पंजाब में रैली से पहले कई किसान नेता हिरासत में, प्रशासन से कहासुनी के बाद सड़क पर किसानों का धरना-नारेबाजी
Kisan Andolan Punjab: सीएम से सवाल पूछने मोगा जा रहे किसानों को पुलिस प्रशासन ने शहर के बाहर ही रोक दिया. इससे नाराज किसानों की पुलिस से कहासुनी हो गई और किसान सड़क पर धरना देकर नारेबाजी की है. इससे पहले किसान नेताओं को पुलिस ने हिरासत में लिया है.
भारत अमेरिका व्यापार समझौते समेत अन्य फैसलों के विरोध में किसान मजदूर मोर्चा (KMM) के आह्वान पर मोगा में रैली में जाने से पहले कई किसान नेताओं को पुलिस ने हिरासत में लिया है. केएमएम के नेता गुरनीत सिंह मंगत ने बताया कि मोगा जिला अध्यक्ष इंदरमोहन सिंह पैटन को पुलिस ने रात में हिरासत में लिया है. इसके साथ ही अन्य किसानों को भी पुलिस ने हिरासत में रखा है. जबकि, किसानों को रैली स्थल पर जाने से पहले ही मोगा शहर के बाहर रोक दिया गया है. नाराज किसानों ने पंजाब सरकार के खिलाफ नारेबाजी की है और लंबी लड़ाई का ऐलान किया है.
आज सीएम की रैली में सवाल पूछने जा रहे थे किसान
किसान मजदूर मोर्चा पंजाब ने आज 16 फरवरी को मोगा में सीएम भगवंत मान की रैली में उनका घेराव करने और सवाल जवाब करने का ऐलान किया था. संगठन ने कहा था कि किसान शांतिपूर्वक अपने सवाल सीएम से पूछेंगे. इसके लिए आज सुबह से किसानों को मोगा रैली स्थल पर पहुंचना था. लेकिन, इससे पहले ही रात में किसान नेताओं को पुलिस ने हिरासत में ले लिया है.
केएमएम नेता इंदरमोहन को पुलिस ने हिरासत में लिया
किसान मजदूर मोर्चा के नेता गुरनीत सिंह मंगत ने बताया कि मोगा जिला अध्यक्ष इंदरमोहन सिंह पैटन को पुलिस ने रात 9 बजे हिरासत में ले लिया. किसान मजदूर मोर्चा की आज की घोषणा के अनुसार उन्हें भगवंत मान की मोगा रैली का विरोध कर रहे किसानों और मजदूरों की भारी भीड़ में शामिल होना था. उन्होंने बताया कि इसके अलावा भी कई किसान नेताओं को पुलिस ने हिरासत में लिया है.
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मोगा में रैली में जा रहे किसानों को रोका तो सड़क पर धरना और नारेबाजी
किसान नेता ने कहा कि मोगा में सीएम की होने जा रही रैली स्थल पर पहुंचने के लिए निकले सैकड़ों किसानों को स्थानीय पुलिस प्रशासन ने शहर के बाहर ही रोक दिया. इसके बाद किसानों और पुलिस के बीच गहमागहमी हुई. नाराज किसानों ने पंजाब सरकार के खिलाफ नारेबाजी की है और मान सरकार मुर्दाबाद के नारे लगाए हैं. किसानों ने कहा है कि जबतक हमारे नेताओं को छोड़ा नहीं जाता है वह सड़क पर बैठे रहेंगे.
सीएम भगवंत मान के घेराव और हक मांगने निकले थे किसान
किसान मजदूर मोर्चा किसान भवन चंडीगढ़ में बीते दिन हुई बैठक में 16 फरवरी को मोगा में आयोजित पंजाब सरकार की रैली में जिला मोगा की केएमएम इकाइयां मुख्यमंत्री भगवंत सिंह मान से शांतिपूर्वक सवाल पूछेंगी. इसके अलावा भारत-अमेरिका व्यापार समझौता, बिजली एक्ट 2025, बीज संशोधन विधेयक 2025, जी राम जी मामला तथा शंभू–खनौरी में राज्य सरकार की ओर से की गई कार्रवाई पर बात करने जा रहे थे.
अमेरिकी डील में किसानों को गुमराह कर रही सरकार
मोर्चे के मुख्य नेता सरवन सिंह पंधेर ने कहा कि केंद्र और राज्य सरकारें भारत-अमेरिका समझौते के संबंध में जनता को गुमराह कर रही हैं, जबकि इसके वास्तविक प्रभाव किसानों और आम वर्ग के लिए गंभीर रूप से नुकसानदायक हो सकते हैं. प्रीपेड मीटर नीति पर बोलते हुए जसविंदर सिंह लोंगोवाल ने इसे छोटे किसानों, मजदूरों, दुकानदारों और व्यापारियों के लिए विनाशकारी बताया. इसी प्रकार मनजीत सिंह राय ने बीज संशोधन विधेयक को देसी बीज प्रणाली पर कॉर्पोरेट हमला करार दिया.
किसान और मजदूर संगठनों को एकजुट होने का आह्वान
किसान नेताओं ने देशभर की किसान और मजदूर संगठनों से कॉर्पोरेट शक्तियों के विरुद्ध एकजुट होकर आने वाले समय में तीखा संघर्ष छेड़ने का आह्वान किया, ताकि कृषि और देश की आत्मनिर्भरता की रक्षा की जा सके. मोर्चा नेताओं ने शहीद शुभ करण की बरसी 21 फरवरी को देशव्यापी स्तर पर मनाने की घोषणा की. इसके साथ ही मार्च के तीसरे सप्ताह में पंजाब सरकार के खिलाफ शंभू–खनौरी बॉर्डर से हुए सामान की लूट के विरोध में संघर्ष का ऐलान किया.