किसानों को बड़ी राहत, CM फडणवीस ने किया ऐलान.. इस नियम के तहत जल्द मिलेगा फसल मुआवजा
महाराष्ट्र में बेमौसम बारिश और ओलावृष्टि से फसलों को भारी नुकसान हुआ है. मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस ने कहा कि सरकार जल्द ही प्रभावित किसानों को तय नियमों के अनुसार मुआवजा देगी. नुकसान का आकलन यानी पंचनामा तेजी से किया जा रहा है और किसानों को पूरा सहयोग मिलेगा.
Maharashtra News: महाराष्ट्र में बेमौसम बारिश और ओलावृष्टि से फसल नुकसान की मार झेल रहे किसानों के लिए राहत की खबर है. मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस ने कहा कि जल्द ही किसानों को फसल नुकसान के एवज में मुआवजा दिया जाएगा. सीएम फडणवीस के अनुसार, पिछले मार्च महीने से रूक-रूक कर हो रही बारिश के चलते रबी और बागवानी फसलों की बहुत अधिक बर्बादी हुई है. गेहूं, प्याज, मक्का और आम और अंगूर सहित सब्जियों की फसल भी चौपट हो गई है. लेकिन उनकी सरकार किसानों के साथ खड़ी है. उन्होंने कहा कि सरकार तय नियमों के अनुसार मुआवजा देगी.
मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस ने नासिक में अखिल भारतीय संत सम्मेलन की वर्किंग कमेटी की बैठक के बाद मीडिया से बातचीत करते हुए ये बातें कहीं. उन्होंने कहा कि फसलों के नुकसान का आकलन करने की तय प्रक्रिया यानी पंचनामा तेजी से किया जा रहा है. इसके बाद किसानों को मुआवजा दिया जाएगा. उन्होंने साफ कहा कि सरकार किसानों को किसी भी हालत में परेशान नहीं होने देगी और उन्हें पूरा सहयोग दिया जाएगा.
5.12 लाख एकड़ फसल बर्बाद
महाराष्ट्र में बेमौसम बारिश और ओलावृष्टि से 29 जिलों में करीब 5.12 लाख एकड़ फसल बर्बाद हुई है. खास बात यह है कि नुकसान दो चरणों में हुआ. मार्च में करीब 3.07 लाख एकड़ फसल खराब हुई, जबकि अप्रैल के पहले हफ्ते में हुई नई बारिश से लगभग 2.05 लाख एकड़ फसल और प्रभावित हो गई. कई तरह की फसलें इस नुकसान की चपेट में आई हैं, जिनमें केला, गेहूं, मक्का, आम, ज्वार, तरबूज, प्याज, अंगूर और अलग-अलग सब्जियां शामिल हैं.
- महाराष्ट्र में बारिश से 5.12 लाख एकड़ फसल चौपट, सरकार ने आर्थिक मदद का किया ऐलान.. सर्वे का काम शुरू
- ब्लैक थ्रिप्स से आम की फसल प्रभावित.. उत्पादन कम होने से कीमतों में बढ़ोतरी, 23000 रुपये क्विंटल रेट
- देश में 180 लाख टन से ज्यादा है खाद का स्टॉक, खरीफ सीजन में उर्वरक आपूर्ति को लेकर केंद्र ने बनाई रणनीति
- सरसों के उत्पादन में 3.64 फीसदी की बढ़ोतरी, राजस्थान पहले स्थान पर.. जानें MP, यूपी, हरियाणा का हाल
किस जिले में कितना है फसल नुकसान
महाराष्ट्र में बेमौसम बारिश और ओलावृष्टि का सबसे ज्यादा असर उत्तर महाराष्ट्र में देखने को मिला है. नासिक जिले में ही करीब 1.54 लाख एकड़ फसल खराब हो गई, जिससे प्याज, अंगूर, गेहूं और सब्जियों को भारी नुकसान हुआ है. इसके अलावा अहिल्या नागार में लगभग 87,777 एकड़, जलगांव में 83,480 एकड़ और धुले में 68,962 एकड़ फसल प्रभावित हुई है. वहीं मराठवाड़ा क्षेत्र के छत्रपति संभाजी नगर में भी करीब 43,035 एकड़ फसल को नुकसान पहुंचा है.
क्या बोले किसान नेता अनिल घनवत
महाराष्ट्र के बड़े किसान नेता और शेतकरी संगठन के अध्यक्ष अनिल सिंह घनवत ने किसान इंडिया से बात करते हुए कहा कि प्याज किसानों के ऊपर डबल मार पड़ी है. एक तो मंडी में प्याज का रेट काफी कम हो गया है. ऊपर से अब बेमौसम बारिश और ओलावृष्टि से खेतों में लगी प्याज की फसल भी चौपट हो गई है. ऐसे में किसानों की आर्थिक स्थिति दयनीय हो गई है.
प्याज के रेट में भारी गिरावट
अनिल सिंह धनवत ने किसान इंडिया से कहा कि बेमौसम बारिश से केवल प्याज ही नहीं बागवानी किसानों को भी हानि हुई है. इसलिए सरकार को फसल नुकसान का सर्वे कराकर तुरंत मुआवजा राशि जारी करनी चाहिए. उन्होंने कहा कि अभी मंडियों में प्याज का रेट 300 रुपये से 900 रुपये क्विंटल बिक रहा है. इससे किसानों को नुकसान हो रहा है. अब बेमौसम बारिश ने भी प्याज की फसल बर्बाद कर दी, जिससे किसान कर्ड में डूब गए हैं. क्योंकि कई किसानों ने कर्ज लेकर प्याज की खेती की थी.