प्याज की कीमतों में लगी आग! थोक भाव 60 रुपये किलो, सप्लाई घटी तो 100 रुपये होगा दाम
चेन्नई में प्याज की कीमतों में तेज बढ़ोतरी हुई है. कोयंबेडु थोक बाजार में प्याज की आवक घटकर 30-40 ट्रक रह गई है. थोक भाव 60 रुपये और खुदरा कीमत 80 रुपये किलो पहुंच गई है. कारोबारियों ने सप्लाई नहीं बढ़ने पर भाव 100 रुपये किलो तक पहुंचने की आशंका जताई है. महंगे प्याज से ग्राहक, दुकानदार और होटल कारोबारी प्रभावित हैं.
Onion Mandi Rate: तमिलनाडु की राजधानी चेन्नई में प्याज की कीमतों में तेजी से बढ़ोतरी हुई है. चेन्नई के कोयंबेडु थोक बाजार में प्याज की आवक कम होने से कीमतें बढ़ी हैं. कारोबारियों का कहना है कि अगर महाराष्ट्र के नासिक और कर्नाटक के बेल्लारी से सप्लाई में सुधार नहीं हुआ, तो प्याज की कीमत 100 रुपये किलो तक पहुंच सकती है. थोक बाजार में प्याज का भाव कुछ समय पहले करीब 20 रुपये किलो था, जो अब बढ़कर 60 रुपये किलो के आसपास पहुंच गया है. वहीं, खुदरा बाजार में प्याज करीब 80 रुपये किलो बिक रहा है.
कारोबारियों के मुताबिक, कोयंबेडु बाजार में आमतौर पर रोजाना करीब 80 ट्रक यानी 1,600 टन प्याज आता है. लेकिन अभी आवक घटकर सिर्फ 30-40 ट्रक यानी 600-800 टन रह गई है. नासिक और बेल्लारी में हुई बारिश को सप्लाई में कमी की बड़ी वजह बताया जा रहा है. हालांकि, प्याज के अलावा ज्यादातर सब्जियों के दाम फिलहाल स्थिर हैं. सिर्फ बीन्स और गाजर की कीमतों में बढ़ोतरी हुई है. इन दोनों सब्जियों की मौसमी कमी के कारण भाव बढ़े हैं, क्योंकि अब तीसरी फसल की खेती शुरू हो रही है.
एक साल बाद फिर बढ़े प्याज के दाम, 100 रुपये किलो तक पहुंचने की आशंका
करीब एक साल बाद शहर में प्याज की कीमतों में तेजी देखने को मिल रही है. कोयंबेडु होलसेल मर्चेंट्स एसोसिएशन के सचिव पी. सुकुमारन ने द टाइम्स ऑफ इंडिया से कहा कि कुछ दिन पहले तक महाराष्ट्र, कर्नाटक और तेलंगाना से प्याज की सप्लाई सामान्य थी, लेकिन अब इसमें कमी आई है. उन्होंने बताया कि अगले 10 से 15 दिनों में नासिक और बेल्लारी से प्याज की खेती और सप्लाई बढ़ने की उम्मीद है. हालांकि, अगर मौजूदा सप्लाई में सुधार नहीं हुआ तो थोक बाजार में प्याज की कीमत 100 रुपये किलो तक पहुंच सकती है. इससे पहले सप्लाई की कमी के कारण नवंबर और दिसंबर 2024 में प्याज के दाम में बड़ी तेजी आई थी. उस दौरान थोक बाजार में प्याज 70 से 90 रुपये किलो तक बिका था.
प्याज महंगा होने से बिक्री पर असर, ग्राहकों ने खरीदारी घटाई
प्याज की कीमतों में तेजी का असर अब इसकी बिक्री पर भी दिखने लगा है. कुछ समय पहले खुदरा बाजार में प्याज का भाव 110 रुपये किलो तक पहुंच गया था. अब मंडियों में आवक कम होने के कारण खुदरा कारोबारी, खासकर सुपरमार्केट, पहले की तुलना में कम मात्रा में प्याज खरीद रहे हैं. पुरसावक्कम के एक खुदरा कारोबारी एम. सदाशिवम ने कहा कि प्याज की कीमत अचानक बढ़ने से बिक्री प्रभावित हुई है. महंगा होने के कारण ग्राहक पहले के मुकाबले कम मात्रा में प्याज खरीद रहे हैं. उन्होंने उम्मीद जताई कि सरकार प्याज की सप्लाई बढ़ाने के लिए जल्द कदम उठाएगी.
प्याज महंगा होने से होटल और रेस्टोरेंट पर भी बढ़ा बोझ
प्याज की बढ़ती कीमतों का असर होटल और रेस्टोरेंट के कारोबार पर भी पड़ रहा है. चेन्नई होटल्स एसोसिएशन के अध्यक्ष एम. रवि ने कहा कि सांभर, बिरयानी और चटनी समेत लगभग हर डिश में प्याज का इस्तेमाल होता है. ऐसे में प्याज का इस्तेमाल कम करना या उसे पूरी तरह हटाना संभव नहीं है. उन्होंने कहा कि प्याज महंगा होने से पहले ही कारोबार में नुकसान हो रहा है. अगर प्याज की बढ़ी कीमत का असर खाने की कीमतों पर डाला गया और दाम बढ़ाए गए, तो कारोबार पर और ज्यादा असर पड़ सकता है.