गन्ने के भाव को लेकर अंतरराष्ट्रीय विवाद! WTO में भारत से सवाल, क्या बदलेगा किसानों का FRP?
भारत के गन्ना किसानों को मिलने वाली कीमत और सरकार की चीनी नीति पर अब अंतरराष्ट्रीय स्तर पर सवाल उठ रहे हैं. मामला इतना बड़ा है कि ऑस्ट्रेलिया ने सीधे WTO यानी विश्व व्यापार संगठन में भारत से जवाब मांगा है. सवाल ये है कि क्या भारत गन्ना किसानों को WTO के नियमों में तय सीमा से ज्यादा बाजार समर्थन दे रहा है?
इसका भारत के किसानों और चीनी उद्योग पर क्या असर पड़ सकता है? दरअसल, ऑस्ट्रेलिया ने WTO में एक दस्तावेज जमा किया है, जिसमें भारत की घरेलू गन्ना और चीनी नीतियों पर सवाल उठाए गए हैं. ऑस्ट्रेलिया का दावा है कि भारत गन्ना किसानों को जो मार्केट प्राइस सपोर्ट दे रहा है, वह WTO के तय नियमों से काफी ज्यादा है.
और पढ़ें
- PM Kisan Yojana के लाभार्थियों को एडवांस में मिलेंगे 2000 रुपये, जानिए किस्त जारी करने के लिए मंत्रालय ने क्या कहा
- हल्दी, करौंदा की खेती पर सरकार दे रही 10 हजार रुपये, स्प्रिंकलर लगवाने पर 90 फीसदी सब्सिडी पाएं किसान
- यमुना और हिंडन की बाढ़ में अभी भी डूबे दर्जनों गांव, गन्ना में बीमारी लग रही.. गेहूं बुवाई में देरी की चिंता
Published: 10 Sep, 2026 | 06:12 PM