बेमौसम बारिश से नुकसान पर राहत, कटाई के बाद भी मिलेगा फसल बीमा का मुआवजा… ऐसे करें क्लेम
बहुत से किसानों को यह जानकारी नहीं होती कि फसल बीमा योजना सिर्फ खड़ी फसल तक सीमित नहीं है. इस योजना में कटाई के बाद खेत में रखी गई फसल भी शामिल होती है. अगर कटाई के 14 दिनों के भीतर बारिश, आंधी, ओलावृष्टि या बाढ़ जैसी प्राकृतिक आपदा से नुकसान होता है, तो किसान बीमा क्लेम कर सकते हैं.
देश के कई हिस्सों में बेमौसम बारिश और ओलावृष्टि ने किसानों की चिंता बढ़ा दी है. खेतों में खड़ी फसल के साथ-साथ कटाई के बाद सुखाने के लिए रखी गई फसल भी खराब हो रही है. ऐसे समय में किसानों के लिए राहत की बात यह है कि प्रधानमंत्री फसल बीमा योजना (PMFBY) के तहत अब कटाई के बाद 14 दिनों के भीतर हुए नुकसान पर भी मुआवजा मिल सकता है.
कटाई के बाद भी मिलता है बीमा कवर
बहुत से किसानों को यह जानकारी नहीं होती कि फसल बीमा योजना सिर्फ खड़ी फसल तक सीमित नहीं है. इस योजना में कटाई के बाद खेत में रखी गई फसल भी शामिल होती है.
अगर कटाई के 14 दिनों के भीतर बारिश, आंधी, ओलावृष्टि या बाढ़ जैसी प्राकृतिक आपदा से नुकसान होता है, तो किसान बीमा क्लेम कर सकते हैं. यह नियम खासतौर पर ऐसे समय में मददगार होता है, जब मौसम अचानक बदल जाता है.
क्लेम करने की पूरी प्रक्रिया समझें
फसल खराब होने पर सबसे जरूरी है समय पर सूचना देना. किसान को नुकसान होने के 72 घंटे के भीतर बीमा कंपनी या संबंधित विभाग को जानकारी देनी होती है.
क्लेम करने के लिए किसान इन तरीकों का इस्तेमाल कर सकते हैं:
- अपने क्षेत्र के कृषि अधिकारी या पटवारी/लेखपाल को सूचना दें
- बीमा कंपनी के टोल फ्री नंबर 14447 पर शिकायत दर्ज करें
या फिर ऑनलाइन पोर्टल के जरिए आवेदन करें
जानिए किसान श्री एम. एस. मुगिलन की प्रेरक कहानी
तमिलनाडु के विल्लुपुरम ज़िले के मेलमंगलम गांव के किसान श्री एम. एस. मुगिलन पिछले 25 वर्षों से खेती कर रहे हैं। बारिश, बाढ़ और कीटों के कारण कई बार फसल नुकसान झेलने के बावजूद उन्होंने हिम्मत नहीं हारी।
प्रधानमंत्री फसल बीमा योजना… pic.twitter.com/QRdogfzIu0
— Pradhan Mantri Fasal Bima Yojana (@pmfby) March 13, 2026
ऑनलाइन ऐसे करें आवेदन
किसान घर बैठे भी अपना क्लेम दर्ज कर सकते हैं. इसके लिए उन्हें प्रधानमंत्री फसल बीमा योजना की आधिकारिक वेबसाइट पर जाना होगा: https://pmfby.gov.in
वेबसाइट पर जाकर किसान को “Report Crop Loss” या “Register Claim” विकल्प चुनना होता है. इसके बाद:
- अपना नाम, मोबाइल नंबर और बैंक विवरण भरें
- फसल और नुकसान की जानकारी दें
- खेत की फोटो (अगर संभव हो) अपलोड करें
- आवेदन सबमिट करें
इसके अलावा किसान PMFBY मोबाइल ऐप के जरिए भी क्लेम कर सकते हैं.
जांच और मुआवजा प्रक्रिया
क्लेम दर्ज होने के बाद संबंधित अधिकारी मौके पर जाकर फसल नुकसान का आकलन करते हैं. रिपोर्ट तैयार होने के बाद बीमा कंपनी मुआवजा तय करती है. आमतौर पर यह पूरी प्रक्रिया 1 से 2 महीने में पूरी हो जाती है और पैसा सीधे किसान के बैंक खाते में भेज दिया जाता है.
ऐसे चेक करें क्लेम का स्टेटस
किसान अपने आवेदन की स्थिति भी आसानी से जान सकते हैं. इसके लिए:
- PMFBY वेबसाइट पर “Application Status” सेक्शन में जाएं
- अपना आवेदन नंबर या मोबाइल नंबर डालें
- स्टेटस तुरंत स्क्रीन पर दिख जाएगा
- इसके अलावा किसान अपने बैंक या बीमा कंपनी से भी जानकारी ले सकते हैं.
क्यों जरूरी है यह योजना
कृषि विशेषज्ञों का कहना है कि आज के समय में मौसम तेजी से बदल रहा है. कभी सूखा तो कभी बेमौसम बारिश, खेती को जोखिम भरा बना रही है. ऐसे में प्रधानमंत्री फसल बीमा योजना किसानों के लिए सुरक्षा कवच की तरह काम करती है. यह योजना न सिर्फ आर्थिक नुकसान से बचाती है, बल्कि किसानों को दोबारा खेती शुरू करने का हौसला भी देती है.