गलत कीटनाशक पड़ गया भारी तो पूरी फसल हो जाएगी बर्बाद, सरकार ने जारी की चेतावनी

कृषि विभाग ने नकली और अपंजीकृत कीटनाशकों को लेकर किसानों को बड़ा अलर्ट जारी किया है. विभाग ने ऑनलाइन और डिजिटल प्लेटफॉर्म पर सिर्फ पंजीकृत उत्पादों की बिक्री सुनिश्चित करने के निर्देश दिए हैं. विशेषज्ञों के मुताबिक गलत कीटनाशकों का इस्तेमाल फसल, मिट्टी और स्वास्थ्य पर गंभीर असर डाल सकता है, इसलिए सतर्क रहना बेहद जरूरी है.

नोएडा | Updated On: 29 May, 2026 | 10:13 PM

Fake Pesticides: खेती में बढ़ते नकली और अपंजीकृत कीटनाशकों के इस्तेमाल को लेकर कृषि विभाग, बिहार सरकार ने बड़ा अलर्ट जारी किया है. विभाग ने किसानों, उपभोक्ताओं और पर्यावरण की सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए सख्त कदम उठाने शुरू कर दिए हैं. अब डिजिटल प्लेटफॉर्म, ई-कॉमर्स वेबसाइट, सोशल मीडिया और ऑनलाइन स्टोर पर केवल पंजीकृत और वैध कीटनाशकों की बिक्री सुनिश्चित की जाएगी.

कृषि विभाग, बिहार सरकार के अनुसार, कई जगहों पर बिना पंजीकरण वाले और नकली कीटनाशक खुलेआम बेचे जा रहे हैं, जिससे किसानों को भारी नुकसान उठाना पड़ रहा है. विभाग ने साफ कहा है कि अपंजीकृत कीटनाशकों के प्रचार और बिक्री को किसी भी स्थिति में बढ़ावा नहीं दिया जाएगा.

नकली कीटनाशकों से फसल और मिट्टी दोनों को नुकसान

विशेषज्ञों के मुताबिक नकली या गलत कीटनाशकों  का इस्तेमाल फसल की गुणवत्ता और उत्पादन दोनों पर गंभीर असर डालता है. कई बार किसान अधिक उत्पादन की उम्मीद में सस्ती दवाएं खरीद लेते हैं, लेकिन बाद में पूरी फसल खराब होने का खतरा बढ़ जाता है. कृषि विभाग, बिहार सरकार ने बताया कि अपंजीकृत कीटनाशकों से मिट्टी की उर्वरता धीरे-धीरे कम होने लगती है. इससे खेत की उत्पादक क्षमता पर भी बुरा असर पड़ता है. इसके अलावा इन रसायनों का असर मानव स्वास्थ्य और पर्यावरण पर भी पड़ सकता है

केवल अधिकृत विक्रेताओं से खरीदने की अपील

कृषि विभाग, बिहार सरकार ने किसानों से अपील की है कि वे केवल अधिकृत विक्रेताओं और लाइसेंसधारी दुकानों से ही कीटनाशक खरीदें. खरीदारी के समय बिल लेना और उत्पाद का पंजीकरण नंबर जांचना भी जरूरी बताया गया है. विभाग ने सभी ई-कॉमर्स कंपनियों, डिजिटल प्लेटफॉर्म, सोशल मीडिया संचालकों और यूट्यूब चैनलों को निर्देश दिए हैं कि वे सिर्फ वैध और पंजीकृत कीटनाशकों के प्रचार और बिक्री की अनुमति दें.

संदिग्ध उत्पाद दिखे तो तुरंत करें शिकायत

कृषि विभाग ने किसानों से अपील की है कि यदि किसी विक्रेता, वितरक या कंपनी द्वारा नकली या अपंजीकृत कीटनाशकों की बिक्री की जानकारी मिले, तो इसकी सूचना तुरंत जिले के सहायक निदेशक, पौधा संरक्षण कार्यालय  को दें. विभाग के अनुसार, शिकायत मिलने पर मामले की जांच की जाएगी और दोषी पाए जाने वालों के खिलाफ कीटनाशक अधिनियम के तहत सख्त कार्रवाई होगी. सरकार का उद्देश्य किसानों को सुरक्षित और गुणवत्तापूर्ण कृषि उत्पाद उपलब्ध कराना है, ताकि फसलों को नुकसान से बचाया जा सके और खेती की उत्पादकता बढ़ाई जा सके. किसानों को केवल पंजीकृत कीटनाशकों का ही उपयोग करने की सलाह दी गई है.

Published: 30 May, 2026 | 06:00 AM

Topics: