CM-KISAN योजना की चौथी किस्त जारी, 41 लाख किसानों को खाते में 838 करोड़ ट्रांसफर
CM KISAN Installment Released: ओडिशा के मुख्यमंत्री मोहन चरण माझी ने आज सोमवार को मुख्यमंत्री किसान योजना की चौथी किस्त के तौर पर 41.68 लाख किसानों को 838 करोड़ रुपये से ज्यादा की रकम जारी कर दी है.
ओडिशा के मुख्यमंत्री मोहन चरण माझी ने आज सोमवार को मुख्यमंत्री किसान योजना की चौथी किस्त के तौर पर 41.68 लाख किसानों को 838 करोड़ रुपये से ज्यादा की रकम जारी कर दी है.
कृषि और किसान सशक्तिकरण विभाग का प्रभार संभाल रहे उपमुख्यमंत्री केवी सिंह देव के साथ सीएम माझी ने कटक के केंद्रीय चावल अनुसंधान संस्थान (CRRI) में आयोजित राज्य-स्तरीय ‘कृषक दिवस 2026’ समारोह में यह राशि ट्रांसफर की है. राज्य ‘अक्षय तृतीया’ के कृषि उत्सव के अवसर पर ‘कृषक दिवस’ मनाता है, जिसे पूरे राज्य में धूमधाम से मनाया जा रहा है. इस मौके पर किसानों को रकम भेजी गई है.
41 लाख किसानों के खाते में पहुंचे 838 करोड़ रुपये
मुख्यमंत्री ने सभा को संबोधित करते हुए कहा कि CM-Kisan के हर लाभार्थी को आने वाले खरीफ फसल के मौसम के लिए वित्तीय सहायता के तौर पर उनके बैंक खातों में 2,000 रुपये मिले हैं. उन्होंने बताया कि जिन 41,68,582 किसानों को यह वित्तीय सहायता मिली है, उनमें से 41,049 भूमिहीन हैं और 3,292 आदिवासी किसान हैं. बाकी 41,24,241 लाभार्थी छोटे और सीमांत किसान थे.
ओडिशा के किसानों को सालाना मिल रहे 10 हजार रुपये
मुख्यमंत्री ने कहा कि आज CM-Kisan के तहत दी गई यह वित्तीय सहायता छोटे और सीमांत किसानों को बीज और खाद खरीदने में मदद करेगी. इस योजना के तहत पूरे ओडिशा में पात्र किसानों को हर साल दो किस्तों में 4,000 रुपये मिलते हैं. सीएम मांझी ने कहा कि ओडिशा के किसानों को हर साल 10,000 रुपये की वित्तीय सहायता मिलती है. उन्होंने बताया कि 4,000 रुपये CM-Kisan के तहत और 6,000 रुपये PM Kisan के तहत किसानों को दिया जाता है.
ओडिशा में कृषि क्षेत्र की विकास दर 5.3 फीसदी तक पहुंची
सीएम मांझी ने कहा कि “हमारी सरकार राज्य के ‘अन्नदाताओं’ की समग्र समृद्धि के लिए और कृषि अर्थव्यवस्था को मजबूत बनाने के लिए पूरी तरह से प्रतिबद्ध है. आज हम खरीफ-2026 के लिए CM-Kisan योजना के तहत वित्तीय सहायता की राशि सीधे किसानों के खातों में भेजना शुरू कर रहे हैं. मुख्यमंत्री ने बताया कि ओडिशा में कृषि क्षेत्र की विकास दर 5.3 फीसदी तक पहुंच गई है, जो राष्ट्रीय औसत 4.4 फीसदी से काफी ज्यादा है.
ଆଜି ପବିତ୍ର ଅକ୍ଷୟ ତୃତୀୟା ଓ ରାଜ୍ୟସ୍ତରୀୟ କୃଷକ ଦିବସ ଅବସରରେ କଟକସ୍ଥିତ କେନ୍ଦ୍ରୀୟ ଧାନ ଗବେଷଣା କେନ୍ଦ୍ର (CRRI) ପରିସରରେ ଆୟୋଜିତ କାର୍ଯ୍ୟକ୍ରମରେ ଯୋଗଦେଇ ମୁଁ ଅତ୍ୟନ୍ତ ଆନନ୍ଦିତ। ଏହି ଶୁଭ ଅବସରରେ ରାଜ୍ୟର ଅନ୍ନଦାତା ଭାଇଭଉଣୀମାନଙ୍କୁ ‘ସିଏମ-କିଷାନ’ ଯୋଜନାରେ ସହାୟତା ରାଶି ପ୍ରଦାନ କରିବା ସହ ଚାଷୀଙ୍କ ଦୁଆରମୁହଁରେ ଉନ୍ନତ… pic.twitter.com/70u3noJWwG
— Mohan Charan Majhi (@MohanMOdisha) April 20, 2026
ओडिशा चावल का उत्पादन करने वाला दूसरा सबसे बड़ा राज्य
मुख्यमंत्री ने कहा कि यह इस बात का संकेत है कि हमारी कृषि नीतियों के अच्छे नतीजे निकले हैं और साथ ही यह भी जोड़ा कि ओडिशा देश में चावल का उत्पादन करने वाला दूसरा सबसे बड़ा राज्य है. अक्षय तृतीया का विशेष महत्व है, क्योंकि पारंपरिक रूप से इसी दिन से धान की खेती का मौसम शुरू होता है. किसान ‘अखी मुठी’ रस्म निभाते हैं, जिसमें वे खास तौर पर चुने गए चावल के बीजों की एक मुट्ठी (मुठी) लेते हैं, प्रार्थना करते हैं, और भरपूर फसल के लिए ईश्वर का आशीर्वाद लेकर प्रतीकात्मक रूप से बुवाई करते हैं.