बेटी की शादी कल है… फसल न बिकने पर हाथ जोड़कर रो पड़ा किसान, कीमत पर हुआ पूरा विवाद

किसान बार-बार हाथ जोड़कर अधिकारियों और व्यापारियों से कह रहा था “मेरी बेटी की शादी कल है… मुझे टीका और शादी की तैयारियों के लिए पैसे चाहिए. अगर आज फसल नहीं बिकी तो शादी कैसे होगी?” तेज धूप में मंडी परिसर में उसकी फसल की बोरियां पड़ी थीं और किसान बेहद परेशान दिखाई दे रहा था.

नई दिल्ली | Updated On: 12 Mar, 2026 | 09:48 AM

मध्य प्रदेश के गुना जिले की नानाखेड़ी कृषि उपज मंडी से एक बेहद भावुक और चिंताजनक घटना सामने आई है. यहां एक किसान अपनी फसल बेचने के लिए सुबह-सुबह मंडी पहुंचा था, लेकिन विवाद के कारण पूरे दिन बोली प्रक्रिया रुक गई. हालात ऐसे हो गए कि किसान मंडी में खड़ा होकर हाथ जोड़कर अधिकारियों और व्यापारियों से अपनी फसल खरीदने की गुहार लगाने लगा.

उस किसान की सबसे बड़ी चिंता यह थी कि अगले ही दिन उसकी बेटी की शादी थी और उसे शादी के खर्च के लिए तुरंत पैसों की जरूरत थी.

मंडी में अचानक रुक गई नीलामी प्रक्रिया

NDTV की रिपोर्ट के अनुसार, मंगलवार सुबह मंडी में सामान्य तरीके से फसलों की बोली लगनी शुरू हुई थी. किसान धनिया और सरसों जैसी ताजा फसल लेकर मंडी पहुंचे थे. इसी दौरान एक किसान की धनिया फसल की बोली करीब 5700 रुपये प्रति क्विंटल तक पहुंची.

लेकिन किसानों का आरोप है कि ड्यूटी पर मौजूद मार्केट इंस्पेक्टर राजकुमार शर्मा ने बोली की पर्ची में 5700 की जगह 5400 रुपये दर्ज कर दिए. जब किसान ने 300 रुपये के इस अंतर पर आपत्ति जताई तो विवाद बढ़ गया. प्रत्यक्षदर्शियों का कहना है कि इस दौरान इंस्पेक्टर का व्यवहार ठीक नहीं था और वह नशे की हालत में भी दिखाई दे रहे थे. इस घटना से व्यापारी भी नाराज हो गए और विरोध में मंडी में खरीद बंद कर दी गई. देखते ही देखते पूरी मंडी में नीलामी प्रक्रिया रुक गई.

“मेरी बेटी की शादी कल है” कहकर किसान ने लगाई गुहार

इसी बीच श्रीपुरचक गांव से आया एक किसान मंडी परिसर में खड़ा होकर रोने लगा. उसकी धनिया की फसल बोली के इंतजार में पड़ी थी. किसान बार-बार हाथ जोड़कर अधिकारियों और व्यापारियों से कह रहा था “मेरी बेटी की शादी कल है… मुझे टीका और शादी की तैयारियों के लिए पैसे चाहिए. अगर आज फसल नहीं बिकी तो शादी कैसे होगी?” तेज धूप में मंडी परिसर में उसकी फसल की बोरियां पड़ी थीं और किसान बेहद परेशान दिखाई दे रहा था. यह दृश्य देखकर वहां मौजूद कई किसान भी भावुक हो गए.

किसानों का गुस्सा फूटा, सड़क पर किया विरोध

मंडी में कई घंटों तक खरीद बंद रहने से किसानों का गुस्सा बढ़ गया. बड़ी संख्या में किसान मंडी से बाहर निकलकर सड़क पर आ गए और एबी रोड नेशनल हाईवे को जाम कर दिया. करीब आधे घंटे तक सड़क पर वाहनों की लंबी कतार लग गई. बाद में पुलिस मौके पर पहुंची और किसानों को समझाकर सड़क खाली करवाई.

किसानों ने बताई अपनी परेशानी

मौके पर मौजूद किसान गिरिराज यादव ने बताया कि वह सुबह 7 बजे से मंडी में खड़ा था. उन्होंने कहा कि धनिया की बोली 5700 रुपये लगी थी, लेकिन पर्ची में 5400 रुपये लिख दिया गया. इससे किसानों में नाराजगी फैल गई. उन्होंने कहा, “हम सुबह से मंडी में खड़े हैं. फसल लाने में ट्रैक्टर और मजदूरी का खर्च लगता है. अगर मंडी में ऐसी गड़बड़ी होगी तो किसान कहां जाएगा?” उन्होंने यह भी कहा कि कई किसान शादी और पारिवारिक जरूरतों के लिए फसल बेचने आते हैं, लेकिन ऐसी स्थिति में उन्हें भारी परेशानी होती है.

पूर्व मंत्री जयवर्धन सिंह ने उठाया मुद्दा

इस घटना का मुद्दा पूर्व मंत्री जयवर्धन सिंह ने भी उठाया. उन्होंने कहा कि मंडी में अपनी ही फसल बेचने के लिए रोते हुए किसान की तस्वीर बेहद दुखद है. जिस किसान को देश का अन्नदाता कहा जाता है, वही अगर अपनी फसल बेचने के लिए अधिकारियों के सामने हाथ जोड़ने को मजबूर हो जाए तो यह गंभीर बात है. उन्होंने दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की मांग की और कहा कि अगर किसानों के साथ अन्याय हुआ तो कांग्रेस पार्टी आंदोलन भी कर सकती है.

मंडी प्रशासन ने शुरू की जांच

मामले के बढ़ने के बाद मंडी सचिव आरपी सिंह ने मीडिया से बात करते हुए कहा कि इस विवाद की वजह मार्केट इंस्पेक्टर राजकुमार शर्मा की भूमिका बताई जा रही है. उन्होंने बताया कि इंस्पेक्टर के नशे में होने की शिकायत भी मिली है और उनका मेडिकल परीक्षण कराया जाएगा. प्रशासन ने मौके पर पंचनामा तैयार किया है और रिपोर्ट उच्च अधिकारियों को भेजी गई है. फिलहाल संबंधित इंस्पेक्टर को ड्यूटी से हटा दिया गया है और मामले की जांच शुरू कर दी गई है.

घटना ने फिर उजागर की किसानों की समस्या

गुना की यह घटना सिर्फ एक किसान की परेशानी नहीं बल्कि उस बड़ी समस्या की झलक है जिससे देश के कई किसान जूझ रहे हैं. किसानों को कई बार मंडियों में देरी, विवाद और प्रशासनिक गड़बड़ियों के कारण अपनी मेहनत की सही कीमत पाने में मुश्किल होती है.

Published: 12 Mar, 2026 | 09:38 AM

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