Crop Protection: MP सरकार की नई योजना से किसानों को राहत, 200 मीटर तक खेत की बाउंड्री मुफ्त
मध्य प्रदेश सरकार की योजना के तहत पात्र किसानों को 200 मीटर तक खेत की मजबूत पत्थर बाउंड्री मुफ्त में दी जा रही है. इससे फसल आवारा पशुओं से सुरक्षित हो रही है और किसानों को रातभर रखवाली नहीं करनी पड़ रही. योजना का लाभ आवेदन के बाद पात्रता जांच से मिलता है.
Government Scheme: गांव के किसान लंबे समय से एक ही परेशानी झेल रहे थे-आवारा पशु. दिनभर मेहनत से उगाई फसल रात में मवेशी चर जाते थे. कई बार किसानों को पूरी रात खेत में पहरा देना पड़ता था. लेकिन अब हालात बदल रहे हैं. मध्य प्रदेश सरकार की एक खास योजना के तहत खेतों के चारों ओर मजबूत पत्थर की बाउंड्री बनाई जा रही है, वो भी बिल्कुल मुफ्त. इससे किसानों की फसल सुरक्षित हो रही है और उन्हें बड़ी राहत मिल रही है.
200 मीटर तक मुफ्त बनेगी मजबूत बाउंड्री
मध्य प्रदेश की इस योजना के तहत पात्र किसानों के खेतों के चारों ओर अधिकतम 200 मीटर तक पत्थर या मजबूत संरचना वाली बाउंड्री बनाई जा रही है. इसका मकसद है खेत की साफ सीमांकन करना और बाहर से जानवरों की एंट्री रोकना. यह बाउंड्री काफी मजबूत होती है और लंबे समय तक टिकती है. खास बात यह है कि इसके लिए किसानों को अपनी जेब से कोई पैसा खर्च नहीं करना पड़ता. पूरा काम पंचायत के जरिए कराया जाता है.
कैसे करें आवेदन? आसान है प्रक्रिया
इस योजना का लाभ लेने के लिए किसान को अपनी ग्राम पंचायत में आवेदन देना होता है. आवेदन के साथ जमीन से जुड़े जरूरी कागजात जमा करने होते हैं. इसके बाद पंचायत स्तर पर जांच की जाती है कि किसान पात्र है या नहीं. जांच पूरी होने के बाद मंजूरी दी जाती है और फिर मनरेगा योजना के तहत बाउंड्री निर्माण का काम शुरू होता है. पूरी प्रक्रिया पारदर्शी तरीके से की जाती है ताकि सही लोगों को फायदा मिल सके.
किन किसानों को मिलेगा लाभ?
यह योजना खासतौर पर अनुसूचित जाति और अनुसूचित जनजाति वर्ग के किसानों के लिए चलाई जा रही है. जिन किसानों के नाम पर कृषि भूमि दर्ज है और जो ग्राम पंचायत क्षेत्र के निवासी हैं, वही आवेदन कर सकते हैं. योजना का मकसद छोटे और मध्यम किसानों को राहत देना है, जिनकी फसलें अक्सर आवारा पशुओं की वजह से खराब हो जाती थीं. अब बाउंड्री बनने के बाद उनकी फसल सुरक्षित है और नुकसान काफी कम हुआ है.
किसानों को मिल रही बड़ी राहत
ग्रामीण इलाकों में कई किसानों को इस योजना का लाभ मिल चुका है. जिन खेतों में पत्थर की बाउंड्री बन चुकी है, वहां आवारा पशुओं की आवाजाही पर रोक लगी है. पहले जहां रातभर खेत की रखवाली करनी पड़ती थी, अब किसान चैन से सो पा रहे हैं. इससे उनका समय और मेहनत दोनों बच रहे हैं. मध्य प्रदेश सरकार की यह पहल खेती को मजबूत बनाने की दिशा में एक बड़ा कदम मानी जा रही है. खेत सुरक्षित होंगे तो किसान निडर होकर मेहनत करेंगे, उत्पादन बढ़ेगा और गांव की आर्थिक स्थिति भी सुधरेगी. आसान प्रक्रिया, मुफ्त सुविधा और मजबूत सुरक्षा-इन तीन बातों ने इस योजना को किसानों के लिए उम्मीद की नई किरण बना दिया है.