Today Weather: देश में इस समय मौसम का मिजाज बेहद असामान्य और चिंताजनक नजर आ रहा है. एक ही समय में देश के अलग-अलग हिस्सों में दो बिल्कुल अलग मौसम देखने को मिल रहे हैं. कहीं भीषण गर्मी और लू लोगों का जीवन मुश्किल बना रही है, तो कहीं आंधी-तूफान और भारी बारिश से जनजीवन प्रभावित हो रहा है. यह बदलता हुआ मौसम केवल एक सामान्य घटना नहीं, बल्कि बड़े स्तर पर जलवायु परिवर्तन के संकेत भी दे रहा है.चलिए जानते हैं आज कैसा रहेगा आपके राज्य का मौसम.
एक साथ दो तरह का मौसम क्यों?
आमतौर पर अप्रैल के महीने में गर्मी बढ़ती है, लेकिन इस बार हालात कुछ अलग हैं. उत्तर, मध्य और पूर्वी भारत में एक साथ तापमान तेजी से बढ़ा है, जिससे कई जगहों पर लू की स्थिति बन गई है. वहीं पूर्वोत्तर और पहाड़ी इलाकों में नमी और बादल सक्रिय हैं, जिसके कारण बारिश और तूफान देखने को मिल रहे हैं. वैज्ञानिकों का मानना है कि यह स्थिति बड़े पैमाने पर वायुमंडलीय बदलाव का परिणाम है. तेज धूप, साफ आसमान, कम बर्फबारी और समुद्र के तापमान में बदलाव, ये सभी मिलकर मौसम मे लगातार बदलाव ला रहे हैं.
दिल्ली-एनसीआर
दिल्ली में 23 से 27 अप्रैल के बीच तापमान 42 से 44 डिग्री सेल्सियस तक पहुंचने का अनुमान है. मौसम विभाग ने येलो अलर्ट जारी किया है. लू की शुरुआत हो चुकी है और अगले कुछ दिन हालात और कठिन हो सकते हैं. हवा की गुणवत्ता भी खराब बनी हुई है, जिससे परेशानी और बढ़ रही है.
उत्तर प्रदेश
उत्तर प्रदेश में 23 से 26 अप्रैल के बीच भीषण गर्मी का प्रकोप रहेगा. कई जिलों में तापमान 40 से 45 डिग्री तक पहुंच रहा है. बुंदेलखंड में बांदा और झांसी जैसे इलाके सबसे ज्यादा गर्म हैं, जहां पारा 45 डिग्री के आसपास पहुंच चुका है. सुबह से ही तेज धूप और दिनभर गर्म हवाएं लोगों को परेशान कर रही हैं.
राजस्थान
राजस्थान में भी गर्मी अपने चरम पर है. जयपुर, जोधपुर, बीकानेर, कोटा और श्रीगंगानगर जैसे शहरों में तापमान 42 से 45 डिग्री के बीच बना हुआ है. श्रीगंगानगर में 43.7 डिग्री तक तापमान दर्ज किया गया है. मौसम विभाग ने 24 से 26 अप्रैल तक लू का अलर्ट जारी किया है.
मध्य प्रदेश और छत्तीसगढ़
इन राज्यों में भी तापमान लगातार बढ़ रहा है और 23 से 27 अप्रैल के बीच लू चलने की संभावना है. दिन में बाहर निकलना मुश्किल हो गया है और लोग गर्मी से बचने के उपाय खोज रहे हैं.
बिहार
बिहार में 23 अप्रैल को लू का असर देखने को मिलेगा और तापमान 40 डिग्री से ऊपर रहेगा. पटना में पारा 41 डिग्री तक पहुंच सकता है. हालांकि इसके बाद आंधी-तूफान और बारिश से कुछ राहत मिल सकती है. 50 से 60 किमी प्रति घंटे की रफ्तार से हवाएं चलने की संभावना है.
झारखंड
झारखंड के कुछ जिलों में लू का अलर्ट है, लेकिन 24 से 26 अप्रैल के बीच बारिश और तेज हवाओं की संभावना भी जताई गई है. इससे तापमान में थोड़ी गिरावट आ सकती है.
पश्चिम बंगाल और ओडिशा
पश्चिम बंगाल के दक्षिणी हिस्सों में 25 अप्रैल तक लू की स्थिति बनी रह सकती है, जहां तापमान 43 डिग्री के आसपास है. वहीं उत्तर बंगाल में बारिश और आंधी-तूफान की संभावना है.
ओडिशा में भी गर्म और उमस भरा मौसम बना हुआ है. तटीय क्षेत्रों में लोगों को ज्यादा परेशानी हो रही है, क्योंकि यहां नमी के कारण गर्मी और ज्यादा महसूस होती है.
पहाड़ी राज्य में बदलता मौसम
हिमाचल में 25 से 28 अप्रैल के बीच मौसम बदलने की संभावना है. कई इलाकों में बारिश, तेज हवाएं और ओलावृष्टि हो सकती है. इससे लोगों को गर्मी से राहत मिलेगी. वहीं उत्तराखंड में 24 अप्रैल से एक नया पश्चिमी विक्षोभ सक्रिय होगा, जिससे ऊंचाई वाले क्षेत्रों में बारिश और बर्फबारी हो सकती है.
जम्मू-कश्मीर में भी 24 अप्रैल के बाद मौसम बदलने की संभावना है. घाटी में तापमान कम है, लेकिन जम्मू क्षेत्र में गर्मी महसूस होने लगी है.
पूर्वोत्तर भारत में बारिश और तूफान का असर
असम, मेघालय, अरुणाचल प्रदेश, नागालैंड, मिजोरम और त्रिपुरा में लगातार बारिश और आंधी-तूफान की स्थिति बनी हुई है. यहां 60 से 70 किमी प्रति घंटे की रफ्तार से हवाएं चल सकती हैं और बिजली गिरने का खतरा भी है. यह स्थिति एक चक्रवाती परिसंचरण के कारण बनी हुई है, जो इस क्षेत्र में मौसम को अस्थिर बना रहा है.
दक्षिण भारत में प्री-मानसून की दस्तक
तमिलनाडु, केरल, कर्नाटक और अंडमान-निकोबार द्वीप समूह में प्री-मानसून गतिविधियां शुरू हो चुकी हैं. यहां बारिश और तूफान के कारण मौसम में बदलाव देखा जा रहा है. हालांकि कुछ तटीय इलाकों में गर्म और उमस भरी स्थिति बनी हुई है.
मौसम के पीछे के बड़े कारण
इस बार की गर्मी सिर्फ स्थानीय कारणों से नहीं, बल्कि वैश्विक बदलावों से भी जुड़ी है. तेज सौर विकिरण, साफ आसमान, कम बर्फबारी और समुद्र के तापमान में बदलाव ने मिलकर इस स्थिति को और गंभीर बना दिया है. उत्तर-पश्चिम से आने वाली गर्म और सूखी हवाएं भी बादलों को बनने नहीं दे रही हैं, जिससे बारिश नहीं हो पा रही और तापमान लगातार बढ़ रहा है.