आप भी बिना भिगोए आम खाते हैं? यह आदत बढ़ा सकती है नुकसान, डॉक्टर से जानें सही तरीका
आजकल बाजार में मिलने वाले आमों पर कई तरह के केमिकल इस्तेमाल किए जाते हैं. जल्दी पकाने के लिए कैल्शियम कार्बाइड जैसे पदार्थों का उपयोग किया जाता है, जो स्वास्थ्य के लिए नुकसानदायक हो सकते हैं. इसके अलावा, आम की सतह पर वैक्स (मोम) की परत भी होती है, जिससे यह लंबे समय तक खराब न हो.
soaking mangoes benefits: गर्मियों का मौसम आते ही हर किसी के मन में एक ही फल का ख्याल आता है आम. इसे फलों का राजा कहा जाता है और भारत में इसकी कई स्वादिष्ट किस्में मिलती हैं. मीठा, रसीला और पोषक तत्वों से भरपूर आम बच्चों से लेकर बड़ों तक सभी को पसंद होता है. लेकिन क्या आप जानते हैं कि आम खाने से पहले उसे कुछ समय पानी में भिगोना आपके स्वास्थ्य के लिए बेहद जरूरी होता है?
भारत के कई घरों में यह परंपरा पहले से चली आ रही है, लेकिन अब वैज्ञानिक और डॉक्टर भी इस आदत को सही ठहरा रहे हैं. विशेषज्ञों के अनुसार, आम को कम से कम 30 मिनट तक पानी में भिगोने से इसके कई नुकसान कम हो जाते हैं और फायदे बढ़ जाते हैं.
डायबेटोलॉजिस्ट डॉ. हितेश सारोगी के किसान इंडिया को ऐसे कई कारण बताते है जिससे बाद से आप भी आम को खाने से पहले पानी में भिगोना शुरू कर देंगे.
1. शरीर को जरूरी पोषक तत्व मिलते हैं बेहतर तरीके से
आम में कई जरूरी विटामिन और मिनरल्स होते हैं जैसे विटामिन A, C, आयरन और मैग्नीशियम. लेकिन इसमें एक तत्व भी होता है जिसे फाइटिक एसिड कहा जाता है. फाइटिक एसिड को “एंटी-न्यूट्रिएंट” कहा जाता है क्योंकि यह शरीर में आयरन, कैल्शियम और जिंक जैसे पोषक तत्वों के अवशोषण को रोक सकता है. जब हम आम को बिना भिगोए खा लेते हैं, तो यह शरीर को पूरी तरह पोषण नहीं दे पाता.
जब आम को पानी में 30 मिनट तक रखा जाता है, तो यह फाइटिक एसिड कम हो जाता है. इससे शरीर को जरूरी मिनरल्स सही मात्रा में मिल पाते हैं और आम ज्यादा पौष्टिक बन जाता है.
2. शरीर की गर्मी को नियंत्रित करता है
डॉ. हितेश सारोगी के अनुसार, गर्मियों में आम खाने से शरीर में गर्मी बढ़ने की शिकायत कई लोगों को होती है. ज्यादा आम खाने से मुंह में छाले, पिंपल्स या पेट में जलन जैसी समस्याएं हो सकती हैं. आम में प्राकृतिक शुगर और कैलोरी अधिक होती है, जो शरीर में “हीट” बढ़ा सकती है. अगर इसे बिना भिगोए खाया जाए तो यह समस्या और बढ़ सकती है. जब आम को पानी में भिगोया जाता है, तो उसकी अतिरिक्त गर्म प्रकृति कम हो जाती है. इससे यह शरीर के लिए ठंडा और पचने में आसान हो जाता है.
3. केमिकल और कीटनाशकों से बचाव
आजकल बाजार में मिलने वाले आमों पर कई तरह के केमिकल इस्तेमाल किए जाते हैं. जल्दी पकाने के लिए कैल्शियम कार्बाइड जैसे पदार्थों का उपयोग किया जाता है, जो स्वास्थ्य के लिए नुकसानदायक हो सकते हैं. इसके अलावा, आम की सतह पर वैक्स (मोम) की परत भी होती है, जिससे यह लंबे समय तक खराब न हो.
सिर्फ पानी से धोने से ये केमिकल पूरी तरह नहीं हटते. लेकिन जब आम को 30 मिनट तक पानी में भिगोया जाता है, तो ये हानिकारक पदार्थ काफी हद तक निकल जाते हैं.
4. एलर्जी और त्वचा की समस्याओं से बचाव
डॉ. हितेश सारोगी के अनुसार, आम के डंठल के पास एक चिपचिपा पदार्थ (लेटल या सैप) होता है, जिसमें “उरुशिओल” नाम का तत्व पाया जाता है. यही तत्व पॉइजन आइवी जैसे पौधों में भी होता है और एलर्जी का कारण बन सकता है. अगर यह पदार्थ ठीक से साफ न किया जाए, तो यह मुंह के आसपास खुजली, जलन या सूजन पैदा कर सकता है. आम को पानी में भिगोने से यह हानिकारक लेटल आसानी से हट जाता है और एलर्जी का खतरा कम हो जाता है.
5. आम का स्वाद और बनावट बेहतर होती है
भिगोने का एक फायदा यह भी है कि इससे आम ज्यादा रसीला और ताजा महसूस होता है. कई बार स्टोर करने के दौरान आम थोड़ा सूख जाता है. जब इसे पानी में रखा जाता है, तो इसकी नमी वापस आ जाती है. इससे आम का स्वाद और टेक्सचर दोनों बेहतर हो जाते हैं.
6. पाचन तंत्र के लिए फायदेमंद
अगर आपका पेट थोड़ा संवेदनशील है या आपको गैस, एसिडिटी या ब्लोटिंग की समस्या रहती है, तो भिगोया हुआ आम आपके लिए बेहतर होता है. यह पाचन को आसान बनाता है और पेट पर कम दबाव डालता है. खासकर गर्मियों में यह आदत बहुत फायदेमंद होती है.