शिवराज-योगी बैठक में बड़े फैसले, MSP खरीद अवधि बढ़ी, 6.18 लाख पक्के मकानों को हरी झंडी
MSP Procurement: यूपी के किसानों और ग्रामीण परिवारों को बड़ी राहत मिली है. सरकार ने गेहूं, चना और मसूर की MSP पर खरीद की तारीख बढ़ा दी है. वहीं पीएम आवास योजना के तहत 6.18 लाख से ज्यादा गरीब परिवारों को पक्के घर की मंजूरी दी गई है.
Kharif Season 202: उत्तर प्रदेश के किसानों और ग्रामीण परिवारों के लिए बड़ी खुशखबरी सामने आई है. लखनऊ में आयोजित एक महत्वपूर्ण बैठक में केंद्रीय कृषि मंत्री शिवराज सिंह चौहान और सीएम योगी के बीच कई अहम फैसलों पर सहमति बनी है. इन फैसलों का सीधा फायदा किसानों, गरीब परिवारों और ग्रामीण क्षेत्रों में रहने वाले लोगों को मिलने की उम्मीद है. सरकार ने एक ओर किसानों को अपनी फसल बेचने के लिए अतिरिक्त समय दिया है.
वहीं दूसरी ओर लाखों गरीब परिवारों के लिए पक्के मकानों को मंजूरी भी दी गई है. साथ ही बदलते मौसम और अल नीनो जैसी चुनौतियों से निपटने के लिए नई कृषि रणनीति पर भी काम शुरू हो गया है.
MSP पर फसल बेचने के लिए मिला अतिरिक्त समय
बैठक में किसानों के हित को ध्यान में रखते हुए रबी विपणन वर्ष 2026-27 के लिए गेहूं, चना और मसूर की सरकारी खरीद अवधि बढ़ाने का फैसला लिया गया. अब किसान 8 जुलाई 2026 तक अपनी उपज न्यूनतम समर्थन मूल्य (MSP) पर सरकारी खरीद केंद्रों पर बेच सकेंगे. पहले यह 24 जून तक निर्धारित थी. इस फैसले से उन किसानों को राहत मिलेगी जो किसी कारणवश अब तक अपनी फसल नहीं बेच पाए थे. अतिरिक्त समय मिलने से किसानों को अपनी उपज का उचित मूल्य प्राप्त करने का अवसर मिलेगा.
आज मैं उत्तर प्रदेश की पुण्य भूमि पर आया हूँ और अपने साथ राज्य के किसान भाइयों-बहनों तथा गरीब परिवारों के लिए सौगात लाया हूँ; जिनके स्वीकृति-पत्र माननीय मुख्यमंत्री श्री @myogiadityanath जी को सौंपे।
हमने राज्य सरकार के अनुरोध पर किसानों के हित में चना, मसूर और सरसों की MSP… pic.twitter.com/BRGQ8a7SYX
— Shivraj Singh Chouhan (@ChouhanShivraj) June 25, 2026
कृषि उत्पादन में यूपी की अहम भूमिका
बैठक के दौरान केंद्रीय मंत्री शिवराज सिंह चौहान ने बताया कि, उत्तर प्रदेश देश की कृषि व्यवस्था में महत्वपूर्ण योगदान देता है. देश में उत्पादित कुल गेहूं का लगभग 38 प्रतिशत हिस्सा अकेले उत्तर प्रदेश से आता है. इसी वजह से केंद्र और राज्य सरकार किसानों की समस्याओं और जरूरतों को प्राथमिकता देते हुए लगातार नई योजनाएं और फैसले लागू कर रही हैं.
गरीब परिवारों को मिलेगा पक्का घर
ग्रामीण क्षेत्रों में रहने वाले जरूरतमंद परिवारों के लिए भी बड़ी राहत की घोषणा की गई है. सरकार ने प्रधानमंत्री आवास योजना (ग्रामीण) के तहत उत्तर प्रदेश के लिए 6,18,482 पक्के मकानों को मंजूरी दी है. हाल ही में राज्य में कच्चे मकानों का सर्वे पूरा किया गया था, जिसके आधार पर पात्र परिवारों की पहचान की गई. इस योजना का उद्देश्य ऐसे परिवारों को सुरक्षित और सम्मानजनक आवास उपलब्ध कराना है जो अभी तक कच्चे मकानों में रहने को मजबूर हैं.
बदलते मौसम के लिए बनेगी नई कृषि योजना
पिछले कुछ सालों में बढ़ते तापमान, घटते भूजल स्तर और जलवायु परिवर्तन ने खेती के सामने नई चुनौतियां खड़ी कर दी हैं. इन्हीं समस्याओं को ध्यान में रखते हुए उत्तर प्रदेश के लिए एक विशेष कृषि कार्ययोजना तैयार की जा रही है. इस योजना में वैज्ञानिक खेती, जल संरक्षण और मौसम के अनुसार फसल प्रबंधन जैसे विषयों पर विशेष ध्यान दिया जाएगा. राज्य सरकार और कृषि विशेषज्ञ मिलकर इसका अंतिम स्वरूप तय करेंगे.
अल नीनो से निपटने की तैयारी
इस साल अल नीनो का असर मॉनसून पर पड़ सकता है, जिससे कई क्षेत्रों में सामान्य से कम बारिश होने की आशंका है. इसे देखते हुए सरकार जिला स्तर पर आकस्मिक योजनाएं तैयार कर रही है. किसानों को कम पानी में तैयार होने वाली और कम अवधि वाली फसलों को अपनाने के लिए प्रोत्साहित किया जाएगा.
साथ ही फसल विविधीकरण पर भी जोर दिया जाएगा ताकि मौसम की मार का असर कम हो और किसानों की आय सुरक्षित रह सके. सरकार का मानना है कि समय रहते तैयारी करने से संभावित सूखे या कम बारिश की स्थिति में किसानों को नुकसान से बचाया जा सकता है.