Money Trees: खेत की खाली मेढ़ बनेगी कमाई का बड़ा जरिया, ये 5 पेड़ हर साल देंगे तगड़ा पैसा

खेती के साथ खेत की खाली मेढ़ों पर फलदार पेड़ लगाना किसानों के लिए फायदे का सौदा बन रहा है. बेर, आम, नींबू, आंवला और अमरूद जैसे पेड़ कम लागत में हर साल अतिरिक्त कमाई देते हैं. इससे मिट्टी मजबूत रहती है, फसल सुरक्षित रहती है और किसानों की आमदनी बढ़ाने में मदद मिलती है.

नोएडा | Published: 17 May, 2026 | 02:42 PM

Agriculture Business: खेती में बढ़ती लागत और मौसम की मार के बीच किसान अब ऐसी खेती की तलाश कर रहे हैं, जिससे कम जमीन में ज्यादा कमाई हो सके. ऐसे में खेत की खाली मेढ़ किसानों के लिए अतिरिक्त आमदनी का बड़ा साधन बनती जा रही है. कृषि विशेषज्ञों के अनुसार अगर किसान अपनी खेत की मेढ़ों पर फलदार पेड़ लगाएं, तो मुख्य फसल के साथ हर साल अलग से अच्छी कमाई की जा सकती है. खास बात यह है कि इन पेड़ों को ज्यादा पानी और देखभाल की जरूरत नहीं होती. इसके साथ ही ये मिट्टी कटाव रोकने, खेत को सुरक्षित रखने और वातावरण बेहतर बनाने में भी मदद करते हैं.

मेढ़ पर पेड़ लगाने से अतिरिक्त कमाई

अक्सर किसान खेत की मेढ़  को खाली छोड़ देते हैं, जबकि यही हिस्सा कमाई का अच्छा जरिया बन सकता है. विशेषज्ञों का कहना है कि मेढ़ पर लगाए गए फलदार पेड़ कई सालों तक लगातार आय देते रहते हैं. इन पेड़ों से किसान फलों की बिक्री करके हर साल अतिरिक्त कमाई कर सकते हैं. इससे मुख्य फसल पर भी कोई खास असर नहीं पड़ता. साथ ही खेत की सीमाएं मजबूत होती हैं और जानवरों से भी कुछ हद तक सुरक्षा मिलती है. पेड़ों की जड़ें मिट्टी को पकड़कर रखती हैं, जिससे बारिश या तेज हवा में मिट्टी का कटाव कम होता है. यही वजह है कि अब कई किसान इस तरीके को अपनाकर खेती के साथ बागवानी से भी फायदा उठा रहे हैं.

बेर और आम बन सकते हैं कमाई के मजबूत साधन

बेर का पेड़ कम पानी और कम देखभाल  में आसानी से तैयार हो जाता है. इसके फल बाजार में अच्छे दाम पर बिकते हैं और नई उन्नत किस्मों से किसानों को ज्यादा मुनाफा मिल रहा है. विशेषज्ञों के अनुसार बेर के पेड़ सूखे और गर्म मौसम में भी अच्छी पैदावार देते हैं. यही वजह है कि यह कम लागत में अच्छी कमाई देने वाला विकल्प माना जाता है. वहीं आम का पेड़ लंबे समय तक लगातार फल देता है. एक बार पेड़ तैयार हो जाने के बाद किसान कई वर्षों तक इससे कमाई कर सकते हैं. बाजार में आम की मांग हमेशा बनी रहती है, इसलिए यह किसानों के लिए भरोसेमंद विकल्प माना जाता है.

आंवला और नींबू से भी मिल सकती है शानदार आय

आंवला औषधीय गुणों से भरपूर फल माना जाता है. इसका इस्तेमाल जूस, मुरब्बा, कैंडी और कई आयुर्वेदिक उत्पादों  में होता है. बाजार में इसकी मांग पूरे साल बनी रहती है. विशेषज्ञ बताते हैं कि आंवले का पेड़ कम पानी में भी अच्छी तरह बढ़ता है और ज्यादा देखभाल की जरूरत नहीं होती. खेत की मेढ़ पर इसे लगाने से किसान हर सीजन में अतिरिक्त कमाई कर सकते हैं. नींबू की खेती भी कम लागत में अच्छा मुनाफा देने वाली मानी जाती है. गर्मियों में इसकी मांग तेजी से बढ़ जाती है. नींबू के पौधे ज्यादा जगह नहीं घेरते, इसलिए मुख्य फसल पर असर नहीं पड़ता. एक बार पौधे तैयार हो जाने के बाद कई सालों तक लगातार फल मिलते रहते हैं. इससे किसानों को नियमित अतिरिक्त आय मिलने लगती है.

अमरूद देगा जल्दी मुनाफा और बेहतर उत्पादन

अमरूद का पेड़ किसानों  के लिए जल्दी कमाई शुरू करने वाला अच्छा विकल्प माना जाता है. इसकी सबसे बड़ी खासियत यह है कि पौधा कम समय में फल देना शुरू कर देता है. अमरूद की बाजार में पूरे साल मांग रहती है. यह कम पानी में भी अच्छी पैदावार देता है और ज्यादा देखभाल की जरूरत नहीं होती. विशेषज्ञों का कहना है कि अगर किसान खेत की मेढ़ पर अमरूद के पौधे लगाते हैं, तो कुछ ही समय में उन्हें अतिरिक्त आमदनी मिलने लगती है. इससे खेती के साथ-साथ बागवानी से भी फायदा मिलता है. आज के समय में कई किसान पारंपरिक खेती के साथ इस तरीके को अपनाकर अपनी आमदनी बढ़ा रहे हैं. कम लागत और लंबे समय तक मिलने वाली कमाई की वजह से मेढ़ पर फलदार पेड़ लगाना किसानों के लिए फायदे का सौदा साबित हो सकता है.

Topics: