास्थ्य को लेकर बढ़ती जागरूकता के कारण लोग चीनी का इस्तेमाल भी कम कर रहे हैं.