अमेरिका के प्रतिष्ठित व्यापार संगठन U.S.-India Business Council (USIBC) ने हाल ही में वॉशिंगटन डी.सी. में IFFCO के अध्यक्ष दिलीप संघाणी के नेतृत्व में पहुंचे PHDCCI प्रतिनिधिमंडल की मेजबानी की. इस बैठक को भारत और अमेरिका के बीच कृषि क्षेत्र में सहयोग को मजबूत बनाने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है.
बैठक के बाद USIBC ने अपने आधिकारिक सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म पर इस बातचीत की सराहना करते हुए कहा कि दिलीप संघाणी के नेतृत्व में हुई चर्चा से दोनों देशों के बीच कृषि सहयोग को नई गति मिलेगी. साथ ही कृषि क्षेत्र की साझा चुनौतियों, नवाचार आधारित समाधानों और भविष्य के अवसरों पर सार्थक विचार–विमर्श का रास्ता भी खुलेगा.
आपसी साझेदारी से बढ़ेंगे किसानों के लिए नए अवसर
चर्चा के दौरान टिकाऊ कृषि विकास, खाद्य सुरक्षा, कृषि नवाचार, किसानों की आय बढ़ाने और आधुनिक तकनीकों के उपयोग जैसे विषयों पर विस्तार से विचार किया गया. दोनों देशों के प्रतिनिधियों ने इस बात पर जोर दिया कि भारत और अमेरिका के बीच मजबूत कृषि साझेदारी न केवल किसानों के लिए नए अवसर पैदा करेगी, बल्कि वैश्विक खाद्य सुरक्षा को भी मजबूती देगी.
USIBC द्वारा इस बैठक को सार्वजनिक रूप से प्रमुखता दिए जाने को भारतीय सहकारिता आंदोलन और IFFCO की बढ़ती वैश्विक पहचान के रूप में देखा जा रहा है. यह भी दर्शाता है कि दिलीप संघाणी के नेतृत्व में भारतीय किसानों के मुद्दों और हितों को अंतरराष्ट्रीय मंचों पर प्रभावी ढंग से रखा जा रहा है.
USIBC was pleased to host a delegation from PHDCCI at the U.S. Chamber of Commerce in Washington, DC, led by @Dileep_Sanghani , Chairman of IFFCO.
The discussion provided a valuable opportunity to exchange perspectives on strengthening U.S.-India collaboration in agriculture,… pic.twitter.com/jUFeTvCWBf
— U.S.-India Business Council (@USIBC) June 2, 2026
बैठक में कृषि उत्पादकता बढ़ाने, भूमि स्वास्थ्य सुधारने, किसानों को तकनीकी सहायता उपलब्ध कराने, नई कृषि तकनीकों को बढ़ावा देने तथा खाद्य एवं पोषण सुरक्षा को मजबूत बनाने जैसे महत्वपूर्ण विषयों पर चर्चा हुई. कृषि विशेषज्ञों, नीति निर्माताओं और उद्योग प्रतिनिधियों ने माना कि दोनों देशों के बीच बढ़ता सहयोग कृषि क्षेत्र में नई संभावनाएं पैदा करेगा और किसानों को दीर्घकालिक लाभ पहुंचाएगा.
विशेषज्ञों का मानना है कि दिलीप संघाणी के नेतृत्व में हुआ यह संवाद भारत–अमेरिका कृषि साझेदारी को नई दिशा देने के साथ–साथ सहकारिता आधारित कृषि मॉडल को वैश्विक स्तर पर पहचान दिलाने में भी महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगा.