Kisan Kalyan Rath Yatra: हरियाणा सरकार किसानों तक सरकारी योजनाओं और आधुनिक खेती की जानकारी पहुंचाने के लिए राज्यभर में ‘किसान कल्याण रथ यात्रा’ शुरू करने जा रही है. एक महीने तक चलने वाले इस अभियान के तहत प्रदेश के 6,600 गांवों को कवर किया जाएगा. इनमें करनाल जिले के 300 गांव भी शामिल हैं. रथ यात्रा के जरिए किसानों को नई कृषि तकनीकों, सरकारी योजना और कृषि से जुड़ी सुविधाओं की जानकारी दी जाएगी.
विभाग के अधिकारियों के अनुसार, इस अभियान का उद्देश्य किसानों को केंद्र और राज्य सरकार की विभिन्न कल्याणकारी योजनाओं का अधिकतम लाभ दिलाना है. साथ ही खरीफ सीजन के दौरान आधुनिक, टिकाऊ और तकनीक आधारित खेती को बढ़ावा देना भी इसका प्रमुख लक्ष्य है. अभियान के लिए हरियाणा में 46 एलईडी स्क्रीन से लैस मोबाइल वैन तैनात की जाएंगी. उप कृषि निदेशक (DDA) डॉ. वजीर सिंह ने द ट्रिब्यून को कहा कि प्रत्येक जिले में दो मोबाइल वैन भेजी जाएंगी. हर वैन प्रतिदिन पांच गांवों का दौरा करेगी, जिससे एक जिले में रोजाना करीब 10 गांवों तक पहुंच बनाई जा सकेगी.
नई कृषि तकनीकों की मिलेगी जानकारी
इन वैनों के माध्यम से किसानों को सरकारी योजनाओं, नई कृषि तकनीकों और खेती से जुड़ी महत्वपूर्ण जानकारियों से अवगत कराया जाएगा. कृषि एवं किसान कल्याण विभाग की ओर से शुरू की जा रही किसान कल्याण रथ यात्रा के तहत किसानों को आधुनिक खेती और सरकारी योजनाओं की जानकारी दी जाएगी. इसके लिए चलने वाली मोबाइल वैन अत्याधुनिक एलईडी ऑडियो-विजुअल सिस्टम, जीपीएस ट्रैकिंग, साउंड सिस्टम, इंटरनेट कनेक्टिविटी और प्रचार सामग्री से लैस होंगी.
मछली पालकोंं को भी मिलेगा फायदा
उप कृषि निदेशक डॉ. वजीर सिंह ने कहा कि इन वैनों के माध्यम से किसानों को डॉक्यूमेंट्री, सफल किसानों की कहानियां, विशेषज्ञों के व्याख्यान और संवाद कार्यक्रमों के जरिए जागरूक किया जाएगा. किसानों को प्राकृतिक खेती, फसल विविधीकरण, मिट्टी और पानी की जांच, जल संरक्षण, फसल अवशेष प्रबंधन, उर्वरकों के संतुलित उपयोग, ड्रोन तकनीक, सोलर पंप, ड्रिप और स्प्रिंकलर सिंचाई, बागवानी, पशुपालन और मत्स्य पालन जैसी आधुनिक तकनीकों की जानकारी दी जाएगी.
सरकारी योजना के प्रति किया जाएगा जागरूक
इसके अलावा अभियान के दौरान ‘मेरी फसल मेरा ब्यौरा’, ‘भावांतर भरपाई योजना’, ‘मेरा पानी मेरी विरासत’ और डायरेक्ट सीडेड राइस (DSR) जैसी प्रमुख सरकारी योजनाओं का भी प्रचार-प्रसार किया जाएगा. डॉ. सिंह ने कहा कि इस अभियान में कृषि, बागवानी, पशुपालन और मत्स्य विभाग के अधिकारी भाग लेंगे. साथ ही, चौधरी चरण सिंह हरियाणा कृषि विश्वविद्यालय, महाराणा प्रताप बागवानी विश्वविद्यालय और लाला लाजपत राय पशु चिकित्सा एवं पशु विज्ञान विश्वविद्यालय के वैज्ञानिक भी किसानों को नई कृषि तकनीकों, नवाचारों और सरकारी अनुदान योजनाओं की जानकारी देंगे.
कार्यक्रम में करीब 100 किसान भाग लेंगे
कृषि विभाग के अनुसार, किसान कल्याण रथ यात्रा के तहत प्रत्येक गांव में आयोजित कार्यक्रम में करीब 100 किसानों के भाग लेने की उम्मीद है. अधिकारियों ने किसानों से इस अभियान में बढ़-चढ़कर हिस्सा लेने की अपील की है. विभाग का कहना है कि इस अभियान के जरिए किसानों को वैज्ञानिक खेती अपनाने, खेती की लागत कम करने, उत्पादन बढ़ाने और सरकार की विभिन्न कल्याणकारी योजनाओं का अधिकतम लाभ उठाने के लिए प्रेरित किया जाएगा.
गांवों का रूट प्लान तैयार हो गया है
उप कृषि निदेशक डॉ. वजीर सिंह ने कहा कि रथ यात्रा के लिए गांवों का रूट प्लान तैयार कर लिया गया है. मोबाइल वैन के जिले में पहुंचते ही अभियान की शुरुआत कर दी जाएगी और तय कार्यक्रम के अनुसार विभिन्न गांवों में जागरूकता कार्यक्रम आयोजित किए जाएंगे. उन्होंने कहा कि इस पहल से किसानों को नई कृषि तकनीकों और सरकारी योजनाओं की जानकारी सीधे उनके गांवों तक पहुंचाई जा सकेगी, जिससे खेती को अधिक लाभकारी और टिकाऊ बनाने में मदद मिलेगी.