India US trade deal: भारत-अमेरिका ट्रेड डील को लेकर सियासी घमासान तेज होता जा रहा है. कांग्रेस ने ऐलान किया है कि वह इस मुद्दे पर पंजाब में बड़ी रैली आयोजित करेगी, जिसमें लोकसभा में विपक्ष के नेता राहुल गांधी खुद शामिल होंगे. पार्टी का कहना है कि यह लड़ाई किसानों और देश के हितों से जुड़ी है, इसलिए इसकी शुरुआत पंजाब की धरती से की जाएगी.
फरवरी के अंत या मार्च की शुरुआत में रैली
चंडीगढ़ में मीडिया से बातचीत के दौरान कांग्रेस के वरिष्ठ नेता और पंजाब प्रभारी भूपेश बघेल ने जानकारी दी कि रैली 28 फरवरी या 1 मार्च को आयोजित की जा सकती है. उन्होंने कहा कि राहुल गांधी संसद के अंदर और बाहर लगातार इस ट्रेड डील का विरोध कर रहे हैं और किसानों से जुड़े मुद्दों को मजबूती से उठा रहे हैं.
बघेल ने कहा कि पार्टी इस मुद्दे को जन आंदोलन का रूप देने की तैयारी में है. उनके मुताबिक, “इंडिया-US ट्रेड डील पर असली लड़ाई पंजाब से शुरू होगी और इसमें राहुल जी समेत पार्टी के कई बड़े नेता शामिल होंगे.”
अमित शाह को खुली चुनौती
केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने राहुल गांधी को इस मुद्दे पर बहस की चुनौती दी है. इस पर प्रतिक्रिया देते हुए भूपेश बघेल ने कहा कि कांग्रेस बहस के लिए तैयार है. उन्होंने कहा, “आप समय और जगह तय कर दीजिए, हम आएंगे. किसान भी आएंगे.”
राहुल गांधी पिछले कुछ दिनों से सरकार पर आरोप लगा रहे हैं कि यह समझौता किसानों के हितों के खिलाफ है. उन्होंने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी से भी कई सवाल पूछे हैं और इसे किसानों के साथ “विश्वासघात” बताया है.
संगठन को मजबूत करने की तैयारी
सोमवार को चंडीगढ़ स्थित कांग्रेस भवन में पार्टी की कई अहम बैठकें हुईं. इन बैठकों में जिला अध्यक्षों, विधायकों, चुनाव लड़ चुके उम्मीदवारों और अन्य पदाधिकारियों ने हिस्सा लिया. बैठक की अध्यक्षता पंजाब प्रभारी भूपेश बघेल ने की.
पंजाब कांग्रेस अध्यक्ष अमरिंदर सिंह राजा वड़िंग ने बताया कि बैठकों में आने वाले 2027 विधानसभा चुनावों की रणनीति पर भी चर्चा हुई. संगठन को मजबूत करने, जन मुद्दों को प्रभावी तरीके से उठाने और आंदोलन कार्यक्रम तय करने पर विचार-विमर्श किया गया.
युवाओं और महिलाओं को प्राथमिकता
भूपेश बघेल ने यह भी संकेत दिया कि आगामी चुनावों में टिकट वितरण के दौरान युवाओं और महिलाओं को प्राथमिकता दी जाएगी. पार्टी नेतृत्व इस बार नए चेहरों को आगे लाने पर जोर दे सकता है. उन्होंने कहा कि कांग्रेस सिर्फ ट्रेड डील ही नहीं, बल्कि कानून व्यवस्था, मनरेगा और किसानों के अन्य मुद्दों पर भी आवाज उठाएगी.
पंजाब से क्यों शुरू हो रहा आंदोलन?
पंजाब एक कृषि प्रधान राज्य है और यहां बड़ी संख्या में किसान रहते हैं. ऐसे में ट्रेड डील से जुड़े मुद्दों को लेकर यहां माहौल जल्दी बन सकता है. कांग्रेस का मानना है कि अगर किसानों को नुकसान होने की आशंका है, तो इसे लेकर व्यापक जनजागरण जरूरी है.