कृषि वैज्ञानिकों ने बनाया एक नया AI सिस्टम, अब पत्तियों से मिलेगी फसल बीमारी की पूरी जानकारी
हैदराबाद के शोधकर्ताओं ने खेती के क्षेत्र में नई तकनीक विकसित की है. AI आधारित यह सिस्टम पौधों की पत्तियों से बीमारी की पहचान कर सकता है. 20 हजार से अधिक तस्वीरों से तैयार यह मॉडल किसानों को समय पर फसल बचाने में मदद करेगा. इस तकनीक को पेटेंट भी मिल चुका है.
Artificial Intelligence: खेती में नई तकनीकों के इस्तेमाल को बढ़ावा देने की दिशा में एक बड़ी उपलब्धि सामने आई है. हैदराबाद स्थित वीएनआर विज्ञान ज्योति इंस्टीट्यूट ऑफ इंजीनियरिंग एंड टेक्नोलॉजी (VNRVJIET) के शोधकर्ताओं ने एक ऐसा AI आधारित सिस्टम तैयार किया है, जो पौधों की पत्तियों को देखकर उनमें लगी बीमारी की पहचान कर सकता है. इस तकनीक के लिए संस्थान के कंप्यूटर साइंस एंड इंजीनियरिंग विभाग को पेटेंट भी मिल चुका है.
इस नई तकनीक का नाम कन्वोल्यूशनल न्यूरल नेटवर्क (CNN) आधारित पत्ती रोग पहचान प्रणाली है. यह सिस्टम किसानों को फसल में बीमारी की शुरुआती जानकारी देने में मदद करेगा. इससे किसान समय रहते इलाज कर सकेंगे और फसल को होने वाले नुकसान को कम किया जा सकेगा. विशेषज्ञों के अनुसार, यह तकनीक आने वाले समय में स्मार्ट खेती को बढ़ावा देने में मददगार साबित हो सकती है.
20 हजार से अधिक तस्वीरों से तैयार किया गया AI मॉडल
शोधकर्ताओं ने इस AI सिस्टम को तैयार करने के लिए 20 हजार से ज्यादा पत्तियों की तस्वीरों का इस्तेमाल किया है. इस मॉडल को खासतौर पर टमाटर, आलू और मिर्च की फसलों में होने वाली बीमारियों की पहचान के लिए तैयार किया गया है. यह तकनीक पत्तियों के रंग, आकार और उनमें दिखाई देने वाले बदलावों को समझकर बीमारी का पता लगाती है. अगर किसी पौधे की पत्ती में बीमारी के शुरुआती संकेत दिखाई देते हैं, तो यह सिस्टम उसकी पहचान कर सकता है. इससे किसानों को फसल खराब होने से पहले ही सही कदम उठाने का मौका मिलेगा. साथ ही किसान जरूरत के अनुसार ही दवाओं और कीटनाशकों का इस्तेमाल कर सकेंगे, जिससे खेती की लागत कम करने में भी मदद मिलेगी.
किसान परिवार से मिली प्रेरणा, तैयार हुआ समाधान
इस तकनीक को विकसित करने वाली प्रमुख शोधकर्ता डॉ. विजय सरस्वती आर किसान परिवार से आती हैं. उन्होंने बचपन से ही खेती से जुड़ी परेशानियों को करीब से देखा है. उन्होंने देखा कि फसलों में बीमारी लगने से किसानों को आर्थिक नुकसान उठाना पड़ता है और उनकी आमदनी पर भी असर पड़ता है. किसानों की इसी समस्या को देखते हुए उन्होंने पत्तियों के जरिए बीमारी पहचानने वाली तकनीक विकसित करने पर काम शुरू किया. उनका उद्देश्य ऐसी आसान और उपयोगी तकनीक तैयार करना था, जिससे किसान समय रहते अपनी फसल को बचाने के लिए सही फैसला ले सकें.
कई विभागों के सहयोग से मिला पेटेंट
इस AI सिस्टम को तैयार करने में वीएनआरवीजेआईईटी के कई विभागों ने मिलकर काम किया. इसमें कंप्यूटर साइंस एंड इंजीनियरिंग, इंफॉर्मेशन टेक्नोलॉजी, इलेक्ट्रॉनिक्स एंड इलेक्ट्रिकल इंजीनियरिंग और इलेक्ट्रॉनिक्स एंड कम्युनिकेशन इंजीनियरिंग विभाग के शोधकर्ता शामिल रहे.
इस पेटेंट का विवरण इस प्रकार है:-
- पेटेंट का नाम:- कन्वोल्यूशनल न्यूरल नेटवर्क आधारित पत्ती रोग पहचान प्रणाली
- पेटेंट नंबर:- 588346
- आवेदन संख्या:- 202341031696
- पेटेंट मिलने की तारीख:- 05 मई 2026
यह तकनीक दिखाती है कि कैसे AI की मदद से खेती की पुरानी समस्याओं का समाधान निकाला जा सकता है. आने वाले समय में ऐसी तकनीकें किसानों को बेहतर उत्पादन लेने और फसल नुकसान कम करने में बड़ी मदद दे सकती हैं.