Madhya Pradesh News: मध्य प्रदेश कैबिनेट ने दलहन आत्मनिर्भर मिशन के तहत दालों की खेती करने वाले किसानों को मुफ्त बीज देने, उन्नत किस्में उपलब्ध कराने और बढ़े एमएसपी पर खरीद करने के लिए 2442 करोड़ रुपये खर्च करने को मंजूरी दे दी है. सरकार के इस फैसले से चना, उड़द, मूंग और मसूर उगाने वाले किसानों को लाभ मिलेगा और उनकी उपज खरीद में तेजी आएगी. इसके अलावा कैबिनेट ने आवास निर्माण के लिए 32 हजार करोड़ की राशि स्वीकृत की है. जबकि, आंगनवाड़ी केन्द्रों और समेकित बाल संरक्षण मिशन वात्सल्य के लिए 2,412 करोड़ रुपये मंजूर किए गए हैं.
सड़क, आवास समेत बुनियादी ढांचे के लिए 32 हजार करोड़ राशि मंजूर
मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव की अध्यक्षता में मंगलवार को कैबिनेट बैठक में मध्यप्रदेश के विकास और जन-कल्याण के लिए विभिन्न विभागों की 38 हजार 555 करोड़ रुपये की योजनाओं के लिए वित्तीय मंजूरी दी गईं. कैबिनेट ने व्यापारियों के लिए राज्य व्यापारी कल्याण बोर्ड के गठन का निर्णय भी लिया गया है. इसके तहत 16वें वित्त आयोग की अवधि (2026-2031) के लिए सड़क निर्माण, ग्रामीण मार्गों के उन्नयन और शासकीय आवासों के रखरखाव के लिए सर्वाधिक 32 हजार 405 करोड़ रुपये का प्रावधान किया गया है.
दलहन मिशन के लिए 2442 करोड़ खर्च करेगी सरकार
कृषि क्षेत्र को मजबूती देने के लिए “दलहनों में आत्मनिर्भरता मिशन” को मंजूरी दी गई, इसमें आगामी 5 साल में 2,442.04 करोड़ रुपये खर्च कर दलहन उत्पादन को बढ़ावा दिया जाएगा. कैबिनेट ने मध्यप्रदेश में योजना के क्रियान्वयन के संबंध में नियम और दिशानिर्देश जारी करने के लिए किसान कल्याण तथा कृषि विकास विभाग को अधिकृत किया गया है. प्रधानमंत्री मोदी की ओर से दलहन फसलों में आत्मनिर्भर बनने के लिए राष्ट्रीय खाद्य सुरक्षा एवं पोषण मिशन में से दलहन फसल को अलग कर “दलहनों में आत्मनिर्भरता मिशन” 11 अक्टूबर 2025 को शुरू किया गया है.
चना, उड़द, मूंग और मसूर को ज्यादा दाम मिलेगा
दलहन मिशन के लिए फंड को मंजूरी मिलने से चना, उड़द, मूंग और मसूर फसलों की खेती करने वाले किसानों को लाभ मिलेगा. योजना के तहत किसानों को दलहन बीज मुफ्त मिलेंगे और जलवायु अनुकूल उन्नत किस्में किसानों के उपलब्ध कराई जाएंगी. जबकि, दलहन फसलों की खरीद तुरंत और तेज करने के साथ ही बढ़े हुए न्यूनतम समर्थन मूल्य पर किया जा सकेगा. जबकि, दलहन फसलों के नुकसान पर मुआवजा राशि तुरंत जारी हो सकेगी. दलहन मिशन का उद्देशय दलहनी फसलों के उत्पादन में बढ़ोत्तरी के साथ ही क्षेत्रफल का विस्तार करना हैं.
किसानों को मिलेगी ट्रेनिंग
दलहन मिशन के तहत राज्य की ओर से फंड को मंजूरी मिलने से जलवायु अनुकूल उन्नत बीजों के उत्पादन को बढ़ाया जाएगा, कटाई के बाद प्रॉसेसिंग, भंडारण और प्रबंधन तकनीकों को बढ़ावा दिया जाएगा. योजना के तहत बीज वितरण, बीजों का प्रदर्शन और संरक्षण के साथ ही किसानों को ट्रेनिंग देने की प्रक्रिया भी शुरू होगी. साथ ही पोस्ट हार्वेस्ट इंफ्रास्ट्रक्चर यूनिट विकसित होने से किसानों को लाभ मिलेगा.