होली पर किसानों को बड़ा फायदा, सस्ते मिलेंगे कृषि यंत्र.. जल्दी करें आवेदन वरना छूट जाएगा सुनहरा मौका
होली के मौके पर किसानों के लिए बड़ी खबर है. सरकार कृषि यंत्रों पर सब्सिडी दे रही है जिससे किसान कम कीमत में मशीनें खरीद सकेंगे. ऑनलाइन आवेदन शुरू हो चुके हैं और सीमित समय तक मौका मिलेगा. इस योजना से खेती आसान होगी और किसानों की मेहनत और खर्च दोनों कम हो सकते हैं.
Farm Machinery: होली का त्योहार खुशियों और रंगों का प्रतीक माना जाता है, लेकिन इस बार किसानों के लिए यह त्योहार खास होने वाला है. मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ की सरकार ने किसानों को खेती में मदद देने के लिए कृषि यंत्रों पर सब्सिडी देने की योजना शुरू की है. अब किसान कम कीमत में आधुनिक मशीनें खरीद सकेंगे. कृषि विभाग ने कृषि यंत्रों की बुकिंग शुरू कर दी है और किसान 4 मार्च तक आवेदन कर सकते हैं. सरकार का मानना है कि मशीनों से खेती आसान होगी और किसानों की कमाई बढ़ेगी.
होली पर सरकार का खास तोहफा
उत्तर प्रदेश सरकार ने होली के मौके पर किसानों को राहत देने के लिए कृषि यंत्रों पर अनुदान देने की पहल की है. इस योजना का मकसद खेती को आसान और आधुनिक बनाना है. कई किसान ऐसे होते हैं जो महंगे कृषि यंत्र खरीद नहीं पाते, इसलिए सरकार उन्हें सब्सिडी दे रही है. सरकार चाहती है कि ज्यादा से ज्यादा किसान मशीनों का इस्तेमाल करें ताकि खेती तेज और बेहतर तरीके से हो सके. इससे किसानों की मेहनत भी कम होगी और समय की बचत भी होगी.
इन कृषि यंत्रों पर मिलेगा लाभ
कृषि विभाग की योजना के तहत कई तरह के कृषि यंत्रों पर सब्सिडी दी जा रही है. किसान फार्म मशीनरी बैंक, कृषि ड्रोन और अलग-अलग कृषि यंत्रों के लिए आवेदन कर सकते हैं. इसके अलावा फसल अवशेष प्रबंधन के लिए मशीनें भी उपलब्ध हैं. मक्का की खेती करने वाले किसान बैच ड्रायर और मेज सेलर जैसे उपकरणों पर भी अनुदान पा सकते हैं. इन मशीनों की मदद से खेती का काम आसान होगा और फसल को संभालना भी आसान हो जाएगा. इससे उत्पादन बढ़ने की संभावना भी है.
ऐसे करना होगा आवेदन
किसानों को कृषि यंत्र लेने के लिए ऑनलाइन आवेदन करना होगा. आवेदन कृषि विभाग की वेबसाइट www.agridarshan.up.gov.in पर किया जा सकता है. किसान वेबसाइट पर जाकर किसान कॉर्नर में यंत्र बुकिंग विकल्प पर क्लिक करके आवेदन कर सकते हैं. आवेदन करने के बाद जिन किसानों का चयन होगा उन्हें कृषि यंत्र खरीदना होगा. खरीदारी के बाद मशीन की रसीद और फोटो 10 दिन के भीतर वेबसाइट पर अपलोड करनी होगी. वेबसाइट पर योजना से जुड़ी पूरी जानकारी भी उपलब्ध है, जिससे किसानों को आवेदन करने में आसानी होगी.
पहले भी लाखों किसानों को मिला फायदा
उत्तर प्रदेश सरकार के आंकड़ों के अनुसार 2017 से 2025 के बीच उत्तर प्रदेश में करीब तीन लाख कृषि यंत्र किसानों को दिए जा चुके हैं. इनमें लगभग 2.31 लाख छोटे कृषि यंत्र शामिल हैं. इसके अलावा 8405 कस्टम हायरिंग सेंटर और 7351 फार्म मशीनरी बैंक भी बनाए गए हैं. इन मशीनरी बैंकों की मदद से छोटे किसान किराए पर मशीनें ले सकते हैं और कम खर्च में खेती कर सकते हैं. वित्तीय वर्ष 2025-26 में जनवरी तक 7777 कृषि यंत्र, 51 कस्टम हायरिंग सेंटर और 64 फार्म मशीनरी बैंक से जुड़े बिल पोर्टल पर अपलोड किए जा चुके हैं. इससे साफ है कि किसानों में मशीनों की मांग लगातार बढ़ रही है.
खेती में आएगा बदलाव, बढ़ेगी कमाई
विशेषज्ञों का कहना है कि आधुनिक मशीनों से खेती करने पर काम जल्दी पूरा होता है और मजदूरी का खर्च कम होता है. इससे किसानों को ज्यादा फायदा मिल सकता है. अगर किसान इस योजना का सही फायदा उठाएं तो उनकी कमाई बढ़ सकती है और खेती आसान हो सकती है. सरकार की कोशिश है कि यह सुविधा ज्यादा से ज्यादा गांवों तक पहुंचे. होली के मौके पर मिला यह तोहफा किसानों की खेती में नई उम्मीद जगा सकता है और आने वाले समय में किसानों की जिंदगी बेहतर बना सकता है.