देश के कई राज्यों में मौसम का यू-टर्न, तेज हवा और गरज-चमक के साथ बारिश की चेतावनी
Today Weather: मौसम विभाग के अनुसार 9 मार्च के आसपास पूर्वी भारत के कई हिस्सों में मौसम बदल सकता है. बिहार, पश्चिम बंगाल और ओडिशा के कुछ जिलों में हल्की से मध्यम बारिश होने की संभावना है. इसके साथ ही गरज-चमक और तेज हवाएं चल सकती हैं.
Today Weather: मार्च की शुरुआत के साथ देश के कई हिस्सों में गर्मी धीरे-धीरे बढ़ने लगी है, लेकिन इसी बीच मौसम ने अचानक करवट लेने के संकेत दिए हैं. भारतीय मौसम विभाग (IMD) ने पूर्वी और उत्तरी भारत के कई राज्यों में बारिश और तेज हवाओं को लेकर चेतावनी जारी की है. विभाग के अनुसार बिहार, पश्चिम बंगाल, ओडिशा, जम्मू-कश्मीर और उत्तराखंड समेत कई क्षेत्रों में अगले कुछ दिनों के दौरान मौसम अस्थिर रह सकता है. कई स्थानों पर गरज-चमक के साथ बारिश और 30 से 50 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से तेज हवाएं चलने की संभावना जताई गई है.
मौसम विभाग ने लोगों को सावधानी बरतने की सलाह दी है, खासकर किसानों और यात्रियों को. तेज आंधी और बिजली गिरने की संभावना के कारण खुले स्थानों में जाने से बचने की हिदायत दी गई है.
पूर्वी भारत में बारिश और आंधी की संभावना
मौसम विभाग के अनुसार 9 मार्च के आसपास पूर्वी भारत के कई हिस्सों में मौसम बदल सकता है. बिहार, पश्चिम बंगाल और ओडिशा के कुछ जिलों में हल्की से मध्यम बारिश होने की संभावना है. इसके साथ ही गरज-चमक और तेज हवाएं चल सकती हैं.
बिहार के सीमावर्ती जिलों जैसे पूर्णिया, कटिहार, अररिया और किशनगंज में बारिश की संभावना जताई गई है. इन इलाकों में बादल छाए रहने के साथ-साथ हल्की बारिश हो सकती है, जिससे तापमान में थोड़ी गिरावट भी देखने को मिल सकती है. हालांकि राज्य के कई अन्य जिलों में दिन के समय गर्मी बढ़ने की संभावना बनी हुई है.
पश्चिम बंगाल में भी मौसम विभाग ने कुछ जिलों के लिए चेतावनी जारी की है. दार्जिलिंग, जलपाईगुड़ी और उत्तर दिनाजपुर जैसे इलाकों में बारिश के साथ तेज हवाएं चल सकती हैं. हवा की रफ्तार 30 से 40 किलोमीटर प्रति घंटे तक पहुंचने की संभावना है. मौसम विभाग ने किसानों को सलाह दी है कि खराब मौसम के दौरान खेतों में काम करते समय सतर्क रहें और बिजली गिरने के खतरे से बचाव करें.
पहाड़ी राज्यों में बारिश और बर्फबारी के आसार
उत्तर भारत के पहाड़ी राज्यों में भी मौसम बदलने के संकेत मिले हैं. मौसम विभाग के अनुसार जम्मू-कश्मीर, हिमाचल प्रदेश और उत्तराखंड में 10 से 14 मार्च के बीच बारिश और ऊंचाई वाले इलाकों में बर्फबारी हो सकती है.
जम्मू-कश्मीर में कुछ स्थानों पर हल्की बारिश या बर्फबारी की शुरुआत हो सकती है, जो धीरे-धीरे कई इलाकों में फैल सकती है. इसी तरह हिमाचल प्रदेश और उत्तराखंड के पर्वतीय क्षेत्रों में भी मौसम ठंडा बना रह सकता है. इन इलाकों में बादल छाए रहने के साथ-साथ हल्की से मध्यम बारिश और बर्फबारी की संभावना है. तेज हवाओं की वजह से तापमान में भी उतार-चढ़ाव देखने को मिल सकता है. पहाड़ी क्षेत्रों में यात्रा करने वाले लोगों को मौसम की जानकारी लेकर ही यात्रा करने की सलाह दी गई है.
देश के कई हिस्सों में गर्मी का असर भी जारी
जहां एक ओर कई राज्यों में बारिश की संभावना है, वहीं देश के कुछ हिस्सों में गर्मी भी तेजी से बढ़ रही है. मौसम विभाग के मुताबिक महाराष्ट्र के विदर्भ क्षेत्र, राजस्थान के पश्चिमी जिलों, गुजरात के कुछ इलाकों और मराठवाड़ा में आने वाले दिनों में गर्मी का असर बढ़ सकता है. इन क्षेत्रों में गर्म हवाएं चलने और तापमान सामान्य से अधिक रहने की संभावना जताई गई है. कुछ स्थानों पर उमस भरा मौसम भी लोगों को परेशान कर सकता है, खासकर तटीय इलाकों में.
दिल्ली में मौसम सामान्य
राजधानी दिल्ली में फिलहाल मौसम सामान्य रहने की संभावना है. दिन के समय तापमान में हल्की बढ़ोतरी हो सकती है, लेकिन तेज हवाओं के कारण प्रदूषण में कुछ राहत मिल सकती है. दिल्ली में अधिकतम तापमान करीब 34 डिग्री सेल्सियस और न्यूनतम तापमान लगभग 19 डिग्री सेल्सियस रहने का अनुमान है.
उत्तर प्रदेश में बढ़ेगी गर्मी
उत्तर प्रदेश में फिलहाल बारिश की संभावना नहीं जताई गई है, लेकिन कई जिलों में तापमान बढ़ने से गर्मी का असर महसूस किया जा सकता है. आगरा, कानपुर, लखनऊ, मथुरा, अलीगढ़ और आसपास के क्षेत्रों में दिन का तापमान 34 डिग्री सेल्सियस तक पहुंच सकता है.
मौसम में बदलाव के पीछे ये कारण
मौसम वैज्ञानिकों के अनुसार देश के विभिन्न हिस्सों में बन रहे चक्रवाती परिसंचरण और पश्चिमी विक्षोभ के कारण मौसम में यह बदलाव देखने को मिल रहा है. पश्चिमी हिमालय क्षेत्र में एक नया पश्चिमी विक्षोभ सक्रिय होने वाला है, जिससे पहाड़ी राज्यों में बारिश और बर्फबारी की संभावना बढ़ गई है.
इसके अलावा बंगाल और ओडिशा के आसपास बने चक्रवाती परिसंचरण तथा बिहार से दक्षिण छत्तीसगढ़ तक फैले गर्त का भी मौसम पर असर पड़ रहा है. इन मौसमी प्रणालियों की वजह से कई राज्यों में बादल, बारिश और तेज हवाओं की स्थिति बन रही है.