सिंचाई परियोजनाओं के लिए 2598 करोड़ मंजूर, 51 हजार हेक्टेयर फसलों को मिलेगा पानी.. बढ़ेगी उपज

Madhya Pradesh Irrigation Scheme: मध्य प्रदेश सरकार ने झिरमिटी मध्यम सिंचाई परियोजना, नावथा सिंचाई परियोजना के लिए रकम को मंजूरी दे दी है. इन सिंचाई प्रोजेक्ट के जरिए राज्य की खेती को पानी उपलब्धता की दिक्कत खत्म हो जाएगी. वहीं, किसानों की कृषि लागत घटेगी और उत्पादन ज्यादा हो सकेगा.

नोएडा | Updated On: 14 Jan, 2026 | 05:27 PM

फसलों के लिए सिंचाई की समस्या दूर करने के लिए मध्य प्रदेश सरकार ने सिंचाई परियोजनाओं के लिए 2598 करोड़ रुपये की मंजूरी दे दी है. इस फैसले से राज्य की 51 हजार हेक्टेयर से अधिक जमीन पर की जा रही खेती को पानी मिलने की सुविधा बेहतर हो जाएगी. सरकार का कहना है कि इससे फसल उत्पादन मात्रा बेहतर होगी और किसानों को लाभ मिलेगा. झिरमिटी मध्यम सिंचाई परियोजना, नावथा सिंचाई परियोजना के साथ ही नर्मदा सिंचाई प्रोजेक्ट के जरिए राज्य की खेती को भरपूर पानी उपलब्ध हो सकेगा. वहीं, खेती की लागत में भी कमी आएगी.

झिरमिटी सिंचाई परियोजना से 42 गांवों को मिलेगा पानी

मध्य प्रदेश सरकार ने बुरहानपुर जिले की खकनार तहसील की झिरमिटी मध्यम सिंचाई परियोजना लागत 922 करोड़ 91 लाख रुपये की प्रशासकीय स्वीकृति दी गई है. परियोजना से खकनार तहसील के 42 ग्रामों की 17 हजार 700 हेक्टेयर भूमि में सिंचाई उपलब्ध होगी, जिससे 11 हजार 800 किसान परिवारों को लाभ मिलेगा.

वहीं, बुरहानपुर जिले की नेपानगर तहसील की नावथा वृहद सिंचाई परियोजना लागत 1676 करोड़ 6 लाख रुपये की स्वीकृति दी गई है. इस परियोजना से खकनार तहसील के 90 ग्रामों की 34 हजार 100 हैक्टेयर भूमि में सिंचाई उपलब्ध होगी और 22 हजार 600 किसान परिवारों को लाभ मिलेगा. कहा गया है कि इन परियोजनाओं के जरिए किसानों की सिंचाई की दिक्कत दूर की जा रही है. वहीं, असिंचित इलाकों में कृषि उत्पादन में बढ़ोत्तरी देखी जा रही है.

22 जिलों के ग्रामीणों को मिलेंगे सड़क और पुल

मध्यप्रदेश ग्रामीण सड़क विकास प्राधिकरण की प्रधानमंत्री जनजाति आदिवासी न्याय महा अभियान (पीएम जनमन) योजना की 1 अप्रैल 2026 से 31 मार्च 2028 तक के लिए मंजूरी दे दी गई है. योजना में अनुमानित व्यय 795 करोड़ 45 लाख रुपये होगा. इसके तहत 1,039 किमी सड़क का निर्माण एवं 112 पुल निर्माण किया जायेगा. यह योजना 22 जिलों में निवास करने वाली 3 विशेष जनजाति बैगा, भारिया एवं सहरिया के लिए लागू है.

वहीं, मध्यप्रदेश ग्रामीण सड़क विकास प्राधिकरण की प्रधानमंत्री ग्रामीण सड़क योजना को 1 अप्रैल 2026 से 31 मार्च 2031 तक निरंतरता की स्वीकृति प्रदान की गई. योजनांतर्गत अनुमानित व्यय 17,196 करोड़ 21 लाख रुपये होगा. इसके तहत 20 हजार किमी सड़क और 1200 पुल का निर्माण किया जायेगा.

सिंचाई परियोजनाओं को पूरा करेगी नर्मदा बेसिन कंपनी

सिंचाई परियोजनाओं को नर्मदा बेसिन प्रोजेक्ट्स कंपनी लिमिटेड के माध्यम से वित्त पोषित करने की स्वीकृति दी गई है. सिंचाई परियोजनाओं के पूरा होने पर मिलने राजस्व, कंपनी की आय के रूप में शामिल किया जाएगा. कंपनी की ओर से वर्तमान में 2 परियोजनाएं वित्त पोषित की जा रही है, जिसमें नर्मदा क्षिप्रा बहुउद्‌देशीय परियोजना लागत 2,489 करोड़ 65 लाख रुपये और बदनावर माइक्रो लिफ्ट इरिगेशन परियोजना लागत 1,520 करोड़ 92 लाख रुपये शामिल हैं.

Published: 14 Jan, 2026 | 05:21 PM

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