ट्रैक्टर बाजार में महिंद्रा का दबदबा कायम, नवरात्रि के शुभ मुहूर्त पर किसानों ने खरीदे 45,000 से ज्यादा यूनिट
जहां एक तरफ घरेलू बाजार में तेजी रही, वहीं निर्यात में थोड़ी गिरावट देखने को मिली. इस साल मार्च में कंपनी ने 1,632 ट्रैक्टर विदेशों में बेचे, जबकि पिछले साल यह संख्या 2,352 थी. हालांकि, देश के अंदर मजबूत मांग के कारण कुल बिक्री पर इसका ज्यादा असर नहीं पड़ा और कंपनी का प्रदर्शन अच्छा बना रहा.
Mahindra tractor sales: देश की बड़ी ऑटोमोबाइल कंपनीमहिंद्रा एंड महिंद्रा ने मार्च 2026 में ट्रैक्टर बिक्री में शानदार बढ़ोतरी दर्ज की है. कंपनी ने इस महीने कुल 45,035 ट्रैक्टर बेचे, जो पिछले साल के मुकाबले करीब 29 प्रतिशत ज्यादा है. यह आंकड़ा दिखाता है कि किसान अब तेजी से आधुनिक खेती की ओर बढ़ रहे हैं.
घरेलू बाजार में मजबूत प्रदर्शन
भारत के अंदर ट्रैक्टर की मांग सबसे ज्यादा देखने को मिली है. मार्च 2026 में कंपनी ने 43,403 ट्रैक्टर देश में बेचे, जबकि पिछले साल यह आंकड़ा 32,582 था. यानी घरेलू बिक्री में करीब 33 प्रतिशत की बढ़ोतरी हुई है. इससे साफ है कि किसान अब खेती के लिए मशीनों का ज्यादा इस्तेमाल कर रहे हैं, जिससे उनका काम आसान और तेज हो रहा है.
निर्यात में कमी, लेकिन कुल बिक्री मजबूत
जहां एक तरफ घरेलू बाजार में तेजी रही, वहीं निर्यात में थोड़ी गिरावट देखने को मिली. इस साल मार्च में कंपनी ने 1,632 ट्रैक्टर विदेशों में बेचे, जबकि पिछले साल यह संख्या 2,352 थी. हालांकि, देश के अंदर मजबूत मांग के कारण कुल बिक्री पर इसका ज्यादा असर नहीं पड़ा और कंपनी का प्रदर्शन अच्छा बना रहा.
नवरात्रि सीजन का दिखा असर
इस बार बिक्री बढ़ने के पीछे नवरात्रि का भी बड़ा योगदान रहा. कृषि उपकरण व्यवसाय के अध्यक्ष विजय राम नाकरा के अनुसार, इस साल नवरात्रि पूरा मार्च महीने में रहा, जिससे किसानों ने शुभ समय में ज्यादा खरीदारी की. पिछले साल यह त्योहार दो महीनों में बंटा हुआ था, इसलिए बिक्री का असर कम था.
पूरे साल में भी रही शानदार ग्रोथ
अगर पूरे वित्त वर्ष 2025-26 की बात करें तो कंपनी ने 5,26,403 ट्रैक्टर बेचे, जो पिछले साल के 4,24,641 ट्रैक्टर के मुकाबले करीब 24 प्रतिशत ज्यादा है. यह दिखाता है कि पूरे साल ट्रैक्टर की मांग मजबूत बनी रही.
किसानों के लिए क्या मायने हैं
ट्रैक्टर की बढ़ती बिक्री यह बताती है कि किसानों की सोच बदल रही है. अब वे पारंपरिक खेती के बजाय आधुनिक तकनीक का इस्तेमाल कर रहे हैं. इससे खेती आसान होती है, समय की बचत होती है और उत्पादन भी बढ़ता है, जिससे उनकी आय में सुधार हो सकता है.
वहीं विशेषज्ञों का मानना है कि अगर मौसम अच्छा रहता है और फसल उत्पादन बेहतर होता है, तो ट्रैक्टर की मांग आगे भी बनी रह सकती है. साथ ही, सरकार की योजनाएं और ग्रामीण विकास पर जोर भी इस सेक्टर को आगे बढ़ाने में मदद करेगा.