हरियाणा बजट में 23 फीसदी बढ़ा पशुपालन बजट, महिलाओं को मिलेगा 1 लाख बिना ब्याज लोन फायदा

हरियाणा सरकार के नए बजट में किसानों, पशुपालकों और महिलाओं के लिए कई अहम घोषणाएं की गई हैं. पशुपालन विभाग का बजट बढ़ाया गया है और महिलाओं को दुधारू पशु खरीदने के लिए बिना ब्याज लोन मिलेगा. मधुमक्खी पालन को भी बीमा योजना में शामिल किया गया है. इससे ग्रामीण लोगों की आमदनी बढ़ने की उम्मीद है.

नोएडा | Updated On: 2 Mar, 2026 | 06:24 PM

Haryana Budget 2026: नायब सिंह सैनी ने विधानसभा में हरियाणा का 12वां बजट पेश किया, जिसमें किसानों, पशुपालकों और ग्रामीण महिलाओं पर खास ध्यान दिया गया है. सरकार ने कई नई योजनाओं का ऐलान किया है और पुरानी योजनाओं के लिए बजट भी बढ़ाया है. सरकार का कहना है कि करीब 5000 लोगों के सुझावों के आधार पर यह बजट तैयार किया गया है, ताकि गांवों की जरूरतों को पूरा किया जा सके. इस बजट से खेती और पशुपालन से जुड़े लोगों को राहत मिलने की उम्मीद है.

किसानों के लिए खास बजट

इस बार के बजट में किसानों को ध्यान में रखकर कई फैसले किए गए हैं. सरकार चाहती है कि किसानों की कमाई बढ़े और उन्हें खेती के साथ दूसरे कामों  से भी फायदा मिले. इसलिए खेती के साथ पशुपालन, बागवानी और मधुमक्खी पालन को बढ़ावा देने की योजना बनाई गई है. सरकार का मानना है कि अगर किसान सिर्फ फसल पर निर्भर रहेंगे तो उन्हें ज्यादा फायदा नहीं होगा. इसलिए उन्हें दूसरे कामों से जोड़ने की कोशिश की जा रही है. छोटे और मध्यम किसानों को इससे सबसे ज्यादा फायदा मिलने की उम्मीद है. सरकार ने कई योजनाओं का पैसा बढ़ाया है ताकि किसानों को ज्यादा मदद मिल सके और उन्हें नई सुविधाएं मिलें.

पशुपालन और डेयरी को मिला बढ़ावा

इस बजट में पशुपालन और डेयरी विभाग  पर खास जोर दिया गया है. सरकार ने इस विभाग का बजट 23.31 प्रतिशत बढ़ा दिया है. अब इस विभाग के लिए करीब 2290.57 करोड़ रुपये रखे गए हैं. गांवों में बहुत से परिवार पशुपालन पर निर्भर रहते हैं. ऐसे में बजट बढ़ने से पशुपालकों को काफी फायदा मिल सकता है. पशुओं के इलाज, देखभाल और नई योजनाओं में सुधार होगा. सरकार का मकसद है कि दूध उत्पादन बढ़े और पशुपालकों की कमाई भी बढ़े. इससे गांव की अर्थव्यवस्था मजबूत होगी. इसके साथ ही मछली पालन विभाग का बजट भी बढ़ाया गया है. इस विभाग की राशि 14.83 प्रतिशत बढ़ाकर करीब 241.41 करोड़ रुपये कर दी गई है. इससे मछली पालन करने वाले किसानों को भी फायदा मिलेगा.

महिलाओं को मिलेगा बिना ब्याज लोन

इस बजट में ग्रामीण महिलाओं  के लिए भी बड़ी राहत दी गई है. अब महिलाओं को दुधारू पशु खरीदने के लिए 1 लाख रुपये तक का बिना ब्याज लोन मिलेगा. गांवों में बहुत सी महिलाएं दूध बेचकर घर की आमदनी बढ़ाती हैं. इस योजना से उन्हें पशु खरीदने में आसानी होगी. बिना ब्याज लोन मिलने से महिलाओं को ज्यादा पैसा वापस नहीं देना पड़ेगा और उन पर आर्थिक बोझ कम होगा. इससे महिलाएं आसानी से गाय या भैंस खरीद सकेंगी. सरकार का कहना है कि इससे महिलाओं को रोजगार मिलेगा और वे आत्मनिर्भर बन सकेंगी.

मधुमक्खी पालन को मिला बीमा

मधुमक्खी पालन करने वाले किसानों के लिए भी इस बजट में अच्छी खबर है. अब मधुमक्खी पालन को मुख्यमंत्री बागवानी बीमा योजना में शामिल किया जाएगा. इससे अगर किसी कारण से मधुमक्खी पालन में नुकसान होता है तो किसानों को बीमा का फायदा मिलेगा. मधुमक्खी पालन  कम खर्च वाला काम है और इससे अच्छी कमाई हो सकती है. बीमा सुविधा मिलने से किसान बिना डर के यह काम कर सकेंगे. सरकार चाहती है कि ज्यादा से ज्यादा किसान मधुमक्खी पालन से जुड़ें और अपनी कमाई बढ़ाएं.

सुझावों से तैयार हुआ बजट

सरकार ने बताया कि इस बार बजट बनाने से पहले लोगों की राय ली गई थी. करीब 5000 सुझाव मिलने के बाद यह बजट तैयार किया गया. गांवों और किसानों की जरूरतों को ध्यान में रखकर योजनाएं बनाई गई हैं. इसी वजह से इस बजट में ग्रामीण इलाकों पर ज्यादा ध्यान दिया गया है. सरकार का कहना है कि आगे भी खेती और पशुपालन को मजबूत करने के लिए नई योजनाएं लाई जाएंगी.

Published: 2 Mar, 2026 | 07:24 PM

Topics: