मौत के मुंह से निकली जिंदगी! उफनती नदी में फंसे लोग और 15 मवेशियों का रातभर चला रेस्क्यू
बरसात के बीच बेतार नदी अचानक उफान पर आ गई, जिससे टापू पर मौजूद तीन लोग और 15 मवेशी फंस गए. तेज बहाव और अंधेरे के बीच पुलिस, एसडीआरएफ और ग्रामीणों ने घंटों मेहनत कर सभी को सुरक्षित बाहर निकाला. इस रेस्क्यू ने बड़ा हादसा टाल दिया.
कुछ ही मिनटों में शांत बहती नदी ने विकराल रूप धारण कर लिया और टापू पर मौजूद लोग चारों ओर से पानी में घिर गए. अंधेरा बढ़ता गया, पानी का बहाव तेज होता गया और खतरा लगातार बढ़ने लगा. सूचना मिलते ही पुलिस, एसडीआरएफ और स्थानीय ग्रामीणों ने बिना समय गंवाए संयुक्त बचाव अभियान शुरू किया. घंटों की कड़ी मशक्कत के बाद तीन लोगों और करीब 15 मवेशियों को सुरक्षित बाहर निकाल लिया गया. समय रहते किए गए इस रेस्क्यू ने एक बड़े हादसे को टाल दिया.
अचानक बढ़ा जलस्तर, टापू पर फंस गए लोग और मवेशी
पुंछ जिले के सीमावर्ती क्षेत्र में स्थित बेतार नदी में अचानक जलस्तर बढ़ गया. उस समय दो महिलाएं, एक पुरुष और करीब 15 मवेशी नदी के बीच बने एक टापू पर मौजूद थे. देखते ही देखते नदी का बहाव इतना तेज हो गया कि उनके लौटने का रास्ता पूरी तरह बंद हो गया. उन्होंने कई घंटों तक पानी कम होने का इंतजार किया, लेकिन हालात लगातार बिगड़ते गए.
पुलिस, एसडीआरएफ और ग्रामीणों ने संभाला मोर्चा
स्थिति गंभीर होने पर ग्रामीणों ने तुरंत प्रशासन को सूचना दी. इसके बाद पुलिस और एसडीआरएफ की टीम मौके पर पहुंची. स्थानीय लोगों की मदद से संयुक्त बचाव अभियान शुरू किया गया. अंधेरा और तेज बहाव रेस्क्यू में बड़ी चुनौती बने रहे, लेकिन राहत दल ने धैर्य और सतर्कता के साथ अभियान जारी रखा. कई घंटे की मेहनत के बाद तीनों लोगों और सभी मवेशियों को सुरक्षित बाहर निकाल लिया गया. इस सफल अभियान की स्थानीय लोगों ने सराहना की.
ऊपरी इलाकों में बारिश बनी अचानक आई बाढ़ की वजह
मीडिया रिपोर्ट के अनुसार, स्थानीय लोगों दिनभर इलाके में मौसम सामान्य रहा था, इसलिए ग्रामीण रोज की तरह मवेशियों को चराने के लिए नदी किनारे और टापू तक चले गए. माना जा रहा है कि नदी के ऊपरी कैचमेंट क्षेत्र में हुई भारी बारिश के कारण अचानक बेतार नदी का जलस्तर बढ़ गया. ऐसे मामलों में स्थानीय स्तर पर मौसम साफ होने के बावजूद नदी का बहाव अचानक खतरनाक हो सकता है, जिससे लोगों को संभलने का मौका भी नहीं मिलता.
प्रशासन की अपील: बरसात में नदी-नालों से रखें दूरी
प्रशासन ने एक बार फिर लोगों से अपील की है कि मानसून के दौरान नदी, नाले और जलधाराओं के आसपास जाने से बचें. मौसम सामान्य दिखाई देने के बावजूद ऊपरी क्षेत्रों में हुई बारिश के कारण अचानक बाढ़ आ सकती है. खासकर मवेशी चराने या नदी पार करने के दौरान अतिरिक्त सावधानी बरतना जरूरी है. प्रशासन का कहना है कि थोड़ी-सी लापरवाही जानलेवा साबित हो सकती है, इसलिए चेतावनियों का पालन करना ही सबसे सुरक्षित उपाय है.