उड़द दाल के लिए 600 रुपये बोनस की घोषणा, MSP से नीचे बिकी सरसों तो भरपाई करेगी सरकार

Urad MSP and Bonus: मुख्यमंत्री ने कहा कि उड़द दाल को हम तय समर्थन मूल्य पर खरीदेंगे और किसानों को बोनस राशि भी देंगे. बोनस घोषणा के बाद राज्य के किसानों को उड़द दाल के लिए सर्वाधिक भाव मिलेगा. वहीं, सरसों को भावांतर योजना में भी शामिल करने की घोषणा की गई है.

रिजवान नूर खान
नोएडा | Updated On: 27 Feb, 2026 | 04:55 PM

दलहन-तिलहन मिशन के तहत इन फसलों के उत्पादन के लिए किसानों को प्रोत्साहित किया जा रहा है. केंद्र सभी प्रमुख राज्यों को दलहन और तिलहन फसलों की खरीद के लिए मंजूरी भी दे दी है. अब मध्य प्रदेश सरकार राज्य के उड़द दाल उगाने वाले किसानों को प्रति क्विंटल 600 रुपये बोनस देने की घोषणा कर दी है. बीते सप्ताह जारी किए गए मध्य प्रदेश के बजट में दलहन-तिलहन समेत अन्य फसलों की खरीद के लिए प्रोत्साहन राशि के रूप में फंड की व्यवस्था की गई है. वहीं, एमएसपी से कम भाव पर सरसों की बिक्री होती है तो सरकार ने अंतर राशि की भरपाई करने का ऐलान किया है.

भोपाल मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने वर्तमान में चल रहे विधानसभा सत्र के दौरान सदन में किसान कल्याण वर्ष को लेकर सरकार की कटिबद्ध मंशा और इस संबंध में की जा रही कार्यवाहियों की जानकारी दी. मुख्यमंत्री ने कहा कि किसान हमारी अर्थव्यवस्था की रीढ़ हैं. उन्होंने कहा कि देश में ऐसा पहली बार हो रहा है कि मध्यप्रदेश सरकार ने दलहन फसल उड़द एवं तिलहन फसल सरसों के उत्पादन को बढ़ावा देने के लिए बड़ा कदम उठाया है.

उड़द दाल के लिए किसानों को मिलेगा 8400 रुपये का भाव

मुख्यमंत्री ने बताया कि उड़द को हम तय समर्थन मूल्य पर खरीदेंगे और किसानों को तय समर्थन मूल्य के अतिरिक्त खरीदी गई उड़द पर 600 रुपए प्रति क्विंटल बोनस राशि भी देंगे. बता दें कि केंद्र सरकार ने उड़द दाल के लिए 400 रुपये की बढ़ोत्तरी करके 7800 रुपये प्रति क्विंटल का भाव तय किया है. मध्य प्रदेश के उड़द किसानों को बोनस राशि जोड़कर 8400 रुपये प्रति क्विंटल का भाव मिलेगा.

एमएसपी से कम भाव पर सरसों सरसों बिकने पर पैसा देगी सरकार

मुख्यमंत्री ने कहा कि मध्यप्रदेश में सरसों का उत्पादन इस वर्ष 28 फसदी तक बढ़ गया है. इस वर्ष 3.38 मीट्रिक टन सरसों का उत्पादन होने की संभावना है. उन्होंने कहा कि सरसों की फसल को भावांतर योजना के दायरे में लिया गया है. इससे किसानों को अगर सरसों की उपज के लिए तय एमएसपी से कम भाव मिलता है तो अंतर वाली राशि का भुगतान राज्य सरकार करेगी. बता दें कि केंद्र सरसों के लिए 250 रुपये बढ़ाकर 6200 रुपये एमएसपी तय किया है.

सरसों भावांतर योजना के तहत पंजीयन 20 मार्च तक होंगे

सरसों फसल के लिए प्राइस डिफिसिट पेमेंट स्कीम (भावांतर योजना) अंतर्गत किसानों के पंजीयन की प्रक्रिया 26 फरवरी से शुरू होकर 20 मार्च तक संचालित की जाएगी. यह पंजीयन ई-उपार्जन पोर्टल के माध्यम से किसान कर सकते हैं. राज्य सरकार ने किसानों के लिए निशुल्क पंजीयन की व्यवस्था सहकारी समितियों, सहकारी विपणन संस्थाओं, ग्राम पंचायत, जनपद पंचायत एवं तहसील कार्यालयों में स्थापित सुविधा केंद्रों पर की है. अधिक जानकारी के लिए किसान जिला स्तरीय कंट्रोल रूम का दूरभाष क्रमांक 07592-299028 पर संपर्क कर सकते हैं.

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Published: 27 Feb, 2026 | 04:53 PM

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