Mandi Bhav: ईरान-इजरायल जंग से प्याज का निर्यात प्रभावित, लासलगांव मंडी में 1100 रुपये क्विंटल हुआ रेट

लासलगांव मंडी में प्याज का रेट बहुत कम हो गया है. ऐसे में किसानों को नुकसान हो रहा है. व्यापारियों का कहना है कि 2025-26 सीजन की रबी फसल बाजार में आने के बाद आने वाले महीनों में भी प्याज के दाम और गिर सकते हैं. इससे किसानों की आर्थिक स्थिति दयनीय हो सकती है.

नोएडा | Updated On: 10 Apr, 2026 | 04:06 PM

Onion Mandi Rate: ईरान- इजरायल के बीच जारी जंग की वजह से खाड़ी देशों को होने वाला प्याज का निर्यात प्रभावित हुआ है. इससे किसानों की कमाई पर असर पड़ा है, क्योंकि मंडियों में प्याज के रेट में गिरावट आ गई है. खासकर नासिक स्थित एशिया की सबसे बड़ी प्याज मंडी लासलगांव में स्थिति और खराब हो गई है. कहा जा रहा है कि निर्यात प्रभावित होने के चलते प्याज के दाम घटकर 1100 रुपये क्विंटल (क्वालिटी के अधार पर)  तक पहुंच गए हैं. वहीं, व्यापारियों का कहना है कि 2025-26 सीजन की रबी फसल बाजार में आने के बाद आने वाले महीनों में प्याज के दाम और गिर सकते हैं. इससे किसानों को नुकसान ही होगा.

लासलगांव APMC के निदेशक जयदत्त होलकर ने फाइनेंशियल एक्सप्रेस से कहा कि मौजूदा कीमतें किसानों की सिर्फ उत्पादन लागत ही निकाल पा रही हैं. उन्होंने कहा कि निर्यात में आई कमी का सीधा असर दामों पर पड़ा है. उन्होंने सरकार से प्याज निर्यात  को बढ़ावा देने के लिए प्रोत्साहन देने की मांग की है. निर्यातकों के अनुसार, पश्चिम एशिया में चल रहे युद्ध के कारण प्याज ही नहीं अन्य खाद्य पदार्थों के होने वाले निर्यात पर काफी असर पड़ा है. चावल, फल और सब्जियों का निर्यात बुरी तरह प्रभावित हुआ है, क्योंकि मालभाड़ा कई गुना बढ़ गया है और शिपिंग कंपनियां बहुत सीमित संख्या में ही माल बुक कर रही हैं.

अप्रैल महीने के दौरान महाराष्ट्र में प्याज के थोक दाम

मंडी (APMC) 9–15 अप्रैल 2026 (₹/क्विंटल) 1–8 अप्रैल 2026 (₹/क्विंटल) 9–15 मार्च 2026 (₹/क्विंटल) 9–15 अप्रैल 2025 (₹/क्विंटल) पिछले सप्ताह से बदलाव पिछले महीने से बदलाव पिछले साल से बदलाव
अहमदनगर APMC 750.00 731.10 774.44 928.88 ↑ 2.6% ↓ 3.2% ↓ 19.3%
लासलगांव APMC 1083.16 1088.18 926.86 1100.61 ↓ 0.5% ↑ 16.9% ↓ 1.6%
लासलगांव (निफाड) APMC 1202.30 1026.46 943.56 1041.48 ↑ 17.1% ↑ 27.4% ↑ 15.4%
लासलगांव (विंचूर) APMC 1053.93 1018.93 922.34 1149.74 ↑ 3.4% ↑ 14.3% ↓ 8.3%
छत्रपति संभाजीनगर APMC 625.00 698.49 777.41 830.04 ↓ 10.5% ↓ 19.6% ↓ 24.7%

नोट: प्याज रेट के आंकड़े Agmarknet से लिए गए हैं

प्याज के प्रमुख निर्यातक अजीत शाह ने कहा कि कुछ ही कंटेनर प्याज और सब्जियों के खोरफक्कान और फुजैरा पोर्ट (दुबई) भेजे जा रहे हैं, जो इस क्षेत्र के बड़े जिबेल अली पोर्ट की तुलना में बहुत कम क्षमता वाले हैं. उपभोक्ता मामले विभाग के अनुसार, गुरुवार को प्याज की औसत खुदरा कीमत घटकर 25 रुपये प्रति किलो रह गई है, जो पिछले साल की तुलना में करीब 18 फीसदी कम है. फरवरी 2026 में प्याज की महंगाई दर 28.2 फीसदी तक कम दर्ज की गई थी, और मई 2025 से लगातार यह नकारात्मक दायरे में बनी हुई है.

बेमौसम बारिश से फसल नुकसान

महाराष्ट्र के बड़े किसान नेता और शेतकरी संगठन के अध्यक्ष अनिल सिंह घनवत ने किसान इंडिया को बताया कि कई मंडियों में प्याज की कीमत 900 रुपये प्रति क्विंटल तक गिर गई है, जबकि इसकी उत्पादन लागत 1500 से 1800 रुपये प्रति क्विंटल है, जिससे किसानों के लिए लागत निकालना मुश्किल हो गया है. साथ ही, बेमौसम बारिश और ओलावृष्टि ने फसलों को और नुकसान पहुंचाया है. मराठवाड़ा, उत्तरी महाराष्ट्र और पश्चिमी महाराष्ट्र  जैसे बड़े कृषि क्षेत्रों में फसल बुरी तरह प्रभावित हुई है, जिससे किसानों की परेशानियां और बढ़ गई हैं.

बफर स्टॉक के लिए 2 लाख टन होगी प्याज की खरीदी

हालांकि, सरकार ने कीमतों को स्थिर रखने के लिए ‘प्राइस स्टेबलाइजेशन फंड (PSF)’ के तहत 2 लाख टन प्याज खरीदने की मंजूरी दी है, ताकि 2026-27 के लिए बफर स्टॉक तैयार किया जा सके. इस योजना के तहत NAFED और NCCF को निर्देश दिए गए हैं कि वे मुख्य रूप से महाराष्ट्र के बाजारों में साप्ताहिक कीमतों के आधार पर रबी सीजन 2026 के लिए प्याज की खरीद की तैयारी करें.

Published: 10 Apr, 2026 | 03:57 PM

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