Protest Against US Trade Deal : भारत अमेरिका व्यापार समझौते के विरोध में किसान आंदोलन को लेकर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और केंद्रीय कृषि मंत्री शिवराज सिंह को किसान संगठनों ने चिट्ठी भेजी है. पीएम को संबोधित चिट्ठी में 15 जुलाई और 21 जुलाई के आंदोलन, धरना-प्रदर्शन और मार्च को लेकर अपडेट दिया है. 112 से ज्यादा किसान संगठनों के देश बचाओ मोर्चा की ओर से यह चिट्ठी भेजी गई है. चिट्ठी में मोर्चा की समन्वय समिति ने सरकार को बातचीत करने का न्यौता दिया है.
पीएम मोदी और कृषि मंत्री को भेजी चिट्ठी
112 से ज्यादा किसान संगठनों ने अमेरिकी ट्रेड डील के खिलाफ आंदोलन के लिए देश बचाओ मोर्चा का गठन किया है. इस मोर्चा का संचालन और लीडरशिप के लिए 6 सदस्यीय समन्वय समिति बनाई गई है. समन्वय समिति ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और केंद्रीय कृषि मंत्री को चिट्ठी भेजी है. इसमें सूचित करते हुए कहा गया है कि देश के किसान संगठनों ने मिलकर 25 जून और 1 जुलाई को बैठकें की थीं, जिसमें ट्रेड डील को रोकने के लिए सर्व सम्मति से आंदोलन चलाने का फैसला लिया है.
21 जुलाई को दिल्ली के किसान घाट पर प्रदर्शन
चिट्ठी में आगे बताया गया है कि भारत अमेरिका व्यापार समझौते के विरोध में 15 जुलाई 2026 को तहसील स्तर पर मोटरसाइकिल मार्च करके जिलाधिकारियों और एसडीएम को ज्ञापन दिए जाएंगे. इसके बाद 21 जुलाई 2026 को दिल्ली में किसान घाट पर एक दिवसीय प्रदर्शन करने का फैसला किया गया है. इसलिए किसान दिल्ली आएंगे और शांतिपूर्ण प्रदर्शन कर विरोध जताएंगे.
सरकार के बातचीत के लिए तैयार हैं किसान
समन्वय समिति ने सरकार से किसानों के मुद्दों पर वार्ता करने की अपील की है. चिट्ठी में कहा गया है कि प्रस्तावित आंदोलन के बावजूद हम वार्ता से समस्या के समाधान के पक्ष में हैं अगर सरकार देश बचाओ मोर्चा (डीबीएम) से बात करना चाहती है तो हम तैयार हैं.
देश बचाओ मोर्चा की समन्वय समिति में 6 किसान नेता
देश बचाओ मोर्चा की 6 सदस्यीय समन्वय समिति की ओर से चिट्ठी भेजी गई है. मोर्चा में देश बड़े किसान नेताओं को शामिल किया गया है. इसमें राष्ट्रीय किसान मजदूर संगठन के अध्यक्ष सरदार वीएम सिंह, बीकेयू चढ़ूनी के अध्यक्ष गुरुनाम सिंह चढूनी, किसान मजदूर मोर्चा पंजाब के संयोजक सरवन सिंह पंधेर, बीकेयू क्रांतिकारी पंजाब के प्रमुख सुरजीत सिंह फुल, किसान ब्रिगेड महाराष्ट्र के प्रमुख प्रकाश पोहारे और राष्ट्रीय किसान मजदूर महासंघ के प्रमुख शिव कुमार कक्का शामिल हैं.
सरकार नहीं सुनेगी तो आंदोलन ही आखिरी रास्ता
राष्ट्रीय किसान मजदूर संगठन के उत्तर प्रदेश सचिव कैलाश सिंह लांबा ने बताया कि भारत अमेरिका ट्रेड डील के विरोध में गांव गांव जनसंपर्क लगातार जारी है. आने वाली 15 जुलाई को ट्रैक्टर बाइक रैली निकालकर बिजनौर जिला मुख्यालय समेत पूरे उत्तर प्रदेश में जिला मुख्यालयों और तहसीलों में पंचायत कर प्रधानमंत्री के नाम ज्ञापन दिया जाएगा. इसके अलावा 21 जुलाई को दिल्ली किसान घाट पर किसान अधिक से अधिक जनसंख्या में किसान घाट पहुंचेंगे. उन्होंने कहा कि किसान संगठनों के संयुक्त मंच देश बचाओ मोर्चा की ओर से सरकार को चिट्ठी भेजी गई है, क्योंकि हम बातचीत से हल निकालने के लिए भी तैयार हैं. लेकिन, सरकार नहीं सुनेगी तो आंदोलन ही आखिरी रास्ता बचता है.