Jharkhand Agriculture News: झारखंड सरकार ने संभावित अल नीनो और सूखे की स्थिति को देखते हुए कृषि, पशुपालन और सहकारिता विभाग को पूरी तरह सतर्क रहने के निर्देश दिए हैं. हटिया स्थित पशुपालन भवन (हेसाग) में आयोजित उच्चस्तरीय समीक्षा बैठक में कृषि मंत्री शिल्पी नेहा तिर्की (Shilpi Neha Tirkey) ने अधिकारियों से कहा कि किसानों तक हर सरकारी योजना समय पर, पारदर्शी तरीके से और बिना किसी बाधा के पहुंचे. बैठक में बीज, उर्वरक, पशुधन और सूखा प्रबंधन से जुड़े सभी मुद्दों पर विस्तार से चर्चा की गई.
अल नीनो और सूखे से निपटने के लिए पहले से तैयारी के निर्देश
बैठक में अल नीनो के संभावित प्रभाव और सूखे की आशंका को लेकर विभागीय तैयारियों की समीक्षा की गई. अधिकारियों को निर्देश दिए गए कि किसी भी आपात स्थिति से निपटने के लिए सभी आवश्यक इंतजाम पहले से पूरे कर लिए जाएं. जल संरक्षण, किसानों को समय पर सलाह और प्रभावित क्षेत्रों पर लगातार निगरानी रखने पर विशेष जोर दिया गया, ताकि खेती पर सूखे का असर कम से कम हो.
बाजरा मिशन के तहत पंचायत स्तर पर चलेगा विशेष अभियान
सरकार ने मिलेट (बाजरा) मिशन को गति देने के लिए पंचायत स्तर पर विशेष पंजीकरण अभियान चलाने के निर्देश दिए हैं. इसका उद्देश्य अधिक से अधिक किसानों को मोटे अनाज की खेती से जोड़ना है. बैठक में कहा गया कि बाजरा जैसी फसलें कम पानी में भी अच्छी पैदावार देती हैं, इसलिए बदलते मौसम को देखते हुए इनकी खेती को बढ़ावा देना जरूरी है. अधिकारियों को किसानों तक योजना की जानकारी पहुंचाने और पंजीकरण प्रक्रिया आसान बनाने के निर्देश भी दिए गए.
Held a review meeting of the Department of Agriculture, Animal Husbandry & Cooperation at Pashupalan Bhawan, Hatia.
Clear directions were issued to ensure that every government scheme reaches the last beneficiary in a timely and transparent manner.
Keeping in view the possible… pic.twitter.com/57dBHVkuHO
— Shilpi Neha Tirkey (@ShilpiNehaTirki) July 4, 2026
कालाबाजारी पर होगी सख्त कार्रवाई
कृषि मंत्री ने अधिकारियों से कहा कि किसानों को गुणवत्तापूर्ण बीज और उर्वरक समय पर उपलब्ध कराना प्राथमिकता होनी चाहिए. साथ ही उर्वरकों की कालाबाजारी या कृत्रिम कमी पैदा करने वालों के खिलाफ सख्त कार्रवाई करने के निर्देश दिए गए. विभाग को यह भी सुनिश्चित करने को कहा गया कि सरकारी योजनाओं का लाभ पात्र किसानों तक बिना किसी देरी के पहुंचे और वितरण प्रक्रिया पूरी तरह पारदर्शी रहे.
पशुधन की सुरक्षा और किसानों के हित सरकार की पहली प्राथमिकता
बैठक में मुख्यमंत्री पशुधन योजना की भी समीक्षा की गई. अधिकारियों को निर्देश दिए गए कि सूखे के दौरान पशुओं में फैलने वाली बीमारियों से बचाव के लिए व्यापक टीकाकरण अभियान चलाया जाए. पशुओं के चारे और स्वास्थ्य सेवाओं की उपलब्धता पर भी विशेष ध्यान देने को कहा गया. कृषि मंत्री शिल्पी नेहा तिर्की ने स्पष्ट कहा कि झारखंड सरकार हर परिस्थिति में किसानों के साथ खड़ी है. किसानों का हित, कृषि उत्पादन की सुरक्षा और सरकारी योजनाओं का प्रभावी क्रियान्वयन सरकार की सर्वोच्च प्राथमिकता है.