देश 77वें गणतंत्र दिवस को मनाने के लिए तैयार है. इससे पहले उत्तर प्रदेश के 5 प्रगतिशील किसानों को गौरव सम्मान अवॉर्ड से सम्मानित किया गया है. उत्तर प्रदेश सरकार के मंत्री नरेंद्र कश्यप ने इन किसानों को एकीकृत खेती मॉडल और जैविक खेती अपनाने, एफपीओ शुरू करके किसानों की आय बढ़ाने, नई तकनीक से खेती करने समेत कृषि के विकास में अहम योगदान देने के लिए सम्मानित किया. गाजियाबाद केवीके के प्रभारी अधिकारी डॉक्टर प्रमोद कुमार ने कहा कि किसानों को सम्मानित किए जाने से किसानों को प्रेरणा मिलेगी. उन्होंने कहा कि किसानों को प्रशिक्षण देने की शुरूआत भी की गई है.
उत्तर प्रदेश सरकार की ओर से राज्य के कई किसानों को जिलावार गौरव सम्मान से सम्मानित किया गया है. गाजियाबाद के 5 किसानों को भी उनकी आधुनिक खेती के तरीके से अपनी कमाई बढ़ाने और अन्य किसानों को प्रेरित करने और अनूठे प्रयासों के लिए यह पुरस्कार दिया गया है. उत्तर प्रदेश सरकार के राज्यमंत्री नरेंद्र कश्यप ने कहा कि खेती में महिलाओं को भी आगे बढ़-चढ़कर हिस्सा लेना होगा और जो महिलाएं पहले से खेती से जुड़ी हैं या खेती संबंधी कार्य कर रही हैं उन्हें विशेष प्रोत्साहन दिया जाना चाहिए. उन्होंने केवीके गाजियाबाद के कार्यों की सराहना की.
किसान अवनीश, नीतू और सुनील चौहान के योगदान का सम्मान
सरकार की कृषि योजनाओं के प्रचार प्रसार में विशेष भूमिका अदा निभाने वाले किसान किसान अवनीश त्यागी, नीतू चौधरी को सम्मानित किया गया है. गन्ना की आधुनिक तरीके से खेती करने और एफपीओ बनाकर किसानों की उपज को सही कीमत पर बिक्री कराने में मदद करने वाले किसान सुनील चौहान को गौरव सम्मान दिया गया है. वहीं, कृषि विज्ञान केंद्र कृषि विभाग और जैविक किसान आकांक्षा सिंह ने संयुक्त रूप से किसान उत्पादों की प्रदर्शनी लगाने के लिए प्रोत्साहित किया गया.

उन्नत तरीके से खेती करने वाले किसानों को सम्मानित किया गया.
एकीकृत खेती मॉडल के लिए मंजू कश्यप सम्मानित
एकीकृत खेती मॉडल के जरिए अपनी आर्थिक स्थिति बेहतर करने वाली प्रगतिशील किसान किसान मंजू कश्यप को भी गौरव सम्मान दिया गया. उन्नत तरीके से मछलीपालन के लिए मत्स्य विभाग उत्तर प्रदेश की ओर से भी उन्हें सम्मानित किया गया. मंजू कश्यप ने बताया कि वह तालाब में मछलीपालन के साथ सिंघाड़े की खेती करती हैं और इसके साथ ही अपने फार्म पर मुर्गीपालन-बत्तख पालन और सब्जियों के साथ ही फलों का उत्पादन भी करती हैं. इससे कम जमीन पर कम लागत में वह ज्यादा उत्पादन हासिल कर पा रही हैं. इससे साल के 12 महीने उत्पादन के साथ ही बेहतर कमाई का रास्ता साफ हुआ है.
किसानों को ट्रेनिंग देने के साथ उन्नत खेती के तरीके सिखा रहा केवीके
कृषि विज्ञान केंद्र के प्रभारी अधिकारी डॉक्टर प्रमोद कुमार ने कहा कि उनके यहां से प्रशिक्षण के साथ ही उन्नत बीज समेत खेती संसाधन हासिल कर खेती के नए और उत्पादन बढ़ाने वाले तरीके अपनाने और कृषि योजनाओं के प्रचार-प्रसार में विशेष भूमिका निभाने वाले किसानों को सरकार और गाजियाबाद जिला प्रशासन की ओर से गौरव सम्मान से सम्मानित किया गया है. उन्होंने बताया कि केवीके जिले के किसानों को उन्नत खेती के साथ व्यावसायिक खेती की ट्रेनिंग समेत अन्य संसाधन उपलब्ध करा रहा है.