महाराष्ट्र के किसानों के लिए बड़ी राहत! PM फसल बीमा योजना की डेडलाइन बढ़ी, 10 अगस्त तक करें आवेदन
PMFBY Maharashtra: महाराष्ट्र सरकार ने प्रधानमंत्री फसल बीमा योजना (PMFBY) में आवेदन की अंतिम तारीख 31 जुलाई से बढ़ाकर 10 अगस्त कर दी है. अब तक 61.82 लाख किसानों ने योजना में पंजीकरण कराया है. सरकार ने बताया कि तकनीकी दिक्कतों और दस्तावेज संबंधी समस्याओं के कारण कई किसान आवेदन नहीं कर पाए थे.
PM Fasal Bima Yojana: महाराष्ट्र सरकार ने किसानों को बड़ी राहत देते हुए प्रधानमंत्री फसल बीमा योजना (PMFBY) में आवेदन की अंतिम तारीख बढ़ा दी है. पहले इस योजना में पंजीकरण की आखिरी तारीख 31 जुलाई थी, लेकिन अब किसान 10 अगस्त तक आवेदन कर सकेंगे. सरकार का कहना है कि कई किसान तकनीकी दिक्कतों, जरूरी दस्तावेज पूरे न होने और अन्य व्यक्तिगत कारणों से समय पर आवेदन नहीं कर पाए थे. ऐसे किसानों को मौका देने के लिए यह फैसला लिया गया है. राज्य के कृषि मंत्री दत्तात्रेय भरणे ने किसानों से अपील की है कि वे नई समयसीमा का पूरा लाभ उठाएं और जल्द से जल्द फसल बीमा योजना में अपना पंजीकरण पूरा करें.
61.82 लाख किसानों ने कराया पंजीकरण
कृषि विभाग के मुताबिक, अब तक 61.82 लाख किसानों ने प्रधानमंत्री फसल बीमा योजना में अपना नाम दर्ज कराया है. यह संख्या लगातार बढ़ रही है और सरकार चाहती है कि कोई भी पात्र किसान इस योजना से वंचित न रहे. अलग-अलग क्षेत्रों में पंजीकरण की बात करें तो सबसे ज्यादा भागीदारी मराठवाड़ा क्षेत्र में देखने को मिली है. वहीं कोंकण में सबसे कम किसानों ने इस योजना के लिए आवेदन किया है.
अलग-अलग क्षेत्रों में कितने किसानों ने कराया पंजीकरण
सरकारी आंकड़ों के अनुसार,
- कोंकण क्षेत्र में 1.02 लाख
- नासिक में 3.33 लाख
- पुणे में 6.08 लाख
- कोल्हापुर में 2.40 लाख
- छत्रपति संभाजीनगर में 13.25 लाख
- लातूर में 2.43 लाख
- अमरावती में 6.92 लाख
- और नागपुर में 4.53 लाख किसानों ने योजना में पंजीकरण कराया है.
सरकार का मानना है कि, आने वाले दिनों में आवेदन की संख्या और बढ़ेगी क्योंकि अब किसानों को अतिरिक्त समय मिल गया है.
अल नीनो के बीच बीमा कराने की सलाह
कृषि मंत्री ने कहा कि इस साल अल नीनो जैसी मौसम संबंधी परिस्थितियों को देखते हुए फसल बीमा कराना पहले से ज्यादा जरूरी हो गया है. मौसम में अचानक बदलाव, कम या ज्यादा बारिश और अन्य प्राकृतिक आपदाओं का खतरा बना हुआ है. ऐसे में फसल बीमा किसानों को आर्थिक सुरक्षा दे सकता है. उन्होंने कहा कि अगर किसी किसान की फसल प्राकृतिक कारणों से खराब होती है तो योजना के तहत उसे आर्थिक सहायता मिल सकती है, जिससे नुकसान की भरपाई करने में मदद मिलेगी.
किन परिस्थितियों में मिलता है बीमा का लाभ?
प्रधानमंत्री फसल बीमा योजना के तहत किसानों को सूखा, बाढ़, अत्यधिक बारिश, ओलावृष्टि, तूफान और अन्य प्राकृतिक आपदाओं से फसल खराब होने पर आर्थिक मदद दी जाती है. इसका उद्देश्य किसानों को खेती में होने वाले नुकसान से बचाना और उनकी आय को सुरक्षित रखना है.
आवेदन कैसे करें?
सरकार ने किसानों के लिए आवेदन प्रक्रिया को आसान बनाया है. किसान PMFBY Crop Insurance App, प्रधानमंत्री फसल बीमा योजना की आधिकारिक वेबसाइट (https://pmfby.gov.in/) या अपने नजदीकी कॉमन सर्विस सेंटर (CSC) के माध्यम से आवेदन कर सकते हैं. जिन किसानों ने फसल ऋण लिया है, उन्हें अपने संबंधित बैंक से संपर्क करने की सलाह दी गई है. वहीं जिन किसानों ने ऋण नहीं लिया है, वे ऑनलाइन पोर्टल या CSC केंद्र पर जाकर आवेदन कर सकते हैं.
10 अगस्त तक जरूर पूरा करें आवेदन
सरकार ने साफ कहा है कि कोई भी पात्र किसान योजना के लाभ से वंचित नहीं रहना चाहिए. इसलिए जिन किसानों ने अभी तक आवेदन नहीं किया है, वे 10 अगस्त से पहले अपना पंजीकरण पूरा कर लें. समय रहते बीमा कराने से किसी भी प्राकृतिक आपदा की स्थिति में आर्थिक नुकसान की भरपाई करने में मदद मिल सकती है और खेती का जोखिम काफी हद तक कम हो सकता है.