Photos: छोटा हो या बड़ा खेत, ट्रैक्टर चुनने में की ये गलती तो पैसे, समय और मेहनत सब होंगे बर्बाद! जानें

Compact tractor vs Utility tractor: भारत में खेती अब पहले जैसी नहीं रही, अब किसान के पास बड़े खेत हों या छोटे, ट्रैक्टर उनकी मेहनत का सबसे बड़ा साथी बन गया है. लेकिन सवाल ये है कि, कॉम्पैक्ट ट्रैक्टर लें या रेगुलर (यूटिलिटी) ट्रैक्टर? सही ट्रैक्टर नहीं चुना तो पैसा और समय दोनों बर्बाद हो सकते हैं. ऐसे में आइए आपकी जरूरत के हिसाब से समझते हैं कि आपके लिए कौन सा ट्रैक्टर सही रहेगा जिससे आपकी मेहनत और कमाई दोनों बढ़ सकती हैं.

Isha Gupta
नोएडा | Published: 26 Feb, 2026 | 11:19 AM
1 / 6ट्रैक्टर सिर्फ खेत में काम करने का साधन नहीं है, बल्कि यह किसान का सबसे बड़ा साथी बन चुका है. सही ट्रैक्टर का चुनाव जमीन के आकार, फसल के प्रकार और काम की प्रकृति के अनुसार करना चाहिए. गलत विकल्प लेने पर ईंधन खर्च बढ़ सकता है और रखरखाव महंगा पड़ सकता है.

ट्रैक्टर सिर्फ खेत में काम करने का साधन नहीं है, बल्कि यह किसान का सबसे बड़ा साथी बन चुका है. सही ट्रैक्टर का चुनाव जमीन के आकार, फसल के प्रकार और काम की प्रकृति के अनुसार करना चाहिए. गलत विकल्प लेने पर ईंधन खर्च बढ़ सकता है और रखरखाव महंगा पड़ सकता है.

2 / 6कॉम्पैक्ट ट्रैक्टर: कॉम्पैक्ट ट्रैक्टर छोटे और मध्यम किसानों, बागवानी, ग्रीनहाउस और हल्के कृषि कार्यों के लिए बेहतरीन हैं. छोटे आकार के कारण ये तंग जगहों में आसानी से काम कर जाते हैं, खेतों के किनारे, बगीचों और पौधों के बीच भी बिना परेशानी के काम कर सकते हैं.

कॉम्पैक्ट ट्रैक्टर: कॉम्पैक्ट ट्रैक्टर छोटे और मध्यम किसानों, बागवानी, ग्रीनहाउस और हल्के कृषि कार्यों के लिए बेहतरीन हैं. छोटे आकार के कारण ये तंग जगहों में आसानी से काम कर जाते हैं, खेतों के किनारे, बगीचों और पौधों के बीच भी बिना परेशानी के काम कर सकते हैं.

3 / 6इनकी ईंधन खपत कम होती है और स्टोर करना, ट्रांसपोर्ट करना आसान है. हल्की जुताई, घास काटना, स्प्रे करना और छोटे उपकरण चलाने में ये ट्रैक्टर बेहतरीन प्रदर्शन देते हैं. छोटे किसानों के लिए यह किफायती विकल्प है और इनकी रखरखाव लागत भी अपेक्षाकृत कम होती है.

इनकी ईंधन खपत कम होती है और स्टोर करना, ट्रांसपोर्ट करना आसान है. हल्की जुताई, घास काटना, स्प्रे करना और छोटे उपकरण चलाने में ये ट्रैक्टर बेहतरीन प्रदर्शन देते हैं. छोटे किसानों के लिए यह किफायती विकल्प है और इनकी रखरखाव लागत भी अपेक्षाकृत कम होती है.

4 / 6रेगुलर (यूटिलिटी) ट्रैक्टर: यदि आपकी जमीन 10 एकड़ या उससे ज्यादा है, या आप व्यावसायिक खेती करते हैं, तो रेगुलर या यूटिलिटी ट्रैक्टर बेहतर विकल्प हैं. इनकी पावर आमतौर पर 40 से 50 हॉर्सपावर या उससे ज्यादा होती है, जिससे भारी जुताई, बड़े कृषि उपकरण और ट्रॉली खींचना आसान हो जाता है.

रेगुलर (यूटिलिटी) ट्रैक्टर: यदि आपकी जमीन 10 एकड़ या उससे ज्यादा है, या आप व्यावसायिक खेती करते हैं, तो रेगुलर या यूटिलिटी ट्रैक्टर बेहतर विकल्प हैं. इनकी पावर आमतौर पर 40 से 50 हॉर्सपावर या उससे ज्यादा होती है, जिससे भारी जुताई, बड़े कृषि उपकरण और ट्रॉली खींचना आसान हो जाता है.

5 / 6बड़े टायर और ज्यादा ग्राउंड क्लीयरेंस वाले ये ट्रैक्टर ऊबड़-खाबड़ जमीन पर भी आसानी से काम कर सकते हैं. मजबूत हाइड्रोलिक क्षमता उन्हें कई तरह के उपकरण लगाने और बड़े कार्य करने में सक्षम बनाती है. बड़े किसान, डेयरी फार्म और ठेके पर खेती करने वाले इनके प्रमुख लाभार्थी हैं.

बड़े टायर और ज्यादा ग्राउंड क्लीयरेंस वाले ये ट्रैक्टर ऊबड़-खाबड़ जमीन पर भी आसानी से काम कर सकते हैं. मजबूत हाइड्रोलिक क्षमता उन्हें कई तरह के उपकरण लगाने और बड़े कार्य करने में सक्षम बनाती है. बड़े किसान, डेयरी फार्म और ठेके पर खेती करने वाले इनके प्रमुख लाभार्थी हैं.

6 / 6ट्रैक्टर का चुनाव केवल पावर पर नहीं, बल्कि बजट और काम की प्रकृति पर निर्भर करता है. 1-10 एकड़ तक छोटे खेत और हल्के काम के लिए कॉम्पैक्ट ट्रैक्टर उपयुक्त है. बड़े खेत, भारी जुताई और बड़े उपकरण के लिए रेगुलर ट्रैक्टर निवेश ज्यादा लेकिन लाभकारी विकल्प है.

ट्रैक्टर का चुनाव केवल पावर पर नहीं, बल्कि बजट और काम की प्रकृति पर निर्भर करता है. 1-10 एकड़ तक छोटे खेत और हल्के काम के लिए कॉम्पैक्ट ट्रैक्टर उपयुक्त है. बड़े खेत, भारी जुताई और बड़े उपकरण के लिए रेगुलर ट्रैक्टर निवेश ज्यादा लेकिन लाभकारी विकल्प है.

Get Latest   Farming Tips ,  Crop Updates ,  Government Schemes ,  Agri News ,  Market Rates ,  Weather Alerts ,  Equipment Reviews and  Organic Farming News  only on KisanIndia.in

खीरे की फसल के लिए किस प्रकार की मिट्टी सबसे अच्छी मानी जाती है?